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दुनिया का ऐसा देश जहां हर कोई जानता है हथियार चलाना, सबको होना पड़ता है सेना में भर्ती

Sun, 22 Jul 2018 11:45 AM IST
वर्ल्ड डेस्क, अमर अजाल
वर्ल्ड डेस्क, अमर अजाल Updated Sun, 22 Jul 2018 11:45 AM IST
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Know about the country where every person equally participate in Army

आज हम आपको दुनिया के एक ऐसे देश के बारे में बताने जा रहे हैं जहां न केवल पुरुष बल्कि महिलाएं भी हथियार चलाना जानती हैं। यहां रहने वाले हर व्यक्ति के लिए हथियार चलाने की ट्रेनिंग लेना अनिवार्य होता है। इस देश का नाम है इजरायल जो कि मध्यपूर्व में स्थित है। यह देश विश्व राजनीति और इतिहास की दृष्टि से बहुत आवश्यक है।

1948 में हुआ जन्म

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इजरायल का जन्म साल 1948 में फिलिस्तीन के बंटवारे के बाद हुआ। यह दुनिया का अकेला यहूदी देश है।  70 साल बाद यह देश एक यहूदी राष्ट्र घोषित किया गया है। इजरायल की संसद में 19 जुलाई, 2018 को ही ये कानून पारित हुआ। कानून के पारित होने के बाद कहा जा रहा है कि इससे यहां रहने वाले अरब नागरिकों के साथ बड़े स्तर पर भेदभाव होगा।

15 साल की उम्र के बाद आर्मी ट्रेनिंग जरूरी

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इस देश में 15 साल की उम्र से बच्चों की आर्मी ट्रेनिंग शुरू हो जाती है। हाई स्कूल की पढ़ाई के बाद उनके लिए आर्मी सर्विस से जुड़ना जरूरी होता है। यहां लड़कों को 2 साल जबकि लड़कियों के 3 साल तक सेना में काम करना होता है। इसी कारण यहां के हर परिवार को हथियार चलाने आते हैं। महिलाएं भी अपने साथ हथियार लेकर चलती हैं।

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देश की आबादी

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इस देश की कुल आबादी 85 लाख है। यह दुनिया का एकमात्र यहूदी देश है। बता दें इसके जन्म से पहले जब ये फिलिस्तीन में शामिल था तब यहां 87 फीसदी मुस्लिम, 10 फीसदी ईसाई और 3 फीसदी यहूदी लोग रहते थे। लेकिन अब यहां रहने वाली 74 फीसदी आबादी यहूदियों की है।

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यहूदी जब चाहें यहां आ सकते हैं

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इस देश में यहूदियों को काफी छूट दी गई है। 70 साल बाद पारित हुआ कानून भी यही कहता है कि यह देश यहूदियों की मातृ भूमि है और वह चाहे किसी भी देश में क्यों न रहते हों जब चाहे यहां आकर बस सकते हैं।

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