{"_id":"6776cd5135b7e354680cf8dd","slug":"grain-from-ukraine-volodymyr-zelenskyy-sets-up-fund-for-stabilising-syria-news-in-hindi-2025-01-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ukraine: सीरिया की मदद के लिए आगे आए यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की; 'यूक्रेन से अनाज' कोष की स्थापना की","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Ukraine: सीरिया की मदद के लिए आगे आए यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की; 'यूक्रेन से अनाज' कोष की स्थापना की
Thu, 02 Jan 2025 11:02 PM IST
पवन पांडेय
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कीव
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कीव
Published by: पवन पांडेय
Updated Thu, 02 Jan 2025 11:02 PM IST
सार
संक्रटग्रस्त सीरिया की मदद के लिए यूक्रेन ने हाथ आगे बढ़ाए हैं। बता दें कि यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने एक कोष की स्थापना की है, जिसका उद्देश्य सीरिया में सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता प्रदान करना है।
विज्ञापन
वोलोडिमिर जेलेंस्की, यूक्रेन के राष्ट्रपति
- फोटो : ANI
विस्तार
संकटग्रस्त सीरिया की मदद के लिए यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने 'यूक्रेन से अनाज' नामक एक कोष शुरू करने की घोषणा की है। जिसका उद्देश्य सीरिया में सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता प्रदान करना है। यह घोषणा यूक्रेनी राष्ट्रपति की तरफ से गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा की गई है।
'सीरिया को स्थिर करने के लिए हर संभव प्रयास'
उन्होंने कहा, 'मैंने यूक्रेन के विदेश मंत्री और कृषि नीति मंत्री से उनकी सीरिया यात्रा की रिपोर्ट प्राप्त की। दमिश्क में हुई बातचीत और उसके परिणाम, साथ ही सुरक्षा और आर्थिक संभावनाओं पर चर्चा हुई। यूक्रेन, सीरिया को स्थिर करने के लिए हर संभव प्रयास का समर्थन करेगा। हम 'यूक्रेन से अनाज' कार्यक्रम शुरू करेंगे ताकि सीरियाई प्रशासन और अन्य इच्छुक साझेदारों के साथ सहयोग कर सकें। हम यूरोप और अमेरिका के साथ मिलकर इस पहल को अधिकतम समर्थन देंगे। मध्य पूर्व में स्थिरता का मतलब सभी साझेदारों के लिए अधिक शांति और व्यापार के अवसर हैं।'
पहली मदद की घोषणा
इस कोष की पहली किस्त का एलान यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबीहा की सीरिया यात्रा के दौरान किया गया। 30 दिसंबर को, यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबीहा ने दमिश्क में सीरियाई प्रशासन के नेताओं, राष्ट्रपति अहमद अल-शराआ, प्रधानमंत्री मोहम्मद अल-बशीर, और विदेश मंत्री असद हसन अल-शैबानी के साथ बैठक की। यूक्रेनी विदेश मंत्रालय ने यह जानकारी दी। सिबीहा ने कहा, 'हम सीरियाई जनता की मदद करने के लिए तैयार हैं, क्योंकि यूक्रेन स्थिर सीरिया और परस्पर लाभकारी सहयोग के विकास में रुचि रखता है।'
विज्ञापन
500 टन आटे की सहायता
विदेश मंत्री सिबीहा ने 'यूक्रेन से अनाज' मानवीय कार्यक्रम के तहत सीरिया को 500 टन यूक्रेनी आटा देने की घोषणा की। यूक्रेनी विदेश मंत्रालय ने बताया कि यह आटा 33 हजार सीरियाई परिवारों या 1,67,000 लोगों की एक महीने की जरूरत पूरी करने के लिए पर्याप्त होगा। सिबीहा ने कहा, 'यह पहली बार मुफ्त मानवीय सहायता भेजी जा रही है। हम आगे भी अधिक सहायता देने के लिए तैयार हैं।'
विज्ञापन
'सीरिया को स्थिर करने के लिए हर संभव प्रयास'
उन्होंने कहा, 'मैंने यूक्रेन के विदेश मंत्री और कृषि नीति मंत्री से उनकी सीरिया यात्रा की रिपोर्ट प्राप्त की। दमिश्क में हुई बातचीत और उसके परिणाम, साथ ही सुरक्षा और आर्थिक संभावनाओं पर चर्चा हुई। यूक्रेन, सीरिया को स्थिर करने के लिए हर संभव प्रयास का समर्थन करेगा। हम 'यूक्रेन से अनाज' कार्यक्रम शुरू करेंगे ताकि सीरियाई प्रशासन और अन्य इच्छुक साझेदारों के साथ सहयोग कर सकें। हम यूरोप और अमेरिका के साथ मिलकर इस पहल को अधिकतम समर्थन देंगे। मध्य पूर्व में स्थिरता का मतलब सभी साझेदारों के लिए अधिक शांति और व्यापार के अवसर हैं।'
विज्ञापन
पहली मदद की घोषणा
इस कोष की पहली किस्त का एलान यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबीहा की सीरिया यात्रा के दौरान किया गया। 30 दिसंबर को, यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबीहा ने दमिश्क में सीरियाई प्रशासन के नेताओं, राष्ट्रपति अहमद अल-शराआ, प्रधानमंत्री मोहम्मद अल-बशीर, और विदेश मंत्री असद हसन अल-शैबानी के साथ बैठक की। यूक्रेनी विदेश मंत्रालय ने यह जानकारी दी। सिबीहा ने कहा, 'हम सीरियाई जनता की मदद करने के लिए तैयार हैं, क्योंकि यूक्रेन स्थिर सीरिया और परस्पर लाभकारी सहयोग के विकास में रुचि रखता है।'
विज्ञापन
500 टन आटे की सहायता
विदेश मंत्री सिबीहा ने 'यूक्रेन से अनाज' मानवीय कार्यक्रम के तहत सीरिया को 500 टन यूक्रेनी आटा देने की घोषणा की। यूक्रेनी विदेश मंत्रालय ने बताया कि यह आटा 33 हजार सीरियाई परिवारों या 1,67,000 लोगों की एक महीने की जरूरत पूरी करने के लिए पर्याप्त होगा। सिबीहा ने कहा, 'यह पहली बार मुफ्त मानवीय सहायता भेजी जा रही है। हम आगे भी अधिक सहायता देने के लिए तैयार हैं।'