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US: ट्रंप कैबिनेट में ये चेहरे भी; मार्को रुबियो विदेश मंत्री तो तुलसी गबार्ड को बनाया राष्ट्रीय खुफिया निदेशक

Thu, 14 Nov 2024 02:33 AM IST
दीपक कुमार शर्मा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, फ्लोरिडा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, फ्लोरिडा Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Thu, 14 Nov 2024 02:33 AM IST
सार

अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी कैबिनेट के कई सदस्यों की घोषणा की है। उन्होंने फ्लोरिडा के सीनेटर मार्को रुबियो को विदेश मंत्री के रूप में नामित किया है। इसके अलावा, मैट गेट्ज़ को अटॉर्नी जनरल और तुलसी गबार्ड को राष्ट्रीय खुफिया निदेशक के रूप में नियुक्त किया है। 

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Donald Trump cabinet: From Matt Gates to Tulsi Gabbard and marco rubio know everything about who was selected
डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : ANI

विस्तार

अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को फ्लोरिडा के सीनेटर मार्को रुबियो को अपने विदेश मंत्री के रूप में नामित किया। राष्ट्रपति जो बाइडन से मुलाकात के बाद वाशिंगटन से फ्लोरिडा वापस लौटते समय ट्रंप ने यह घोषणा की। नवनिर्वाचित राष्ट्रपति ने यह कदम लंबे समय से चली आ रही प्रतिस्पर्धा और आलोचना के बाद उठाया। अब रुबियो ट्रंप के सबसे बड़े समर्थकों में से एक बन गए हैं। 

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मैट गेट्ज़ और तुलसी गबार्ड को भी दी जिम्मेदारी
इसके अलावा, डोनाल्ड ट्रंप ने फ्लोरिडा के कांग्रेसी मैट गेट्ज़ को अमेरिका के अटॉर्नी जनरल के रूप में नामित किया। साथ ही पूर्व कांग्रेस सदस्य, लेफ्टिनेंट कर्नल तुलसी गबार्ड को राष्ट्रीय खुफिया निदेशक (डीएनआई) के रूप में नियुक्त किया है। 
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एक रूढ़िवादी नेता हैं मार्को रुबियो
बता दें कि रुबियो एक रूढ़िवादी नेता हैं। वह चीन, क्यूबा और ईरान के खिलाफ सख्त रुख अपनाते रहे हैं। इस साल वह ट्रंप के उपराष्ट्रपति पद के लिए संभावित उम्मीदवारों में शामिल थे। रुबियो सीनेट इंटेलिजेंस कमेटी के उपाध्यक्ष और विदेश संबंध समिति के सदस्य भी हैं। उन्होंने चीन पर सख्त रुख अपनाते हुए टिकटॉक जैसे सोशल मीडिया ऐप्स के खिलाफ भी आवाज उठाई है, क्योंकि इसकी मूल कंपनी चीनी है। रुबियो और अन्य सांसदों का कहना है कि चीन कभी भी ऐप के माध्यम से अमेरिकी उपयोगकर्ताओं का डेटा हासिल कर सकता है। 

विदेश मंत्री के रूप में नामित करते हुए ट्रंप ने रुबियो के बारे में कहा, 'वह हमारे देश के लिए मजबूत वकील होंगे, हमारे सहयोगियों के सच्चे दोस्त होंगे और हमारे विरोधियों के खिलाफ कभी भी पीछे नहीं हटेंगे।' 
 
2016 में रुबियो ने ट्रंप का किया था विरोध
यह चयन दो व्यक्तियों के बीच एक लंबी और जटिल कहानी का हिस्सा है। 2016 में रिपब्लिकन राष्ट्रपति पद की दौड़ के दौरान, रुबियो ने ट्रंप की आलोचना करते हुए उन्हें धोखाधड़ी कलाकार और राष्ट्रपति पद के लिए प्रयास करने वाला सबसे सबसे अशिष्ट व्यक्ति कहा था। वहीं, ट्रंप ने भी उन्हें 'छोटा मार्को' कहकर मजाक उड़ाया था। हालांकि, समय के साथ जैसे-जैसे ट्रंप का प्रभाव बढ़ा, रुबियो ने भी अपना रुख बदल लिया और ट्रंप का समर्थन करना शुरू कर दिया। 
  पहली बार 2010 में सीनेट के लिए चुने गए रुबियो
रुबियो को पहली बार 2010 में सीनेट के लिए चुना गया था। उन्होंने शीघ्र ही एक ऐसे व्यक्ति के रूप में ख्याति प्राप्त की, जिसने रिपब्लिकन पार्टी को विविध और स्वागतपूर्ण बनाने की कोशिश की थी। लेकिन, जैसे-जैसे पार्टी में कट्टरपंथी विचारों का बोलबाला बढ़ा, रुबियो ने अपने रुख को बदलते हुए कड़े आप्रवासन नियमों का समर्थन किया। 

