फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Pakistan Has Not Taken Sufficient Measures to stop terrorism, Terror Watchdog FATF Report

पाकिस्तान को एफएटीएफ से मिला झटका, इमरान की कोशिशें हुईं बेकार

Mon, 07 Oct 2019 07:39 PM IST
अनिल पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अनिल पांडेय Updated Mon, 07 Oct 2019 07:39 PM IST
विज्ञापन
Pakistan Has Not Taken Sufficient Measures to stop terrorism, Terror Watchdog FATF Report
इमरान खान (फाइल फोटो) - फोटो : PTI

एशिया पैसिफिक ग्रुप (एपीजी) की रिपोर्ट से पाकिस्तान को करारा झटका लगा है। एपीजी की फाइनल रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान ने मनी लॉन्डरिंग और आतंकवाद के वित्त पोषण को लेकर संतोषजनक कदम नहीं उठाया है।

विज्ञापन


एपीजी ने मनी लॉन्डरिंग पर अपनी रिपोर्ट फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की समग्र बैठक से 10 दिन पहले जारी की है। इस बैठक में ही रिपोर्ट के आधार पर पाकिस्तान के ग्रे लिस्ट में बने रहने पर फैसला होना है।
विज्ञापन


एपीजी की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पाकिस्तान ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 1267 के तहत आतंकवादी संगठनों के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया है। इसको लेकर 13 और 18 अक्तूबर के बीच एफएटीएफ की बैठक होगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


कश्मीर मामले को लेकर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान पहले से ही अलग-थलग पड़े हैं। इस रिपोर्ट के बाद से इमरान की मुसीबतें और बढ़ सकती हैं। गौरतलब है कि 27 सितंबर को इमरान ने यूएन की आम सभा में कहा था कि भारत, पाक को एफएटीएफ की ब्लैकलिस्ट में डलवाने की कोशिश कर रहा है।

जून 2018 में पाकिस्तान का नाम ग्रे लिस्ट में आया था। उस समय चीन और तुर्की ने पाकिस्तान को ब्लैकलिस्ट में आने से बचने में मदद की थी। ग्रे लिस्ट में नाम आने से पाकिस्तान को हर साल लगभग 10 बिलियन डॉलर का नुकसान हो रहा है।

क्या है एफएटीएफ

एफएटीएफ एक अंतरराष्ट्रीय संस्था है, जिसकी स्थापना जी7 देशों की पहल पर 1989 में की गई थी। इसका मुख्यालय पेरिस में है। ये संस्था दुनिया भर में हो रही मनी लॉन्ड्रिंग से निपटने के लिए नीतियां बनाती है। 2001 में इसने अपनी नीतियों में चरमपंथ के वित्तपोषण को भी शामिल किया था।



इसके कुल 38 सदस्य देश हैं, जिनमें भारत, अमरीका, रूस, ब्रिटेन, चीन भी शामिल हैं। जून 2018 से पाकिस्तान दुनिया भर की मनी लॉन्ड्रिंग पर नजर रखने वाली संस्थाओं के निशाने पर है। चरमपंथियों को फंडिंग करने और मनी लॉन्ड्रिंग के खतरे को देखते हुए संस्था ने पाक को 'ग्रे लिस्ट' में डाल दिया था। ग्रे लिस्ट में पाक के अलावा सर्बिया, श्रीलंका, सीरिया, त्रिनिदाद, ट्यूनीशिया और यमन भी हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed