{"_id":"63a45c2d7ca82b1eab73e4e4","slug":"nepali-cop-who-caught-serial-killer-sobhraj-says-after-seeing-american-woman-dead-body-become-a-policeman","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ganesh KC: सीरियल किलर शोभराज को गिरफ्तार करने वाले अधिकारी ने बताया पूरा किस्सा, शव देखकर पुलिस बनने की ठानी","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Ganesh KC: सीरियल किलर शोभराज को गिरफ्तार करने वाले अधिकारी ने बताया पूरा किस्सा, शव देखकर पुलिस बनने की ठानी
Thu, 22 Dec 2022 09:52 PM IST
गुलाम अहमद
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
Published by: गुलाम अहमद
Updated Thu, 22 Dec 2022 09:52 PM IST
सार
सीरियल किलर शोभराज ने 1976 में नेपाल में दो पर्यटकों की हत्या की थी। इस घटना के 27 साल बाद पुलिस अधिकारी गणेश को उसे पकड़ने का काम सौंपा गया था। गणेश ने 2003 में शोभराज को गिरफ्तार किया था। हालांकि, वह शोभराज की जल्द रिहाई से खुश हैं।
विज्ञापन
Charles Sobhraj
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
वर्ष 2003 में कुख्यात फ्रांसीसी सीरियल किलर चार्ल्स शोभराज को गिरफ्तार करने में अहम भूमिका निभाने वाले नेपाल पुलिस के पूर्व अधिकारी गणेश के.सी. ने कई खुलासे किए हैं। गणेश ने गुरुवार को कहा कि उन्होंने बचपन में एक नदी में अमेरिकी महिला पर्यटक की अधजली लाश देखी थी, इस घटना ने उन्हें जासूस बनने के लिए प्रेरित किया।
विज्ञापन
गणेश 2003 में उप-पुलिस अधीक्षक थे और उन्होंने काठमांडू के एक कसीनो से शोभराज को पकड़ा था। तब उनकी उम्र 40 वर्ष थी। नेपाल के सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को 78 वर्षीय शोभराज को रिहा करने का आदेश दिया, जो हत्या के आरोप में करीब दो दशक से काठमांडू की जेल में बंद है।
विज्ञापन
नेपाली सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद गणेश ने कहा, मैं मुश्किल से 12 साल का था, जब मैंने काठमांडू में मनहारा नदी के पास लोगों को अमेरिकी पर्यटक कोनी जो ब्रोंजिच के शव को देखा था, जिसे शोभराज ने मार डाला था।
विज्ञापन
शोभराज ने 1976 में ब्रोंजिच और उनके कनाडाई दोस्त लॉरेंट की हत्या कर दी थी। इस घटना के 27 साल बाद गणेश को सीरियल किलर को पकड़ने का काम सौंपा गया था। गणेश ने शोभराज की गिरफ्तारी से संबंधित घटनाओं को विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि शोभराज एक डॉक्यूमेंट्री फिल्म की शूटिंग के बहाने काठमांडू आया था। उसे दरबारमार्ग में रॉयल कैसीनो के पास देखा गया और द हिमालयन टाइम्स अखबार ने उसकी तस्वीर प्रकाशित की थी। इस तस्वीर ने काठमांडू पुलिस को शोभराज की तलाशी शुरू करने के लिए प्रेरित किया।
होटल की रजिस्ट्री में दर्ज हस्ताक्षर बना सबूत
उन्होंने कहा कि हमारे पास दोहरे हत्याकांड में शोभराज को आरोपी बनाने के लिए कोई ठोस सबूत नहीं था। पुलिस ने पहले उसे आव्रजन कानून का उल्लंघन करने के आरोप में गिरफ्तार किया, फिर सबूतों के आधार पर उस पर हत्या का आरोप लगाया गया, जिसमें होटल की रजिस्ट्री में उसके हस्ताक्षर भी शामिल थे। पूर्व पुलिस अधिकारी गणेश ने कहा कि हमें पर्यटकों की हत्या के लगभग तीन दशक बाद शोभराज को गिरफ्तार करने पर गर्व है। उन्होंने कहा कि नेपाल में उसकी गिरफ्तारी देश की मजबूत आपराधिक न्यायिक प्रणाली को दर्शाती है।
दो अलग-अलग क्षेत्रों में पर्यटकों की थी हत्या
शोभराज के खिलाफ दो मामले दर्ज थे - एक काठमांडू जिला अदालत में और दूसरा भक्तपुर जिला अदालत में, क्योंकि उसने दो अलग-अलग क्षेत्रों में पर्यटकों की हत्या की थी। शोभराज ने पर्यटकों की हत्या करने के आरोपों से इनकार किया था। उसके वकीलों ने कहा कि शोभराज के खिलाफ आरोप धारणा पर आधारित थे।
गणेश ने बताया कि शोभराज ने दोनों पर्यटकों के गहने पाने के लिए उनकी हत्या की थी। सालों बाद शोभराज को गिरफ्तार करने के लिए मृतकों के परिजनों ने गणेश की तारीफ की थी।
शोभराज की जल्द रिहाई से खुश हैं गणेश
गणेश का कहना है कि वह शोभराज की जल्द रिहाई से खुश हैं। उन्होंने कहा, वरिष्ठ नागरिक होने के नाते शोभराज की जल्द रिहाई के बारे में जानकर मुझे खुशी हुई। यह बताता है कि हम वरिष्ठ नागरिकों के प्रति कितने संवेदनशील हैं और यह मानवाधिकारों के प्रति हमारे दृढ़ विश्वास को प्रदर्शित करता है।
नेपाल जेल से रिहाई में एक दिन की देरी
भारतीय और वियतनामी माता-पिता के फ्रांसीसी संतान चार्ल्स शोभराज को नेपाल की जेल में और एक दिन गुजारना होगा, क्योंकि आव्रजन अधिकारियों ने कुख्यात ‘सीरियल किलर’ के रहने का इंतजाम करने में अक्षमता जताई है।