फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   cruise industry hit dard due to coronavirus crisis thousands of crew stuck at sea desperate to go home

कोरोना की वजह से समुद्र में फंसे हैं हजारों क्रूज शिप के सदस्य, बताई आपबीती

Fri, 08 May 2020 10:50 AM IST
Sneha Baluni वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, मियामी
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, मियामी Published by: Sneha Baluni Updated Fri, 08 May 2020 10:50 AM IST
विज्ञापन
cruise industry hit dard due to coronavirus crisis thousands of crew stuck at sea desperate to go home
क्रूज शिप (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : ANI

कोरोना वायरस से जहां पूरी दुनिया प्रभावित है वहीं क्रूज उद्योग पर इसका काफी बुरा असर पड़ा है। क्रूज जहाजों को किसी बंदरगाह को इस्तेमाल करने की इजाजत नहीं मिल रही है और उन्हें यह भी नहीं पता कि वे कब दोबारा समुद्र से रवाना हो पाएंगे। जहां यात्री अपने घर जा चुके हैं। वहीं चालक दल के सदस्य समुद्र में ही फंसे हुए हैं।

विज्ञापन

बहुत से सदस्यों को तनख्वाह भी नहीं मिली है क्योंकि उनका अनुबंध समाप्त हो गया है। कुछ के पास इंटरनेट की सुविधा नहीं है, वे तनाव से ग्रस्त हैं और कुछ ने अपने मालिकों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। सेलिब्रिटी इनफिनिटी में काम करने वाले ब्राजील के 31 साल के डीजे कायो साल्दान्हा ने कहा, 'हम कैदी हैं। मुझे मदद चाहिए। हमें मदद चाहिए। हमें घर जाने के लिए लड़ाई लड़नी होगी।'
विज्ञापन



साल्दान्हा अपनी 29 साल की गर्लफ्रेंड जेसिका फुरलान के साथ एक केबिन में रहते हैं। फुरलान यात्रियों के लिए जहाज पर गतिविधियों को आयोजित करने का काम करती हैं। 13 मार्च को अमेरिकी अधिकारियों ने वायरस के बढ़ते प्रसार को देखते हुए नो सेल आदेश जारी किया था। यात्रियों को जहाज से उतरवा दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


हालांकि जहाज पर मौजूद चालक दल के सदस्यों को वहीं रहने के लिए कहा गया। जिसके बाद से वे वहीं फंसे हुए हैं। अमेरिकी तटरक्षक बल ने कहा कि अमेरिका या उसके आस-पास बंदरगाहों में 100 से अधिक जहाज खड़े हैं जिसमें 70,000 चालक दल मौजूद हैं। फुरलान ने कहा, 'हम घर जाने के लिए बेताब हैं।' किसी को इस बात का पता है क्या कि वे तीन हफ्तों से अपने केबिन के अंदर बंद हैं और 24 अप्रैल से उन्हें तनख्वाह मिलना बंद हो गया है।

जो लोग काम कर रहे हैं जैसे कि नाविक, क्लीनर्स, खानसामा उन्हें अब भी पैसा मिल रहा है लेकिन जिनका काम यात्रियों का मनोरंजन करना था उन्हें पैसे मिलना बंद हो गया है। बहुत से कर्मचारियों का अनुबंध खत्म हो गया है। जिस कारण उन्हें पैसा नहीं मिल रहा है। क्रूज ऐसे लोगों को उन्हें जहाज में रहने को कमरा तो दे रही है लेकिन बाकी चीजों जैसे टूथपेस्ट तक के लिए उन्हें पैसा देना पड़ रहा है।


इसके अलावा कुछ कर्मचारियों को वाईफाई का पैसा भी देना पड़ रहा है। कार्निवल सबसीडियरी हॉलैंड अमेरिका जहाज में स्पा का काम देखने वाली वेरिका ब्रिक ने कहा, 'हमारे पास मुफ्त इंटरनेट भी नहीं है। एक नजरिए से मैं ये समझने को तैयार हूं लेकिन मानवता के नजरिए से बिलकुल नहीं।' 29 मार्च को ब्रिक का तबादला कोनिंग्यडैम में किया गया था जो अमेरिका के पश्चिमी तट पर खड़ा है। जहां आठ जहाजों में 1100 कर्मी मौजूद हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed