फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   G20 summit Climate corona and corporate tax at the center of superpower talks

जी20 सम्मेलन: गरीब देशों के लिए वैक्सीन आपूर्ति बढ़ाने पर रहा जोर, आज ग्लासगो में जलवायु परिवर्तन पर होगी चर्चा

Sun, 31 Oct 2021 01:59 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, रोम।
एजेंसी, रोम। Published by: देव कश्यप Updated Sun, 31 Oct 2021 01:59 AM IST
सार

20 राष्ट्राध्यक्षों के समूह की इस वार्ता का उद्घाटन सत्र वैश्विक स्वास्थ्य और अर्थव्यवस्था पर केंद्रित रहा। साथ ही कार्यक्रम के इतर कुछ प्रमुख नेताओं ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर आगामी कदमों पर भी चर्चा की।

विज्ञापन
G20 summit Climate corona and corporate tax at the center of superpower talks
जी 20 में पीएम मोदी - फोटो : PTI

विस्तार

इटली के राष्ट्रपति मारियो द्राघी ने गरीब देशों के लिए वैक्सीन आपूर्ति बढ़ाने की मांग के साथ दुनिया के सबसे शक्तिशाली देशों जी20 के सम्मेलन की शनिवार को शुरुआत की। उन्होंने कहा, वैश्विक स्तर पर वैक्सीन आपूर्ति की बड़ी खाई नैतिक रूप से अस्वीकार्य है। जी20 के दो दिनी सम्मेलन का मेजबान इस बार इटली ही है।

विज्ञापन


द्राघी ने कहा, दुनिया के गरीब देशों में सिर्फ 3 प्रतिशत आबादी को वैक्सीन का कम से कम एक डोज लगा है जबकि अमीर देशों में 70 प्रतिशत से अधिक आबादी को कम से कम एक डोज लग चुका है। उन्होंने कहा, ये खाई नैतिक रूप से अस्वीकार्य है और महामारी से लड़ाई को कमजोर कर रही है। द्राघी अर्थशास्त्री और यूरोपीय सेंट्रल बैंक के प्रमुख रह चुके हैं।
विज्ञापन


बैठक में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैन्युअल मैक्रों ने संकल्प लिया कि इस सम्मेलन का इस्तेमाल वह अपने साथी यूरोपीय नेताओं से गरीब देशों को उदारतापूर्वक वैक्सीन दान करने के लिए दबाव बनाने में करेंगे। लेकिन सिविल सोसायटी के पैरोकार, जो जी20 के अधिकारियों के साथ इस बैठक के शुरू होने से पहले से वार्ता कर रहे हैं, दान के इस दृष्टिकोण को संदेह की निगाह से देख रहे हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इस साल पूरी दुनिया में 40 प्रतिशत टीकाकरण और अगले साल 70 प्रतिशत का लक्ष्य निर्धारित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


100 अरब डॉलर अफ्रीका के लिए रखने की उम्मीद....
मैक्रों ने पत्रकारों से कहा, उम्मीद है कि जी20 अफ्रीका की अर्थव्यवस्था को उबारने के लिए 100 अरब डॉलर की अतिरिक्त राशि मंजूर करेगा। ये पैसा आईएमएफ के फॉरेन एक्सचेंज टूल से विशेष निकासी अधिकार के तहत निकाले जाने योग्य 650 अरब डॉलर का हिस्सा होगा।

भारत 2022 तक कोविड की 5 अरब वैक्सीन बनाने के लिए तैयार : मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को जी20 बैठक में कोरोना महामारी से लड़ने में भारत की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा है कि दुनिया की मदद करने के लिए भारत अगले साल यानी 2022 के अंत तक 5 अरब वैक्सीन डोज का उत्पादन करने के लिए तैयार है। बैठक में मोदी के संबोधन के बारे में मीडिया को जानकारी देते हुए विदेश सचिव हर्षवर्धन शृंगला ने बताया, जी20 बैठक के ‘ग्लोबल इकोनॉमी ग्लोबल हेल्थ’ सत्र के दौरान हस्तक्षेप करते हुए पीएम ने अंतरराष्ट्रीय यात्रा को सुगम बनाने और वैक्सीन प्रमाणीकरण को आपसी मंजूरी देने की व्यवस्था बनाने का सुझाव भी दिया।

