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अफगानिस्तान संकट: संयुक्त राष्ट्र में भारत ने जताई चिंता, कहा- आतंकवाद से सख्ती से निपटा जाए
Tue, 17 Aug 2021 01:00 AM IST
Jeet Kumar
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, संयुक्त राष्ट्र
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, संयुक्त राष्ट्र
Published by: Jeet Kumar
Updated Tue, 17 Aug 2021 01:00 AM IST
सार
- यूएन में भारतीय राजदूत टीएस तिरुमूर्ति ने बच्चों और महिलाओं की चिंता जाहिर की
- तालिबान संकट से पहले भारत अफगानिस्तान में करीब 30 से ज्यादा प्रांतों में अपनी विकास परियोजनाएं चला रहा था
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टीएस तिरुमूर्ति, भारतीय राजदूत, संयुक्त राष्ट्र महासभा
- फोटो : ANI
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विस्तार
अफगानिस्तान में तालिबान के कब्जे के बाद अफगान नागरिकों में काफी अफरा-तफरी का माहौल है। इसे लेकर भारत ने चिंता जताई है। सोमवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में भारत ने दुनिया से अपील की है कि अफगानिस्तान में तुरंत हिंसा को रोका जाए।
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यूएन में भारतीय राजदूत टीएस तिरुमूर्ति ने बच्चों और महिलाओं की चिंता करते हुए कहा कि उनके दिल में काफी डर है। पड़ोसी देश इससे चिंतित हैं कि अब अफगानिस्तान धरती का उपयोग आतंकवाद के लिए ना होने दिया जाए।
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तिरुमूर्ति ने कहा कि यदि आतंकवाद के सभी स्वरूपों के लिए जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि अफगानिस्तान की जमीन का इस्तेमाल आतंकी समूहों को दूसरे देशों को धमकाने या हमले के लिए ना करने दिया जाए, तभी अफगानिस्तान के पड़ोसी और क्षेत्र सुरक्षित महसूस करेंगे।
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तिरुमूर्ति ने काबुल एयरपोर्ट पर मचे हड़कंप पर कहा कि हमने काबुल में हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर दुर्भाग्यपूर्ण दृश्यों को देखा है। लोगों में काफी बेचैनी है। महिलाएं और बच्चे तनाव में हैं। एयरपोर्ट सहित शहर में फायरिंग की घटनाओं की सूचना है।
इस संकट के पहले भारत अफगानिस्तान में करीब 30 से ज्यादा प्रांतों में अपनी विकास परियोजनाएं चला रहा था। चिंता की बात तो ये है अब ये विकास कार्य आगे नहीं चल पाएंगे। वहीं अब भारत ने सभी से कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील है।