Coronavirus: अमेरिका में छह लोगों की मौत, गर्मी का मौसम आने तक उपलब्ध होगा उपचार
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कोरोनावायरस का कहर चीन के साथ-साथ दुनिया के 70 देशों में फैल चुका है, लेकिन अभी तक इस वायरस का उपचार नहीं मिला है। इसी बीच अमेरिका ने राहत के संकेत दिए हैं। अमेरिकी उप राष्ट्रपति माइक पेंस ने सोमवार को कहा कि कोरोनावायरस का इलाज करने के लिए इन गर्मियों तक दवाइयां उपलब्ध हो सकेंगी।
उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हालांकि इसका टीका इस साल के अंत तक या अगले साल की शुरुआत तक शायद उपलब्ध नहीं हो सकेगा, लेकिन कोरोनावायरस संक्रमण से पीड़ित लोगों के उपचार के लिए इन गर्मियों या पतझड़ तक दवाई उपलब्ध हो सकेगी।
गिलिएड कंपनी की दवाई रेमडेसिविर का इस्तेमाल अमेरिका में कोरोनावायरस के एक मरीज के उपचार के लिए किया जा चुका है, हालांकि यह अभी परीक्षण के तौर पर किया गया है।
अमेरिका में कोरोनावायरस से छह लोगों की मौत
अमेरिका में कोरोनावायरस से मरने वालों की संख्या सोमवार को बढ़कर छह हो गई। ये सभी मौत वाशिंगटन राज्य में हुई हैं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने कहा कि अमेरिका में छह में से पांच लोगों की मौत वाशिंगटन राज्य के सबसे घनी आबादी वाले किंग काउंटी और सात लाख से अधिक की आबादी वाले सिएटल शहर में हुई हैं। छठे रोगी की मौत स्नोहोमिश काउंटी में हुई। किंग काउंटी में एक स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि रोगियों की संख्या में इजाफा हो सकता है।
संक्रमित युवक जिस विमान से आया उसके क्रू मेंबर रहेंगे निगरानी में
सोमवार को भारत में कोरोनावायरस से संक्रमित तीन नए मरीजों की पुष्टि के बाद सरकार काफी एहतिहायत बरत रही है। दिल्ली में कोरोनावायरस से संक्रमित पाया गया युवक हाल ही में एयर इंडिया के विमान से आया था। जिस विमान से वह आया था उसके क्रू मेंबर को 14 दिनों तक निगरानी में रहने की अपील की गई है। अधिकारियों ने कहा कि इस बीच अगर उनमें कोरोना के लक्षण नजर आते हैं तो वे तत्काल डॉक्टर से संपर्क करें। ऑस्ट्रिया की राजधानी वियना से 25 फरवरी को एयर इंडिया की फ्लाइट नई दिल्ली आई थी। इसमें संक्रमित युवक ने उड़ान भरी थी। इससे पहले संक्रमित यात्री ने इटली की भी यात्रा की थी।
हैदराबाद में संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए लोगों पर रखी जा रही नजर
कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री बी श्रीरामुलू ने कहा कि हैदराबाद के एक अस्पताल में भर्ती कोरोनावायरस से संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए सभी लोगों के स्वास्थ्य पर एक चिकित्सीय दल नजर रख रहा है। तेलंगाना में कोरोनावायरस का पहला पुष्ट मामला सोमवार को हैदराबाद में सामने आया था जहां बंगलूरू का एक व्यक्ति इस विषाणु से संक्रमित पाया गया। यह व्यक्ति हाल में दुबई से लौटा था।
श्रीरामुलू ने सोमवार रात ट्वीट किया कि हमें जानकारी मिली है कि हैदराबाद का कोरोनावायरस प्रभावित व्यक्ति बंगलूरू से गया था। जहां वह ठहरा था, उस घर के सभी सदस्यों की पहचान हो चुकी है और उन पर निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि वायरस को फैलने से रोकने के लिए हमारी सरकार ने सभी उपाय किए हैं। यह पता चला है कि 24 वर्षीय व्यक्ति को यह संक्रमण तब नहीं था जब वह बंगलूरू में था, फिर भी पूरी सावधानी बरती जा रही है।
भारत में सामने आए तीन नए मामले
कोरोनावायरस से संक्रमण के तीन नए मामले भारत में सामने आए हैं। सोमवार को दिल्ली, जयपुर और तेलंगाना में एक-एक मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई। दिल्ली में संक्रमित व्यक्ति हाल ही में इटली और तेलंगाना में संक्रमित व्यक्ति दुबई से लौटा था जबकि जयपुर में मिला संक्रमित इटली का पर्यटक है।
भारत ने ईरानी नागरिकों को जारी वीजा रद्द किया
