फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   China sentences Uyghur ex government officials to death for separatism

चीन की क्रूरता: दो पूर्व सरकारी अधिकारियों को मौत की सजा, उइगर मुस्लिमों के लिए उठाई थी आवाज

Wed, 07 Apr 2021 03:15 PM IST
दीप्ति मिश्रा वर्ल्ड न्यूज, अमर उजाला, बीजिंग
वर्ल्ड न्यूज, अमर उजाला, बीजिंग Published by: दीप्ति मिश्रा Updated Wed, 07 Apr 2021 03:15 PM IST
विज्ञापन
China sentences Uyghur ex government officials to death for separatism
चीन का ध्वज - फोटो : पिक्साबे

चीन उइगर मुसलमानों पर अत्याचारों को लेकर दुनिया भर से आलोचना झेल चुका है, लेकिन बावजूद शिनजियांग प्रांत में उइगर मुसलमानों पर ड्रैगन की क्रूरता लगातार बढ़ती ही जा रही है। हाल ही में चीन ने उइगर समुदाय के दो पूर्व सरकारी अधिकारियों को मौत की सजा सुना दी है।

विज्ञापन


रिपोर्ट के मुताबिक, चीन के शिनजियांग प्रांत की एक अदालत ने उइगर समुदाय के दो पूर्व सरकारी अधिकारयों को मौत की सजा सुनाई है। पूर्व सरकारी अधिकारियों के ऊपर चीन में रहते हुए अलगाववादी हरकतों को अंजाम देने का आरोप था। बता दें कि इन दोनों पूर्व सरकारी अधिकारियों ने उइगर मुस्लिमों के पक्ष में आवाज उठाई थी। शिनजियांग प्रांत सरकार की वेबसाइट पर मंगलवार को जारी एक बयान के मुताबिक, शिनजियांग न्याय विभाग के पूर्व प्रमुख शिरजात बावुदुन को देश को विभाजित करने की साजिश रचने के आरोप में मौत की सजा सुनाई गई है। पिछले दो साल से शिरजात बावुदुन के खिलाफ मुकदमा चल रहा था।
विज्ञापन


आतंकी संगठन से संबंध रखने का आरोप
चीन ने आरोप लगाया कि शिरजात बावुदुन के इस्ट तुर्किस्तान इस्लामिक मूवमेंट (ईटीआईएम) जिसे संयुक्त राष्ट्र ने आतंकी सगंठन घोषित किया है, उसके साथ संबंध थे। चीनी मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, शिरजात बावुदुन ने 2003 में तुर्किस्तान इस्लामिक मूवमेंट के किसी खास सदस्य से मुलाकात की थी। बता दें कि पिछले साल तुर्किस्तान इस्लामिक मूवमेंट को अमेरिका ने आतंकवादी संगठनों की लिस्ट से बाहर कर दिया था। अमेरिका ने कहा था कि इस संगठन के खिलाफ कुछ भी सबूत नहीं हैं, जिसके आधार पर इसे आतंकी संगठन करार दिया जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

शिक्षा विभाग के पूर्व प्रमुख को भी सजा-ए-मौत

शिरजात बावुदुन के अलावा चीन ने सत्तार सावूत नाम के पूर्व शिक्षा विभाग के बड़े अधिकारी को भी मौत की सजा सुनाई है।सत्तार सावूत शिनजियांग शिक्षा विभाग के पूर्व निदेशक हैं। सत्तार को धार्मिक उन्माद फैलाने, आतंकवादी संगठनों से संबंध रखने, धार्मिक कट्टरता को पाठ्यक्रम में शामिल करने और घूसखोरी करने के आरोप में फांसी की सजा सुनाई है। उइगर समुदाय के दोनों पूर्व सरकारी अधिकारियों को जल्द मौत की सजा दी जाएगी। 

चीन इस वक्त उइगर मुस्लिमों को लेकर पूरी दुनिया में आलोचना का सामना कर रहा है। अमेरिका और ब्रिटेन जैसे बड़े देश उइगर मुसलमानों पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ चीन पर दबाव भी बना रहे हैं ताकि चीन का प्रशासन उइगर मुस्लिमों के साथ इंसानो जैसा सलूक करे, लेकिन चीन के ताजा फैसले ने साबित कर दिया है कि अंतरराष्ट्रीय दबाव का चीन पर कोई फर्क नहीं पड़ता है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed