फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   France and Australia vaccine are stopped for not responding better and two vaccine are now in use

कोरोना वैक्सीन के मोर्चे पर दो झटके, सनोफी का टीका 2021 तक टला और ऑस्ट्रेलिया का हुआ फेल

Sat, 12 Dec 2020 11:55 AM IST
Tanuja Yadav वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, पेरिस
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, पेरिस Published by: Tanuja Yadav Updated Sat, 12 Dec 2020 11:55 AM IST
विज्ञापन
France and Australia vaccine are stopped for not responding better and two vaccine are now in use
भारत में कोरोना वैक्सीन - फोटो : iStock

कोरोना वैक्सीन को लेकर फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया को थोड़ा झटका मिला है। फ्रेंच फार्मा कंपनी सनोफी की वैक्सीन साल के अंत तक के लिए टल गई है, वहीं ऑस्ट्रेलिया की वैक्सीन गलत एचआईवी पॉजिटिव रिजल्ट देने की वजह से रद्द कर दी गई है। ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने इस वैक्सीन की पांच करोड़ डोज बुक कराने की बात कही थी।

विज्ञापन


2021 के अंत तक नहीं तैयार होगी वैक्सीन
फ्रेंच कंपनी सनोफी और ब्रिटेन की बहुराष्ट्रीय फार्मा कंपनी जीएसके ने एक बयान में कहा कि उनकी वैक्सीन साल 2021 के अंत तक तैयार नहीं हो पाएगी। यह घोषणा ट्रायल के अंतिम परिणाम के बाद की गई है। यह टीका ज्यादा उम्र के मरीजों में कम इम्यून रिस्पॉन्स जनरेट कर रहा था। 
विज्ञापन



विज्ञापन
विज्ञापन



ज्यादा उम्र के लोगों में कम इम्यूनिटी पैदा करती है वैक्सीन
यही कारण है कि इस वैक्सीन की लॉन्चिंग को 2021 की आखिरी तिमाही तक टाल दिया गया है। वैक्सीन के अंतिम परिणामों से पता चलता है कि ये वैक्सीन ज्यादा उम्र के लोगों में कम रिस्पॉन्स क्रिएट करती है। इधर सनोफी के एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट थॉमस ट्रायोंफे ने कहा कि हमने आगे का रास्ता पहचान लिया है। 


उन्होंने आगे कहा कि कोई भी फार्मा कंपनी पूरी दुनिया के लिए वैक्सीन नहीं बना सकती है, दुनिया को एक से ज्यादा वैक्सीन की जरूरत रहेगी। वहीं जीएसके के अध्यक्ष रोजर कोनर का कहना है कि परीक्षण के परिणाम उम्मीद के अनुरूप नहीं रहे हैं लेकिन हम असरदार वैक्सीन बनाएंगे, ये तय है।

इन चार वैक्सीनों ने जगाई उम्मीद
अब तक स्पूतनिक-5, फाइजर-बायोएनटेक और मॉडर्ना की वैक्सीन ने 90 फीसदी से ज्यादा असरदार होने का दावा किया है। स्पूतनिक-5 का रूस में और फाइजर का ब्रिटेन में इस्तेमाल शुरू हो चुका है। भारत में सीरम इंस्टीट्यूट द्वारा बनाई जा रही ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन ने 70 फीसदी ही असरदार होने का दावा किया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed