{"_id":"661f8e3fa61db38df408eb80","slug":"indian-army-meeting-of-army-chiefs-of-india-uzbekistan-hi-tech-lab-inaugurated-2024-04-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Indian Army: भारत-उज्बेकिस्तान के सेना प्रमुख की बैठक, हाईटेक लैब का किया उद्घाटन","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Indian Army: भारत-उज्बेकिस्तान के सेना प्रमुख की बैठक, हाईटेक लैब का किया उद्घाटन
Wed, 17 Apr 2024 02:24 PM IST
मेघा झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: मेघा झा
Updated Wed, 17 Apr 2024 02:24 PM IST
सार
भारत के सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने 15-18 अप्रैल तक उज्बेकिस्तान की यात्रा पर गए हैं। इस दौरान उन्होंने उज्बेक सशस्त्र बल अकादमी में उच्च तकनीक आईटी प्रयोगशाला का उद्घाटन भी किया।
विज्ञापन
भारत और उज्बेकिस्तान सेना प्रमुख की बैठक
- फोटो : एएनआई
विस्तार
भारत के सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने 15-18 अप्रैल तक उज्बेकिस्तान की यात्रा पर गए हैं। इस दौरान उन्होंने उज्बेक सशस्त्र बल अकादमी में उच्च तकनीक आईटी प्रयोगशाला का उद्घाटन भी किया।
दरअसल भारत और उज्बेकिस्तान अपने संबंधों को मजबूत के दिशा में प्रयास कर रहा है। उसी कोशिश में दोनों ही देशों के सेना प्रमुख की बैठक आयोजत हुई। इस दौरान कई विषयों पर चर्चा की गई। बता दें कि सितंबर 2018 में दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों की बैठक हो चुकी थी। सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने कहा कि रक्षा मंत्रियों की बैठक दोनों देशों के रक्षा सहयोग के लिए मील का पत्थर होगी। उन्होंने कहा कि बताया कि रक्षा मंत्रियों की बैठक में आईटी लैब स्थापना पर चर्चा की गई थी। 2019 में इस योजना को मंजूरी मिली।
विदेश मंत्रालय की यूरेशिया की सहायता के माध्यम से स्वीकृत किया गया। लैब की स्थापना को लेकर 6.5 करोड़ से अधिक का बजट का प्रस्ताव भेजा गया था। बाद में इसके लिए 8.5 करोड रूपये आवंटित किए गए। इस लैब को बनाने के लिए भारतीय फर्म को कांट्रैक्ट मिला था। समय से इसे पूरा कर दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
दरअसल भारत और उज्बेकिस्तान अपने संबंधों को मजबूत के दिशा में प्रयास कर रहा है। उसी कोशिश में दोनों ही देशों के सेना प्रमुख की बैठक आयोजत हुई। इस दौरान कई विषयों पर चर्चा की गई। बता दें कि सितंबर 2018 में दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों की बैठक हो चुकी थी। सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने कहा कि रक्षा मंत्रियों की बैठक दोनों देशों के रक्षा सहयोग के लिए मील का पत्थर होगी। उन्होंने कहा कि बताया कि रक्षा मंत्रियों की बैठक में आईटी लैब स्थापना पर चर्चा की गई थी। 2019 में इस योजना को मंजूरी मिली।
विज्ञापन
विदेश मंत्रालय की यूरेशिया की सहायता के माध्यम से स्वीकृत किया गया। लैब की स्थापना को लेकर 6.5 करोड़ से अधिक का बजट का प्रस्ताव भेजा गया था। बाद में इसके लिए 8.5 करोड रूपये आवंटित किए गए। इस लैब को बनाने के लिए भारतीय फर्म को कांट्रैक्ट मिला था। समय से इसे पूरा कर दिया गया।
विज्ञापन