फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Congo Mine Collapse Updates artisanal gold mine Luhihi Kabare territory casualties rescue D Masumbuko Bwenge

Congo Mine Collapse: मध्य अफ्रीकी देश में सोने की खदान धंसी, 10 लोगों की मौत; बढ़ सकता है मृतकों का आंकड़ा

Fri, 25 Apr 2025 01:38 AM IST
शुभम कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, गोमा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, गोमा Published by: शुभम कुमार Updated Fri, 25 Apr 2025 01:38 AM IST
सार

पूर्वी कांगो के दक्षिण किवु प्रांत में एक कारीगर सोने की खदान ढह गई, जिसमें कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई। यह हादसा बुधवार देर रात कबारे क्षेत्र के लुहिही नाम की खदान में हुआ। अधिकारियों ने बताया कि कई शव अभी भी मलबे के नीचे दबे हुए हैं। 

विज्ञापन
Congo Mine Collapse Updates artisanal gold mine Luhihi Kabare territory casualties rescue D Masumbuko Bwenge
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कांगो से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां पूर्वी कांगो के दक्षिण किवु प्रांत में एक कारीगर सोने की खदान ढह गई, जिसमें कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई। यह हादसा बुधवार देर रात कबारे क्षेत्र के लुहिही नाम की खदान में हुआ, जो विद्रोहियों के नियंत्रण वाले इलाके में है। मामले में विद्रोही समूह द्वारा नियुक्त उप-गवर्नर दुनिया मसुम्बुको ब्वेंज ने जानकारी दी कि यह हादसा जलवायु परिवर्तन के कारण आई प्राकृतिक आपदा की वजह से हुआ। उन्होंने कहा कि खदान में सुरक्षा मानकों की भारी अनदेखी की गई थी। बता दें कि मामले में मृतकों का आंकड़ा बढ़ भी सकता है।
विज्ञापन


अभी भी मलबे में दबे हैं शव
इस हादसा की पूर्व गवर्नर जीन-जैक्स पुरुसी ने भी पुष्टि की है। साथ ही उन्होंने बताया कि कई शव अभी भी मलबे के नीचे दबे हुए हैं। ब्वेंज के अनुसार, अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें:- Palestine: 89 वर्षीय राष्ट्रपति अब्बास के उत्तराधिकारी की तलाश में पद सृजन, गाजा संकट के बीच फलस्तीन ने की पहल
विज्ञापन
विज्ञापन


विद्रोही समूह का बढ़ता प्रभाव
बता दें कि यह इलाका फिलहाल रवांडा समर्थित विद्रोही संगठन M23 के नियंत्रण में है। यह संगठन पूर्वी कांगो के कई क्षेत्रों पर कब्जा कर चुका है, जिसमें लुहिही और प्रांतीय राजधानी बुकावु शामिल हैं। वहीं जनवरी 2024 से M23 का प्रभाव और बढ़ा है। पहले उन्होंने उत्तरी किवु के शहर गोमा, और फिर फरवरी में बुकावु पर कब्जा कर लिया।


गौरतलब है कि एम23 एक ऐसा विद्रोही समूह है जो कांगो के खनिजों से भरपूर इलाकों में नियंत्रण के लिए लड़ रहा है। संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट के मुताबिक एम23 को रवांडा की सेना का भी समर्थन मिल रहा है। बीते दिनों कई बार विद्रोहियों ने कांगो की राजधानी किंशासा तक जाने की धमकी भी दी थी। वहीं कांगो के कुछ नेता मानते हैं कि अमेरिका के साथ खनिज समझौते और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध भी इस संघर्ष को रोकने में मदद नहीं कर पाए हैं।

ये भी पढ़ें:- Russia-Ukraine War: ट्रंप बोले- यूक्रेन में युद्ध समाप्ति 'बड़ी रियायत', रूस ने पूरे देश पर कब्जा नहीं किया

70 लाख से ज्यादा लोग विस्थापित
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार इस संघर्ष में 70 लाख से अधिक लोग विस्थापित हो चुके हैं। साथ ही यह दुनिया के सबसे बड़े मानवीय संकटों में से एक बन चुका है। संयुक्त राष्ट्र के विशेषज्ञों के अनुसार, एम23 विद्रोहियों को रवांडा से 4,000 सैनिकों का समर्थन प्राप्त है। इसके अलावा, दोनों पक्षों पर मानवाधिकार उल्लंघन के आरोप भी लगाए गए हैं, जिनकी जांच के लिए संयुक्त राष्ट्र ने एक आयोग गठित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed