{"_id":"5ba0d59d867a557f6d0afdac","slug":"floor-cleaners-can-make-your-child-fat-claims-a-research","type":"story","status":"publish","title_hn":"साफ सफाई के लिए इस्तेमाल होने वाले फ्लोर क्लीनर बच्चों में बढ़ा रहे हैं मोटापा, जानिए कैसे","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
साफ सफाई के लिए इस्तेमाल होने वाले फ्लोर क्लीनर बच्चों में बढ़ा रहे हैं मोटापा, जानिए कैसे
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Updated Tue, 18 Sep 2018 04:08 PM IST
विज्ञापन
Floor Cleaner
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आप अपने घरों में साफ-सफाई के लिए अच्छे से अच्छा फ्लोर क्लीनर खरीद कर लाते हैं, ताकी आपके बच्चों को गंदगी छू भी ना पाए। गंदगी दूर करने के लिए टीवी पर दिखाए जाने वाले विज्ञापन तो यह दावा भी करते हैं। लेकिन कनाडा में हुए एक नए अध्ययन से पता चला है कि फ्लोर क्लीनर्स से आपके बच्चों की सेहत में बुरा असर पड़ता है।
घरों में साफ-सफाई के लिए इस्तेमाल किये जाने वाले फिनायल, हारपिक, लाइजोज जैसे तमाम कीटाणुनाशक और अन्य केमिकल बच्चों में मोटापे की समस्या बढ़ा सकती हैं। कनाडा के शोधार्थियों ने एक अध्ययन के बाद यह दावा किया है।
इस नये अध्ययन के मुताबिक फिनायल, हारपिक, लाइजोल और इस तरह के अन्य उत्पाद बच्चों के ‘गट माइक्रोब्स’ (मानव के पाचन तंत्र में रहने वाले सूक्ष्म जीव) में बदलाव कर बच्चों में वजन बढ़ने की प्रवृत्ति को बढ़ा सकते हैं।
विज्ञापन
कैनेडियन मेडिकल ऐसोसिएशन जर्नल में इस बारे में एक अध्ययन प्रकाशित किया गया है। इस अध्ययन के लिए कनाडा की अल्ब्रेटा यूनिवर्सिटी के शोधार्थियों ने 3-4 महीने की आयु के 757 शिशुओं के ‘गट माइक्रोब्स’ का विश्लेषण किया।
अध्ययन के दौरान घरों में इस्तेमाल किए जाने वाले कीटाणुनाशक, सफाई सामग्री और अन्य पर्यावरण हितैषी उत्पाद के प्रभावों का विश्लेषण करते हुए बच्चों का वजन मापा गया।
अध्ययन में यह पाया गया कि घरों में कीटाणुनाशकों का ज्यादा इस्तेमाल किए जाने से 3-4 माह की आयु वाले बच्चों के ‘गट माइक्रोब्स’ में बदलाव आया। उन्होंने पाया कि अन्य डिटर्जेंट और सफाई में इस्तेमाल होने वाले अन्य उत्पादों का भी बच्चों पर ऐसा ही प्रभाव पड़ा। (इनपुट:भाषा)
विज्ञापन
घरों में साफ-सफाई के लिए इस्तेमाल किये जाने वाले फिनायल, हारपिक, लाइजोज जैसे तमाम कीटाणुनाशक और अन्य केमिकल बच्चों में मोटापे की समस्या बढ़ा सकती हैं। कनाडा के शोधार्थियों ने एक अध्ययन के बाद यह दावा किया है।
विज्ञापन
इस नये अध्ययन के मुताबिक फिनायल, हारपिक, लाइजोल और इस तरह के अन्य उत्पाद बच्चों के ‘गट माइक्रोब्स’ (मानव के पाचन तंत्र में रहने वाले सूक्ष्म जीव) में बदलाव कर बच्चों में वजन बढ़ने की प्रवृत्ति को बढ़ा सकते हैं।
विज्ञापन
कैनेडियन मेडिकल ऐसोसिएशन जर्नल में इस बारे में एक अध्ययन प्रकाशित किया गया है। इस अध्ययन के लिए कनाडा की अल्ब्रेटा यूनिवर्सिटी के शोधार्थियों ने 3-4 महीने की आयु के 757 शिशुओं के ‘गट माइक्रोब्स’ का विश्लेषण किया।
अध्ययन के दौरान घरों में इस्तेमाल किए जाने वाले कीटाणुनाशक, सफाई सामग्री और अन्य पर्यावरण हितैषी उत्पाद के प्रभावों का विश्लेषण करते हुए बच्चों का वजन मापा गया।
अध्ययन में यह पाया गया कि घरों में कीटाणुनाशकों का ज्यादा इस्तेमाल किए जाने से 3-4 माह की आयु वाले बच्चों के ‘गट माइक्रोब्स’ में बदलाव आया। उन्होंने पाया कि अन्य डिटर्जेंट और सफाई में इस्तेमाल होने वाले अन्य उत्पादों का भी बच्चों पर ऐसा ही प्रभाव पड़ा। (इनपुट:भाषा)