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नेपाल: देउबा मंत्रिमंडल की पहली बैठक, राष्ट्रपति भंडारी से 18 जुलाई को संसद सत्र बुलाने की सिफारिश

Thu, 15 Jul 2021 04:31 PM IST
सुरेंद्र जोशी वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडो
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडो Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Thu, 15 Jul 2021 04:31 PM IST
सार

नेपाली सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर गठित शेरबहादुर देउबा मंत्रिमंडल की पहली बैठक गुरुवार को हुई। इसमें राष्ट्रपति से बहाल संसद की बैठक बुलाने का आग्रह किया गया। 
 

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Nepal: First meeting of Deuba cabinet, recommendation to President Bidya Devi Bhandari to convene Parliament session
sher bahadur deuba - फोटो : pti

विस्तार

नेपाली सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर प्रधानमंत्री बने शेरबहादुर देउबा मंत्रिमंडल की पहली बैठक गुरुवार को हुई। इसमें राष्ट्रपति बिद्या देवी भंडारी से सिफारिश की गई कि वे बहाल की गई देश की प्रतिनिधि सभा (संसद) की 18 जुलाई को बैठक बुलाएं। 

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बता दें, नेपाली कांग्रेस के अध्यक्ष शेर बहादुर देउबा मंगलवार को पांचवीं बार देश के प्रधानमंत्री बने हैं। शपथ लेने के तुरंत बाद ही देउबा ने लघु मंत्रिमंडल का गठन किया। मंत्रिमंडल में केवल पांच मंत्री हैं। इससे पहले राष्ट्रपति विद्या देवी भंडारी ने संविधान के अनुच्छेद 76(5) के तहत उन्हें प्रधानमंत्री नियुक्त किया। यह पांचवीं बार है जब देउबा (74) ने नेपाल के प्रधानमंत्री के तौर पर सत्ता में वापसी की है। उनकी नियुक्ति नेपाल की सुप्रीम कोर्ट द्वारा सोमवार को दिए गए फैसले के अनुरूप है। शीर्ष कोर्ट ने के पी शर्मा ओली को पीएम पद से हटाते हुए प्रधानमंत्री पद के लिए देउबा के दावे पर मुहर लगाई थी।



एक माह में विश्वास मत साबित करना होगा
संवैधानिक प्रावधान के तहत प्रधानमंत्री के तौर पर नियुक्ति के बाद देउबा को 30 दिनों के अंदर संसद में विश्वास मत हासिल करना होगा। देउबा द्वारा संसद की बैठक बुलाने की सिफारिश संभवत: बहुमत साबित करने के इरादे से ही की गई है।

नेपाल के उच्चतम न्यायालय ने प्रधानमंत्री ओली के 21 मई के संसद की प्रतिनिधि सभा को भंग करने के फैसले को रद्द कर दिया था और देउबा को प्रधानमंत्री नियुक्त करने का आदेश दिया था। प्रधान न्यायाधीश चोलेंद्र शमशेर राणा के नेतृत्व वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने कहा था कि प्रधानमंत्री के पद पर ओली का दावा असंवैधानिक है।

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