भारत ने सोमवार को ईरानी नागरिकों को जारी किए गए वीजा या ई-वीजा को रद्द करने का फैसला किया है। स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने कहा कि जैसे-जैसे स्थिति बदल रही है, हम अन्य देशों पर भी यात्रा प्रतिबंध लगाने पर विचार कर सकते हैं। मौजूदा यात्रा एडवाइजरी के अंतर्गत चीन और ईरान के ई-वीजा समेत सभी तरह के वीजा को निलंबित किया जा चुका है। अगर स्थिति आगे बदलती है, तो अन्य देशों पर भी यह एडवाइजरी लागू की जा सकती है। डॉक्टर हर्षवर्धन ने भारतीयों को सलाह दी है कि अगर बहुत जरूरी न हो तो चीन, ईरान, कोरिया, सिंगापुर और इटली जानें से बचें। उन्होंने कहा कि हमने अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं और अन्य देशों पर करीब से निगाह बनाए हुए हैं। गौरतलब है कि चीन के बाद कोरोना से सबसे अधिक मौतें ईरान में हुई हैं और इसका असर धीरे-धीरे बढ़ता जा रहा है। ईरान में अब तक 66 लोगों की मौत हो चुकी है और 1,501 लोग वायरस की चपेट में हैं।
दक्षिण कोरिया में कोरोनावायरस के मामलों की संख्या 5 हजार के करीब पहुंची
कोरोना वायरस के प्रकोप से चीन के बाद विश्व में सबसे ज्यादा प्रभावित दक्षिण कोरिया में संक्रमित लोगों की संख्या करीब पांच हजार पहुंच गई है। अधिकारियों ने मंगलवार को 477 नए मामलों की जानकारी दी।दक्षिण कोरिया रोग नियंत्रण एवं बचाव केंद्र (केसीडीसी) ने बताया कि दो और लोगों की मौत के साथ मृतकों की कुल संख्या 28 तक पहुंच गई है। केसीडीसी ने बताया कि देशभर में सामने आए 4,812 मामलों में से करीब 90 प्रतिशत दाएगू और पड़ोसी प्रांत उत्तर ग्योंगसांग से सामने आए।
वहीं, अधिकारियों ने शिंचेओंजी चर्च ऑफ जीसस के साथ जुड़े 2,60,000 से अधिक लोगों की जांच तेज कर दी है। संक्रमण के आधे से ज्यादा मामले इस धार्मिक समूह से जुड़े लोगों में पाए गए हैं। प्रकोप को देखते हुए कोरिया में पॉप संगीत कार्यक्रम से लेकर खेल कार्यक्रमों तक सैकड़ों आयोजनों को या तो रद्द करना पड़ा या स्थगित कर दिया गया है। वहीं, देशभर में स्कूलों की छुट्टियां तीन हफ्ते तक बढ़ा दी गई हैं।
चीन में मरने वालों की संख्या 2,943 पहुंची
चीन में कोरोनावायरस के कारण 31 और लोगों की मौत के साथ ही मरने वालों की संख्या 2,943 तक पहुंच गई। संक्रमण के 125 पुष्ट मामले सामने आए हैं, जो देश में कोरोना वायरस का प्रकोप शुरू होने के बाद से सबसे कम हैं। चीन के स्वास्थ्य अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
चीन में प्रकोप भले ही कम हो रहा हो लेकिन इस घातक बीमारी ने दुनियाभर में तबाही मचा रखी है। अब तक दुनिया के विभिन्न हिस्सों में 3,000 से अधिक लोगों की मौत कोरोनावायरस के कारण हो चुकी है और संक्रमण के 89,000 से अधिक मामले सामने आए हैं।
चीन के राष्ट्रीय स्वास्थ्य आयोग ने मंगलवार को कहा कि सोमवार को देश में कोविड-19 के कारण 31 लोगों की मौत हो गई और 125 नए मामलों की पुष्टी हुई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के मुताबिक दुनिया के 67 देशों में कोविड-19 के कारण 3,056 लोगों की मौत हुई है और 89,527 मामलों की पुष्टि हुई है।
अधिकारियों ने बताया कि जिन 31 लोगों की मौत हुई है, वे सभी हुबेई प्रांत और इसकी राजधानी वुहान के रहने वाले थे। 125 पुष्ट मामलों में से 114 हुबेई से हैं। आयोग ने कहा कि सोमवार के अंत तक चीन मुख्यभूमि पर पुष्ट मामलों की संख्या 80,151 तक पहुंच गई। इनमें से 2,943 लोगों की मौत हो गई, 30,004 मरीजों का उपचार चल रहा है और 47,204 लोगों को स्वस्थ होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा कि यह एक संक्रामक रोग है जो मानव के नए किस्म के कोरोनावायरस से संक्रमित होने के कारण फैला है और सही उपायों से इस पर काबू पाया जा सकता है। डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक टेडरोस अधारोम घेब्रेयेसस ने सोमवार को कहा कि इस महामारी को जानना और समझना इसे हराने की दिशा में पहला कदम है। उन्होंने बताया कि यह संक्रमित व्यक्ति के बोलने, खांसने या छींकने से भी फैलता है।