कौन हैं तुलसी गबार्ड
पूर्व डेमोक्रेट और अमेरिकी कांग्रेस की पहली हिंदू सदस्य तुलसी गबार्ड अब राष्ट्रीय खुफिया निदेशक के रूप में काम करेंगी। वह चार बार की कांग्रेस सदस्य, 2020 की राष्ट्रपति पद की उम्मीदवार और बेस्टसेलिंग लेखिका हैं। गबार्ड मध्य पूर्व और अफ्रीका के युद्ध क्षेत्रों में तीन बार तैनात रहीं। वह एक अनुभवी सैनिक हैं। हाल ही में, गबार्ड डेमोक्रेट पार्टी छोड़कर रिपब्लिकन पार्टी में शामिल हो गईं।

गबार्ड ने 21 साल की उम्र में हवाई राज्य प्रतिनिधि सभा में अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत की। 9/11 के हमलों के बाद, उन्होंने अमेरिकी सेना में भर्ती होकर इराक में तैनाती की। बाद में, उन्होंने अमेरिकी सीनेट में दिवंगत सीनेटर डैनी अकाका के साथ काम किया और फिर मध्य पूर्व में दूसरी बार तैनात हुईं।

2019 में डिबेट में कमला हैरिस पर भारी पड़ीं थी तुलसी गबार्ड
गबार्ड ने साल 2020 में डेमोक्रेट पार्टी छोड़ दी थी और अब उन्हें ट्रंप समर्थक माना जाता है। कुछ समय तक ये भी चर्चा रही थी कि तुलसी गबार्ड भी ट्रंप की रनिंग मेट हो सकती हैं। हालांकि ये सब अफवाह साबित हुआ। साल 2019 में तुलसी गबार्ड ने एक बहस के दौरान कमला हैरिस को बुरी तरह से पछाड़ दिया था और कई मुद्दों पर हैरिस को निरुत्तर कर दिया था। दरअसल 2020 के अमेरिकी राष्ट्रपति पद के दावेदारों में तुलसी गबार्ड और कमला हैरिस का भी नाम था। इसके चलते डेमोक्रेट प्राइमरी चुनाव के दौरान दोनों के बीच साल 2019 में बहस हुई थी। इस बहस में गबार्ड, कमला हैरिस पर भारी पड़ी थीं। हालांकि बाद में कमला हैरिस और तुलसी गबार्ड दोनों को राष्ट्रपति पद की दावेदारी से हटना पड़ा था।


कौन हैं कांग्रेसी मैट गेट्ज़, जो अटॉर्नी जनरल के रूप में हुए नामित
फ्लोरिडा के कांग्रेसी मैट गेट्ज़ को अमेरिका के अटॉर्नी जनरल के रूप में नामित किया गया है। ट्रंप ने अपनी नवीनतम कैबिनेट की घोषणा करते हुए कहा कि गेट्ज़ एक बेहद प्रतिभाशाली और मजबूत वकील हैं। जिन्होंने विलियम एंड मैरी कॉलेज ऑफ लॉ से कानून की पढ़ाई की है। उन्होंने न्याय विभाग (डीओजे) में जरूरी सुधारों पर ध्यान केंद्रित करते हुए कांग्रेस में खुद को प्रतिष्ठित किया है। 

ट्रंप ने आगे कहा, 'अमेरिका के लिए सबसे अहम काम न्याय व्यवस्था में पक्षपात को खत्म करना है। मैट गेट्ज़ सरकार की अनुचित शक्तियों को खत्म करेंगे, हमारी सीमाओं की सुरक्षा करेंगे, अपराधी समूहों से लड़ेंगे और न्याय विभाग में लोगों का खोया हुआ विश्वास फिर से बहाल करेंगे।'

हाउस ज्यूडिशियरी कमेटी में, जो डीओजे की निगरानी करती है, गेट्ज़ ने रूस धोखाधड़ी को उजागर करने और सरकारी भ्रष्टाचार को खत्म करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
 

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