फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Indian students begin turning away from UK universities for Master courses

UK: ब्रिटेन से भारतीय छात्रों का हो रहा मोहभंग, उच्च शिक्षा के लिए जाने वालों की संख्या में आई बड़ी गिरावट

Thu, 23 May 2024 09:30 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लंदन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लंदन Published by: नितिन गौतम Updated Thu, 23 May 2024 09:30 PM IST
सार

ब्रिटिश पीएम ऋषि सुनक अपने चुनाव अभियान में अप्रवासन पर लगाम को मुख्य मुद्दा बना रहे हैं। ऐसे में भारतीय छात्रों की संख्या में कमी ब्रिटेन के लिए चिंताजनक बात है। खासकर उन विश्वविद्यालयों के लिए यह ज्यादा चिंताजनक है, जो विदेशी छात्रों से मिलने वाली फीस पर निर्भर करते हैं। 

विज्ञापन
Indian students begin turning away from UK universities for Master courses
ब्रिटेन में भारतीय छात्रों की संख्या में कमी - फोटो : पीटीआई

विस्तार

उच्च शिक्षा के लिए ब्रिटेन जाने वाले भारतीय छात्रों की संख्या में गिरावट आ रही है। गुरुवार को जारी हुए आंकड़ों के अनुसार, बीते साल के मुकाबले इस साल भारत से उच्च शिक्षा के लिए ब्रिटेन जाने वाले छात्रों की संख्या में अच्छी खासी गिरावट आई है। ब्रिटेन के गृह विभाग के तहत आने वाले नेशनल स्टैटिस्टिक्स के आंकड़ों के अनुसार, दिसंबर 2023 तक उच्च शिक्षा के लिए ब्रिटेन आने वाले भारतीय छात्रों की संख्या में 21 हजार की कमी आई है। यह 2022 की तुलना में कुल अप्रवासन में 10 प्रतिशत की गिरावट है। 
विज्ञापन


ब्रिटिश विश्वविद्यालयों के लिए भी भारतीय छात्र अहम
ब्रिटिश पीएम ऋषि सुनक अपने चुनाव अभियान में अप्रवासन पर लगाम को मुख्य मुद्दा बना रहे हैं। ऐसे में भारतीय छात्रों की संख्या में कमी ब्रिटेन के लिए चिंताजनक बात है। खासकर उन विश्वविद्यालयों के लिए यह ज्यादा चिंताजनक है, जो विदेशी छात्रों से मिलने वाली फीस पर निर्भर करते हैं। आंकड़ों के अनुसार, मार्च 2024 तक भारतीय छात्रों को 1,16,455 छात्र वीजा जारी किए गए थे, जो कि कुल छात्र वीजा का 26 प्रतिशत है। पिछले साल के मुकाबले ये 21,717 कम हैं। ब्रिटेन जाने वाले अधिकतर छात्र मास्टर डिग्री की पढ़ाई करने जाते हैं। 
विज्ञापन


ब्रिटेन जाने वालों में भारतीय सबसे ज्यादा
भारतीय छात्रों की संख्या में कमी, तब आई है, जब ब्रिटेन की सरकार ने वीजा आवेदकों के परिजनों, पत्नी और बच्चों को लाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। ऋषि सुनक सरकार ग्रेजुएट रूट वीजा पर भी रोक लगाने पर विचार कर रही है, जिसका विश्वविद्यालयों द्वारा भी विरोध किया जा रहा है। ग्रेजुएट रूट वीजा योजना के तहत मार्च 2024 तक 64,372 भारतीय छात्रों को वीजा मिला, जो कि इस योजना के तहत मिले कुल वीजा की संख्या का आधा है। साल 2023 में दिसंबर तक ब्रिटेन जाने वाले भारतीयों की कुल संख्या ढाई लाख थी, भारत के बाद नाइजीरिया (1,41,000), चीनी (90,000), पाकिस्तानी (83,000), जिंबाब्वे (36,000) के नागरिकों का नंबर आता है। साल 2023 में ब्रिटेन में कुल 10 लाख अप्रवासी पहुंचे थे, जिनमें से 5,32,000 वापस लौट गए थे। 
विज्ञापन
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed