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सिंगापुर में 3.61 करोड़ डॉलर के तेल के गबन में शामिल भारतीय दोषी घोषित
Wed, 16 Dec 2020 04:04 AM IST
Kuldeep Singh
एजेंसी, सिंगापुर
एजेंसी, सिंगापुर
Published by: Kuldeep Singh
Updated Wed, 16 Dec 2020 04:04 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला।
एक 40 वर्षीय भारतीय नागरिक मंगलवार को सिंगापुर की एक बहुराष्ट्रीय रिफाइनरी में 3.61 करोड़ यूएस डॉलर का गैस ऑयल का गबन करने के आरोप में दोषी घोषित किया गया। आरोपी सदागोपन प्रेमनाथ को अब फरवरी में इस अपराध के लिए सजा सुनाई जाएगी।
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साल 2017-18 के मामले में रॉयल-डच शैल ईर्स्टर्न पेट्रोलियम से जुड़े अपराध में कई अन्य कर्मचारी भी हैं शामिल
प्रेमनाथ ने 2017-18 में उस समय इस अपराध को अंजाम दिया था, जब वह पुलाऊ बुकॉम द्वीप पर रॉयल-डच शैल ईस्टर्न पेट्रोलियम में काम कर रहा था। इस घपले में कंपनी के कई अन्य कर्मचारी भी शामिल थे, जिनमें से कई को सजा हो चुकी है। चैनल न्यूज एशिया की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रेमनाथ को कुल नौ आरोपों में दोषी माना गया है। प्रेमनाथ पहला शैल कर्मचारी है, जिसने इस घपले में अपने ऊपर लगे आरोपों को स्वीकार किया है।
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यह घपला शैल पुलाऊ बुकॉम निर्माण साइट पर किया गया, जो क्रूड ऑयल आसवन क्षमता के लिहाज से कंपनी का विश्व में सबसे बड़े मालिकाना हक वाला संयंत्र है। साथ ही यह पेट्रोकैमिकल उत्पादन और निर्यात केंद्र के तौर पर एशिया पैसेफिक क्षेत्र में सबसे बड़ा भी है। प्रेमनाथ ने 2012 में कंपनी में फील्डमैन के तौर पर करना शुरू किया था। लेकिन गैस ऑयल की घपलेबाजी 2007 में ही शुरू हो चुकी थी।
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इस मामले में शामिल शैल कंपनी के दो कर्मचारी जुआंडी पुंगॉत और अब्दुल लतीफ इब्राहिम ने करीब 11 साल तक इस घपले को अंजाम देते हुए कई अन्य लोगों को भी इसमें शामिल किया था। प्रेमनाथ की नियुक्ति जुआंडी ने की थी और उसे 2017 के मध्य में इस सिंडिकेट में शामिल किया गया था।
उसे चोरी का तेल टैंकरों में भरने के लिए वॉल्व खोलने और बंद करने की जिम्मेदारी दी गई थी। इसके लिए उसे 1.5 लाख यूएस डॉलर दिए गए थे। अगस्त, 2017 में शैल कंपनी ने चोरी पकड़ में आने के बाद पुलिस में एफआईआर की थी। इसके बाद सभी को दबोच लिया गया।