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Canada: भारतीय मूल की डॉक्टर को पड़ी दो करोड़ रुपयों की जरूरत, मदद को आगे आए एलन मस्क; जानें पूरा मामला

Thu, 28 Mar 2024 08:57 AM IST
काव्या मिश्रा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ओटावा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ओटावा Published by: काव्या मिश्रा Updated Thu, 28 Mar 2024 08:57 AM IST
सार

कनाडा में इम्यूनोलॉजी और पीडियाट्रिक्स की विशेषज्ञ डॉक्टर गिल कोविड से संबंधित पोस्ट करके कानूनी पचड़े में फंस गई हैं। उन्हें कानूनी लड़ाई के लिए 1,83,75,078 रुपये की जरूरत है।

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Indian-Origin Doctor Needs two Crore rupees For Legal Fees. Elon Musk Responds
Elon musk - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

साल 2020 को कभी नहीं भूलाया जा सकता है, जब कोरोना महामारी के कारण पूरी दुनिया ठहर गई थी। हर तरफ सिर्फ शव ही शव थे। आए दिन दुनिया में लाखों लोगों की मौत हो रही थी। तब सरकार ने कोरोना से बचाव के टीके का हल निकाला और वहीं लॉकडाउन भी लगा दिया। हालांकि, इसका भारतीय मूल की डॉक्टर कुलविंदर कौर गिल ने विरोध किया था। उन्होंने सरकार की ओर से लगाए गए लॉकडाउन और टीकाकरण के आदेश के खिलाफ बात की थी। उनके इस रुख के चलते उन्हें चिकित्सा संस्थानों की ओर से मुकदमों और एक्स (ट्विटर) के पिछले प्रबंधन द्वारा सेंसरशिप का सामना करना पड़ा। 

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कोविड से संबंधित पोस्ट करके कानूनी पचड़े में फंसीं
कनाडा में इम्यूनोलॉजी और पीडियाट्रिक्स (शिशु चिकित्सा) की विशेषज्ञ डॉक्टर गिल कोविड से संबंधित पोस्ट करके कानूनी पचड़े में फंस गई हैं। उन्हें कानूनी लड़ाई के लिए 300,000 कैनेडियन डॉलर (1,83,75,078 रुपये) की जरूरत है। इसे जुटाने के लिए उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि, इस बीच उनके लिए एक अच्छी खबर आई है। उन्हें एक्स से समर्थन मिला है, जिसने उनके खर्चों को उठाने का वादा किया है।
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एलन मस्क का बयान
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स ने डॉक्टर गिल का पक्ष लेते हुए एक बयान जारी किया। एक्स ने कहा, 'गिल कोविड लॉकडाउन के प्रयासों और सार्वजनिक टीकाकरण के आदेश के विरोध में कनाडा और ओंटारियो की सरकार के खिलाफ खुलकर ट्वीटर पर बोलीं थीं। इसलिए उन्हें मीडिया द्वारा परेशान किया गया। वहीं, पूर्व ट्विटर प्रबंधन द्वारा सेंसर किया गया था। इतना ही नहीं, ओंटारियों के कॉलेज ऑफ फिजिशियन और सर्जन द्वारा जांच और कार्रवाई के तहत उनके स्थायी सार्वजनिक रिकॉर्ड में सावधान शब्द जोड़ दिया गया था।'
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बयान में आगे कहा गया, 'जब एलन मस्क को इस सप्ताह की शुरुआत में कानूनी फीस का भुगतान करने के लिए गिल के क्राउडफंडिंग अभियान के बारे में पता चला तो उन्होंने मदद करने का वादा किया। एक्स अब डॉक्टर गिल की बाकी कानूनी प्रक्रिया के लिए फंडिंग करेगा ताकि वे फीस और आदेश से जुड़े 300,000 डॉलर चुका सकें।'

गिल ने किया था यह पोस्ट
रिपोर्ट के अनुसार, कानूनी कार्यवाही के कारण डॉक्टर गिल की जीवन भर की बचत खत्म हो गई है और उन पर भारी कर्ज हो गया है। भारतीय मूल की डॉक्टर वैक्सीनेशन की मुखर आलोचक रही हैं। उन्होंने अगस्त, 2020 में एक पोस्ट किया था, जिसमें लिखा था, 'अगर आपको अभी तक पता नहीं चला है कि हमें वैक्सीन की जरूरत नहीं है, तो आप ध्यान नहीं दे रहे हैं। हैशटेग फैक्ट्स नॉट फियर (#FactsNotFear)।
 

उनकी पोस्ट की चिकित्सा से जुड़े लोगों ने आलोचना की थी। वहीं मीडिया में भी कई लोगों ने उनके खिलाफ तीखी बयानबाजी की थी। डॉ गिल ने 23 डॉक्टरों, पत्रकारों और समाचार आउटलेट्स पर मुकदमा दायर किया था। इन लोगों पर मानहानि का मुकदमा दायर किया था। हालांकि, एक जज ने सार्वजनिक भागीदारी के खिलाफ रणनीतिक मुकदमा विरोधी कानून (anti-SLAPP) का हवाला देते हुए मुकदमा खारिज कर दिया था। इसमें कहा गया था कि डॉक्टर गिल का इरादा सार्वजनिक मंच पर अपने आलोचकों की आवाजों को दबाना था। डॉ गिल को प्रतिवादियों के कानूनी खर्चों का भुगतान का निर्देश दिया गया था। 

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