विश्व स्वास्थ्य संगठन में भारत निर्मित कोवाक्सिन को इमरजेंसी मंजूरी अब तक लंबित होने को रेखांकित करते हुए भारत ने सुझाव दिया है कि इस वैक्सीन को मंजूरी मिलने से भारत दूसरे देशों की भी मदद कर सकता है। मोदी ने अपने संबोधन में दुनिया के 150 देशों को महामारी के दौरान मेडिकल सहायता की आपूर्ति और वैश्विक आपूर्ति शृंखला को बनाए रखने का उल्लेख भी किया।

यूएन ने टीकों में असमानता पर लिया आड़े हाथों
संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने कोरोना से लड़ने के लिए वैश्विक टीकाकरण में बाधा डालने के लिए भू-राजनीतिक विभाजन को दोषी ठहराया। उन्होंने कहा, एक ओर अमीर देशों के लोगों को टीके की तीसरी खुराक मिल रही है तो दूसरी तरफ महज पांच फीसदी अफ्रीकियों का ही पूर्ण टीकाकरण हो पाया है। टीकों में असमानता के मद्देनजर ब्रिटेन के पीएम बोरिस जॉनसन ने विकासशील देशों को दो करोड़ टीके दान देने का एलान किया।

न्यूनतम कॉर्पोरेट टैक्स सबके लिए खुशखबरी
जी-20 बैठक में 15 फीसदी वैश्विक न्यूनतम कॉर्पोरेट टैक्स पर आम सहमति सभी देशों के लिए बड़ी खुशखबरी के रूप में सामने आई है। इसके लिए आर्थिक महाशक्तियां आर्थिक सहयोग व विकास संगठन (ओईसीडी) समझौते का समर्थन करने जा रही हैं। रविवार को इसके मसौदा निष्कर्षों को औपचारिक तौर पर स्वीकृत किया जाएगा। समझौते के नियम वैश्विक स्तर पर 2023 से लागू हो जाएंगे। इसका मकसद बहुराष्ट्रीय कंपनियों को उन देशों में अपना लाभ छिपाने से रोकना है, जहां वे बहुत कम या कर नहीं चुकाती हैं। व्हाइट हाउस ने इस कदम को गेमचेंजर बताते हुए सराहना की है।

आज ग्लासगो में जलवायु परिवर्तन पर चर्चा
ब्रिटेन के ग्लासगो में जलवायु परिवर्तन पर होने वाले संयुक्त राष्ट्र के कॉप26 सम्मेलन में भारत का जोर कार्बन उत्सर्जन घटाने पर रहेगा। सम्मेलन 31 अक्तूबर से 12 नवंबर तक होगा, जिसमें दुनिया के 120 देशों के शासन प्रमुख या उनके प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। सम्मेलन की अध्यक्षता ब्रिटेन और इटली करेंगे।  

हरित हाइड्रोजन, ऊर्जा व गैस क्षेत्र में व्यापक सहयोग करेंगे इटली-भारत

भारत और इटली हरित और प्राकृतिक ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए सहयोग बढ़ाने पर सहमत हो गए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटली के प्रधानमंत्री मारियो द्राघी के बीच पहली मुलाकात के बाद जारी संयुक्त बयान के मुताबिक, दोनों नेता ऊर्जा परिवर्तन में भारतीय और इटालियन कंपनियों में संयुक्त निवेश को बढ़ावा देने पर सहमत हुए हैं।

बयान के अनुसार दोनों ने भारत में हरित हाइड्रोजन और इससे जुड़ी तकनीक के विकास और स्थापना के लिए बातचीत पर सहमति जताई। इसके अलावा 2030 तक 450 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन करने के भारत के लक्ष्य को पूरा करने की दिशा में विशाल हरित नवीकरणीय ऊर्जा गलियारा बनाने में भी इटली मदद करेगा। शहरी सार्वजनिक परिवहन को विद्युत चालित बनाने में संयुक्त उद्यम को बढ़ावा दिया जाएगा।

