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अहम मुलाकात: भूटान के राजा से मिले विदेश मंत्री एस जयशंकर, बोले- दोनों देशों के बीच सहयोग अद्वितीय है
Fri, 29 Apr 2022 08:48 PM IST
गौरव पाण्डेय
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, थिंपू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, थिंपू
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Fri, 29 Apr 2022 08:48 PM IST
सार
भूटान के विदेश मंत्री ल्योंपो टांडी दोरजी के निमंत्रण पर आधिकारिक दौरा कर रहे एस जयशंकर मार्च 2020 के बाद विदेश से यहां पहुंचने वाले पहले उच्च-स्तरीय मेहमान हैं।
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विदेश मंत्री जयशंकर और भूटान के राजा वांगचुक
- फोटो : twitter/DrSJaishankar
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विस्तार
भूटान के दौरे पर आए विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने शुक्रवार को देश के राजा जिग्मे खेसार नामग्येल वांगचुक के मुलाकात की। जयशंकर ने कहा कि भूटान के राजा के अपने देश को बदलने के नजरिये ने हमारे अद्भुत संबंधों को दिशा दी है। विदेश मंत्री ने यह भी कहा कि भारत-भूटान संबंध एक-दूसरे के कल्याण और हितों को लेकर एक वास्तविक चिंता पर आधारित हैं। भूटान के साथ हमारा का सहयोग अद्वितीय है, जो नैतिक सिद्धांतों और भावनात्मक बंधनों से प्रेरित है।
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जयशंकर भूटान के अपने समकक्ष ल्योंपो टांडी दोरजी के निमंत्रण पर आधिकारिक यात्रा पर आए हुए हैं। विदेश मंत्री मार्च 2020 के बाद विदेश से भूटान पहुंचने वाले पहले उच्च-स्तरीय मेहमान हैं। उनकी इस यात्रा को लेकर विदेश मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि एक कार्यक्रम में विदेश मंत्री ने पिछले दो वर्षों में कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में भूटान की सरकार और उसके लोगों को उनकी सफलता पर बधाई दी।
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उन्होंने कहा, ‘यह हम सभी के लिए एक कठिन यात्रा रही है। मुझे लगता है कि यह हमारी दोस्ती का प्रमाण है कि हमने इस समय में जिस तरह की एकजुटता दिखाई है, हमने उसे प्रदर्शित किया है।’ जयशंकर ने आगे कहा कि यह बहुत संतोष की बात है कि इस कठिन दौर में भी दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग लगातार बना रहा है। उन्होंने कहा कि हमारी ‘वैक्सीन मैत्री’ पहल के तहत कोविशील्ड टीका प्राप्त करने वाला पहला देश होने के लिए भूटान स्वाभाविक पसंद था।’
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'पीएम मोदी भूटान के साथ मित्रता पर देते रहते हैं जोर'
विदेश मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अक्सर इस बात पर जोर देते रहते हैं कि भूटान एक करीबी दोस्त और एक विशेषाधिकार प्राप्त पड़ोसी होने के नाते, इस देश के मैत्रीपूर्ण लोग भारतीयों के दिल और दिमाग में एक विशेष स्थान रखते हैं। जयशंकर ने कहा कि मुझे खुशी है कि भूटान के लोगों की इच्छाओं और आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए 2019 में प्रधानमंत्री की यात्रा के बाद से हमारे संबंध नए क्षेत्रों में बढ़े हैं। उन्होंने आपसी संबंधों कोऔर मजबूत करने पर जोर दिया।