{"_id":"5f21eea650bbcf753377a717","slug":"china-launches-3-satellites-into-orbit-including-a-lobster-eye-to-hunt-dark-matter","type":"story","status":"publish","title_hn":"चीन ने लॉन्च किए तीन नए सैटेलाइट, उठाएंगे धरती के अनछुए राज से पर्दा","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
चीन ने लॉन्च किए तीन नए सैटेलाइट, उठाएंगे धरती के अनछुए राज से पर्दा
Thu, 30 Jul 2020 03:18 AM IST
योगेश साहू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग।
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग।
Published by: योगेश साहू
Updated Thu, 30 Jul 2020 03:18 AM IST
सार
- तीन नए सैटेलाइट लॉन्च कर चीन ने खुद को और मजबूत बनाया, दुनिया पर नजर
- दुनिया के वाणिज्यिक डाटा को इकट्ठा करने के मकसद से लॉन्च किए गए हैं सैटेलाइट
- 2050 तक विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में ग्लोबल लीडर बनने की तैयारी
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कोरोना को लेकर दुनिया के तमाम देशों के निशाने पर रहने वाला चीन खुद को विज्ञान और अंतरिक्ष के क्षेत्र में बेहद मजबूत करने में लगा हुआ है। अपने आधुनिकतम सैटेलाइट के जरिये चीन अब पूरी दुनिया पर नजर रखने और खासकर व्यापारिक और वाणिज्यिक डाटा इकट्ठा करने की कोशिश कर रहा है।
विज्ञापन
इसी मिशन के तहत उसने तीन सैटेलाइट की लॉन्चिंग की है। इन सैटेलाइट के जरिये पृथ्वी का अध्ययन करने के अलावा एक्स-रे लॉब्सटर आई से उन अनजाने अनछुए तथ्यों की तलाश करेगा जिस पर किसी की नजर नहीं गई है, साथ ही दुनिया के हर कोने से वाणिज्यिक डाटा भी इकट्ठा करेगा।
विज्ञापन
ताइयुआन सैटेलाइट लॉन्च सेंटर से जी युआन-3 (अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट) के अलावा दो अन्य सैटेलाइट लॉन्च किए गए हैं। चाइना एयरोस्पेस साइंस एंड टेक्नॉलॉजी कॉरपोरेशन ने अपने बयान में कहा है कि ये तीनों सैटेलाइट पृथ्वी के तमाम अनछुए पहलुओं को सामने लाने में मददगार साबित होंगे। चीन के आधिकारिक टीवी चैनल सीसीटीवी ने भी बताया है कि इससे चीन की आसमानी ताकत और वैज्ञानिक क्षमताएं और बढ़ेंगी।
विज्ञापन
चीन ने तय किया है कि उसे 2050 तक खुद को साइंस और इनोवेशन के क्षेत्र में ग्लोबल लीडर बनना है। इसके लिए उसने उद्योग के क्षेत्र में खुद को बेहद विकसित किया है और अब उसकी कोशिश दुनिया के तमाम देशों से विज्ञान और टेक्नॉलॉजी के क्षेत्र में सबसे आगे निकलने की है।