भारत ने 2030 तक सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा से 4,50,000 मेगावाट का लक्ष्य तय किया है। ऊर्जा में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत तक लाने का इरादा है ताकि कम कार्बन उत्सर्जन के लक्ष्य हासिल हो सके।

संयुक्त बयान में कहा गया,30 अक्तूबर 2017 को एक समझौता ज्ञापन के जरिये ऊर्जा क्षेत्र में  बना संयुक्त कार्यकारी समूह अब स्मार्ट सिटी, परिवहन और स्मार्ट ग्रिड जैसे क्षेत्रों में संभावनाएं भी तलाशेगा।

कई विश्व नेताओं के संग बिताए क्षण
प्रधानमंत्री ने जी20 सम्मेलन से इतर दुनिया के शीर्ष नेताओं संग व्यक्तिगत मुलाकात में हल्के फुल्के क्षण बिताए। इस दौरान उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन से बात की। पीएमओ द्वारा जारी तस्वीर में दोनों नेता बात करते हुए मुस्कुराते नजर आ रहे हैं। इसी प्रकार उन्होंने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन, कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो, जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल, दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जे इन, संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुतेरस और सिंगापुर के प्रधानमंत्री ली सिएन लूंग से भी भेंट की।

पीएम से मिलना बड़ा सम्मान : मोदी से मिल भावुक हुए भारतवंशी
प्रधानमंत्री मोदी ने शनिवार को कहा कि इटली में भारतवंशियों से अच्छी बातचीत हुई है। उन्होंने वहां भारत के बारे में जानकारी जुटा रहे लोगों के अलावा उनसे भी भेंट की जिन्होंने पिछले वर्षों में अपनी मातृभूमि के साथ करीबी संबंध विकसित किए हैं। अपनी इटली यात्रा के दूसरे दिन मोदी ने ट्विटर पर प्रवासी भारतीयों से अपनी मुलाकात की तस्वीरें भी साझा की। ट्विटर पर उन्होंने लिखा, शुक्रवार इटली में भारतवंशियों से बात करके अच्छा लगा। विभिन्न विषयों पर उनके विचार जानना अद्भुत था।

मैक्रों से मुलाकात में द्विपक्षीय संबंधों को गति
मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैन्युएल मैक्रों के बीच यहां भेंट में रिश्तों को और गति देने पर चर्चा हुई। रणनीतिक साझेदारी और बढ़ाने पर भी सहमति बनी। मोदी के साथ विदेश मंत्री एस जयशंकर और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल भी मौजूद थे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा कि मोदी और मैक्रों के बीच कई वैश्विक और क्षेत्रीय विषयों पर बात हुई है।

पहली मुलाकात : पोप ने कोविड प्रबंधन पर सराहा मोदी ने भारत आने का दिया न्योता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को रोमन कैथोलिक चर्च के सबसे बड़े धर्मगुरु पोप फ्रांसिस से पहली बार मिले। पीएम मोदी ने कहा कि पोप के साथ उनकी मुलाकात गर्मजोशी भरी रही और दोनों के बीच कोविड महामारी से लेकर जलवायु परिवर्तन की चुनौती तक कई मुद्दों पर बात हुई। प्रधानमंत्री ने पोप को भारत आने का न्योता भी दिया है।  
विदेश मंत्रालय ने कहा, पोप ने महामारी के दौरान दुनिया की मदद करने के लिए भारत की सराहना की। उन्होंने भारत दौरे का न्योता स्वीकार कर लिया है।  

20 मिनट की निर्धारित भेंट एक घंटे चली
पीएम-पोप के बीच 20 मिनट की भेंट का समय तय था लेकिन ये मुलाकात एक घंटे तक चली। विदेशमंत्री एस जयशंकर व एनएसए अजीत डोभाल भी मौजूद थे।

  • केरल कैथोलिक बिशप काउंसिल ने पोप को भारत आने के निमंत्रण को ऐतिहासिक बताया है।
  • राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने  मोदी की पोप से मुलाकात का स्वागत किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed