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Gaza Ceasefire: हमास ने 8 और बंधक छोड़े, इस्राइल ने भी रिहा किए 110 फलस्तीनी कैदी
Thu, 30 Jan 2025 06:36 PM IST
ज्योति भास्कर
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: ज्योति भास्कर
Updated Thu, 30 Jan 2025 06:36 PM IST
सार
पश्चिम एशिया में 15 महीने लंबे हिंसक संघर्ष के बाद जगी शांति की उम्मीदों के बीच हमास ने आज आठ बंधकों को रिहा किया। हमास ने इस्राइल के दो, जबकि पांच थाईलैंड के नागरिकों को मुक्त किया है। हमास इससे पहले भी इस्राइल के चार महिला सैनिकों समेत कई बंधकों को रिहा कर चुका है। जवाब में इस्राइल ने भी 110 फलस्तीनी कैदी रिहा किए हैं।
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इस्राइल का झंडा
- फोटो : एएनआई
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विस्तार
पश्चिम एशिया में इस्राइल और हमास के बीच 15 महीने तक चले हिंसक संघर्ष में 46 हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। इसी बीच दोनों पक्षों ने छह हफ्ते के संघर्ष विराम पर सहमति जताई है, जिससे शांति की उम्मीदें मजबूत हो रही हैं। ताजा घटनाक्रम में हमास ने आज आठ बंधकों को रिहा किया। 15 महीने बाद इस्राइल के तीन, जबकि पांच थाईलैंड के नागरिकों को रिहा किया गया है।
युद्धविराम के तहत नवीनतम रिहाई में हमास ने बृहस्पतिवार को 8 और बंधक छोड़े। बदले में इस्राइल ने भी 110 फलस्तीनी कैदियों को रिहा कर दिया। हालांकि, हमास के लड़ाकों द्वारा बंधकों को छोड़ते वक्त भीड़ से होकर निकालने पर इस्राइल ने नाराजगी भी जताई। पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने फलस्तीनी कैदियों की रिहाई को रोकते हुए कहा था, पहले हमारे लोगों की सुरक्षा तय करें। उधर रिहाई में एक अराजक दृश्य के कारण देरी हुई जिसमें फलस्तीनियों की भीड़ ने बंधकों को घेर लिया और रेड क्रॉस को सौंपते वक्त उनका मजाक उड़ाया। हमास ने पहली बंधक के रूप में इस्राइली महिला सैनिक अगम बर्जर को उत्तरी गाजा में रिहा किया। येवो फुटेज में 29 वर्षीय बंधक अर्वेल यहूद सहमी दिख रही थी। उन्हें भी भीड़ के बीच से निकाला गया।
इस्राइली लोगों ने खुशी मनाई
जब आठों बंधकों को एक टीवी फुटेज में इस्राइली लोगों ने तेल अवीव के एक चौराहे पर देखा तो उन्होंने खुशी मनाई। तालियां और सीटियां बजाई। बड़े स्क्रीन पर बर्जर की सुपुर्दगी को देखा गया। रिहा किए गए अन्य दो इस्राइली 80 वर्षीय येहूद और गादी मूसा हैं। पांच थाई नागरिकों को भी मुक्त कर दिया गया। गौरतलब है कि दोनों पक्षों के बीच लागू हो चुके सीजफायर के बाद हमास इससे पहले भी इस्राइल की चार महिला सैनिकों समेत कई बंधकों को रिहा कर चुका है।
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बर्जर को भी भीड़ के सामने परेड कराई
इस्राइली पीएम नेतन्याहू ने पहले ही कहा था कि उन्हें अपनी महिला सैनिक अगम बर्जर किसी भी हालत में इस अदला-बदली के दौरान रिहा चाहिए। हमास ने उन्हें मुक्त किया लेकिन 20 वर्षीय बर्जर को जवालिया के नष्ट हुए शहरी शरणार्थी शिविर में भीड़ के सामने परेड कराने के बाद। बर्जर को रेड क्रॉस को सौंपा गया। इस्राइली सरकार ने बर्जर को माता-पिता से गले मिलने का फुटेज भी जारी किया।
डॉक्टरों ने कहा- बंधकों की सेहत ठीक है
देर रात इस्राइली डॉक्टरों ने कहा कि 15 महीने की कैद के बाद रिहा किए गए पांच थाई बंधकों का स्वास्थ्य ठीक है। थाई बंधकों में से एक 32 वर्षीय सुरसाक रम्नाओ की मां ने कहा कि उनके बेटे का शरीर पीला और फूला हुआ दिख रहा था। हमास ने उन्हें दक्षिणी इस्रायली शहर येशा से अगवा किया था। वीडियो कॉल पर मां खम्मी ने कहा, 'मैं इतनी खुश थी कि मैं कुछ भी नहीं खा सकी। उसके पिता मेरे लिए कुछ खाना लाए लेकिन मैं कुछ भी नहीं खाना चाहती थी।'
थाईलैंड की पीएम का बयान
बंधन के मुक्त होने के बाद पांचों थाई बंधक एक सैन्य हेलीकॉप्टर से उतरकर तेल अवीव के बाहर एक अस्पताल में दाखिल हुए। मौके पर मौजूद दर्जनों इस्राइली डॉक्टरों, नर्सों के अलावा इस्राइल और थाई प्रतिनिधियों ने झंडे लहराकर जश्न मनाया। सरुसाक के अलावा, 33 वर्षीय वाचरा श्रीआउन, 35 वर्षीय साथियन सुवान्नाखम, 36 वर्षीय पोंगसाक थाएन्ना और 27 वर्षीय बन्नावत साएथाओ को रिहा किया गया है। थाई प्रधानमंत्री पैतोंगटार्न शिनावात्रा ने रिहाई पर खुशी जताई। थाईलैंड के विदेश मंत्री इस सप्ताह के अंत में इस्राइल की यात्रा करेंगे। राजदूत पन्नाभा ने कहा कि रिहा किए गए लोगों को यात्रा के लिए जरूरी चिकित्सकीय मंजूरी मिलते ही सरकार उन्हें स्वदेश लौटने में मदद करेगी।
हमास के कब्जे में फंसे हैं ये लोग
गौरतलब है कि गाजा में हमास ने आठ थाई नागरिकों को बंधक बनाया था। इनके अलावा बंधकों में एक नेपाली और एक तंजानियाई नागरिक भी शामिल हैं। हालांकि, थाईलैंड के दो नागरिक और एक तंजानियाई को इस्राइल मृत घोषित कर चुका है।
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युद्धविराम के तहत नवीनतम रिहाई में हमास ने बृहस्पतिवार को 8 और बंधक छोड़े। बदले में इस्राइल ने भी 110 फलस्तीनी कैदियों को रिहा कर दिया। हालांकि, हमास के लड़ाकों द्वारा बंधकों को छोड़ते वक्त भीड़ से होकर निकालने पर इस्राइल ने नाराजगी भी जताई। पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने फलस्तीनी कैदियों की रिहाई को रोकते हुए कहा था, पहले हमारे लोगों की सुरक्षा तय करें। उधर रिहाई में एक अराजक दृश्य के कारण देरी हुई जिसमें फलस्तीनियों की भीड़ ने बंधकों को घेर लिया और रेड क्रॉस को सौंपते वक्त उनका मजाक उड़ाया। हमास ने पहली बंधक के रूप में इस्राइली महिला सैनिक अगम बर्जर को उत्तरी गाजा में रिहा किया। येवो फुटेज में 29 वर्षीय बंधक अर्वेल यहूद सहमी दिख रही थी। उन्हें भी भीड़ के बीच से निकाला गया।
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इस्राइली लोगों ने खुशी मनाई
जब आठों बंधकों को एक टीवी फुटेज में इस्राइली लोगों ने तेल अवीव के एक चौराहे पर देखा तो उन्होंने खुशी मनाई। तालियां और सीटियां बजाई। बड़े स्क्रीन पर बर्जर की सुपुर्दगी को देखा गया। रिहा किए गए अन्य दो इस्राइली 80 वर्षीय येहूद और गादी मूसा हैं। पांच थाई नागरिकों को भी मुक्त कर दिया गया। गौरतलब है कि दोनों पक्षों के बीच लागू हो चुके सीजफायर के बाद हमास इससे पहले भी इस्राइल की चार महिला सैनिकों समेत कई बंधकों को रिहा कर चुका है।
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बर्जर को भी भीड़ के सामने परेड कराई
इस्राइली पीएम नेतन्याहू ने पहले ही कहा था कि उन्हें अपनी महिला सैनिक अगम बर्जर किसी भी हालत में इस अदला-बदली के दौरान रिहा चाहिए। हमास ने उन्हें मुक्त किया लेकिन 20 वर्षीय बर्जर को जवालिया के नष्ट हुए शहरी शरणार्थी शिविर में भीड़ के सामने परेड कराने के बाद। बर्जर को रेड क्रॉस को सौंपा गया। इस्राइली सरकार ने बर्जर को माता-पिता से गले मिलने का फुटेज भी जारी किया।
डॉक्टरों ने कहा- बंधकों की सेहत ठीक है
देर रात इस्राइली डॉक्टरों ने कहा कि 15 महीने की कैद के बाद रिहा किए गए पांच थाई बंधकों का स्वास्थ्य ठीक है। थाई बंधकों में से एक 32 वर्षीय सुरसाक रम्नाओ की मां ने कहा कि उनके बेटे का शरीर पीला और फूला हुआ दिख रहा था। हमास ने उन्हें दक्षिणी इस्रायली शहर येशा से अगवा किया था। वीडियो कॉल पर मां खम्मी ने कहा, 'मैं इतनी खुश थी कि मैं कुछ भी नहीं खा सकी। उसके पिता मेरे लिए कुछ खाना लाए लेकिन मैं कुछ भी नहीं खाना चाहती थी।'
थाईलैंड की पीएम का बयान
बंधन के मुक्त होने के बाद पांचों थाई बंधक एक सैन्य हेलीकॉप्टर से उतरकर तेल अवीव के बाहर एक अस्पताल में दाखिल हुए। मौके पर मौजूद दर्जनों इस्राइली डॉक्टरों, नर्सों के अलावा इस्राइल और थाई प्रतिनिधियों ने झंडे लहराकर जश्न मनाया। सरुसाक के अलावा, 33 वर्षीय वाचरा श्रीआउन, 35 वर्षीय साथियन सुवान्नाखम, 36 वर्षीय पोंगसाक थाएन्ना और 27 वर्षीय बन्नावत साएथाओ को रिहा किया गया है। थाई प्रधानमंत्री पैतोंगटार्न शिनावात्रा ने रिहाई पर खुशी जताई। थाईलैंड के विदेश मंत्री इस सप्ताह के अंत में इस्राइल की यात्रा करेंगे। राजदूत पन्नाभा ने कहा कि रिहा किए गए लोगों को यात्रा के लिए जरूरी चिकित्सकीय मंजूरी मिलते ही सरकार उन्हें स्वदेश लौटने में मदद करेगी।
हमास के कब्जे में फंसे हैं ये लोग
गौरतलब है कि गाजा में हमास ने आठ थाई नागरिकों को बंधक बनाया था। इनके अलावा बंधकों में एक नेपाली और एक तंजानियाई नागरिक भी शामिल हैं। हालांकि, थाईलैंड के दो नागरिक और एक तंजानियाई को इस्राइल मृत घोषित कर चुका है।