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चीन इंटरनेट पर और सख्त, अब खबरों पर भी होगा सरकारी पहरा
amarujala.com- Presented by: पवन नाहर
Updated Thu, 04 May 2017 11:23 AM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : WordPress
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चीन ने ऑनलाइन न्यूज प्रोवाइरडर्स पर सख्ती दिखाने हुए नए इटंरनेट रेग्युलेशन जारी किए हैं। इस कदम के साथ ही इंटरनेट पर दिखाई जाने वाली खबरों पर सत्ता काबिज कॉम्युनिस्ट पार्टी का न सिर्फ कंट्रोल बढ़ेगा, बल्कि देश की इंटरनेट नीति भी और कड़ी हो जाएगी।
चीन में सत्तारूढ़ पार्टी ने संवेदनशील राजनैतिक खबरों को सेंसर करने का विशाल तंत्र तैयार किया है। चीन का तर्क है कि इस तरह की रोक राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर जरूरी हैं। अपने कंटेंट और संवेदनशीलता के चलते इन साइट्स पर रोक लगा दी जाएगी। इन्हें विशेष सॉफ्टवेयर के जरिए ही खोला जा सकता है, जो सरकार के कड़े कंट्रोल में है। बता दें की चीन में फेसबुक और ट्विटर पर भी पाबंदी है।
साइबरस्पेस एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ चाइन (सीएसी) के नए नियम 1 जून से लागू होंगे। इनके अनुसार पार्टी यह तय करेगी कि कौन इंटरनेट पर क्या लिखेगा। इसके साथ ही सरकार, अर्थव्यवस्था, सेना, विदेश नीति और सामाजिक मुद्दों पर खबर चुनने और प्रकाशित करने वाली सभी वेबसाइट्स, एप्स, फोरम्स, ब्लॉग, माइक्रोब्लॉग्स, सोशल मीडिया अकाइउंट्स, लाइव स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स के लिए लाइसेंस जरूरी होगा।
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सीएसी ने कहा कि ऑनलाइन न्यूज प्रदान करने वालों को 'सही सरकारी मार्गदर्शन' और 'समाजवाद' की सही समझ होनी जरूरी है। बिजनेस और संपादन को अलग रखा जाना चाहिए। निजी फंडिंग वाली वेबसाइट्स को रिपोर्टिंग की इजाजत नहीं होगी। इसके अलावा चीन अगले साल अपनी एन्साइक्लोपीडिया लॉन्च करेगा।
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चीन में सत्तारूढ़ पार्टी ने संवेदनशील राजनैतिक खबरों को सेंसर करने का विशाल तंत्र तैयार किया है। चीन का तर्क है कि इस तरह की रोक राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर जरूरी हैं। अपने कंटेंट और संवेदनशीलता के चलते इन साइट्स पर रोक लगा दी जाएगी। इन्हें विशेष सॉफ्टवेयर के जरिए ही खोला जा सकता है, जो सरकार के कड़े कंट्रोल में है। बता दें की चीन में फेसबुक और ट्विटर पर भी पाबंदी है।
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साइबरस्पेस एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ चाइन (सीएसी) के नए नियम 1 जून से लागू होंगे। इनके अनुसार पार्टी यह तय करेगी कि कौन इंटरनेट पर क्या लिखेगा। इसके साथ ही सरकार, अर्थव्यवस्था, सेना, विदेश नीति और सामाजिक मुद्दों पर खबर चुनने और प्रकाशित करने वाली सभी वेबसाइट्स, एप्स, फोरम्स, ब्लॉग, माइक्रोब्लॉग्स, सोशल मीडिया अकाइउंट्स, लाइव स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स के लिए लाइसेंस जरूरी होगा।
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सीएसी ने कहा कि ऑनलाइन न्यूज प्रदान करने वालों को 'सही सरकारी मार्गदर्शन' और 'समाजवाद' की सही समझ होनी जरूरी है। बिजनेस और संपादन को अलग रखा जाना चाहिए। निजी फंडिंग वाली वेबसाइट्स को रिपोर्टिंग की इजाजत नहीं होगी। इसके अलावा चीन अगले साल अपनी एन्साइक्लोपीडिया लॉन्च करेगा।