जानिए भारत-पाक रिश्तों पर क्या बोला अमेरिका?
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अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान के विदेश सचिवों के बीच 25 अगस्त को होने वाली वार्ता के स्थगित होने को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है।
उसका कहना है कि जो कुछ हुआ उसकी परवाह किए बिना दोनों देशों को आपसी संबंध सुधारने के लिए कदम उठाने चाहिए।
अमेरिकी विदेश विभाग की उप प्रवक्ता मैरी हर्फ ने कहा, "भारत और पाकिस्तान के बीच प्रस्तावित वार्ता का ठप होना दुर्भाग्यपूर्ण है। हम भारत और पाकिस्तान के द्विपक्षीय संबंधों को सुधारने के लिए उठाए जाने वाले सभी प्रयासों का समर्थन करना जारी रखेंगे।"
'अमेरिकी नीति में बदलाव से इनकार'
प्रवक्ता मैरी हर्फ ने कहा कि इस बात की परवाह किए बिना कि कौन सा पक्ष क्या कहता है, दोनों देशों को आपसी संबंध सुधारने के लिए कदम उठाने चाहिए।
हमारा मानना है कि दोनों देशों के बीच सीधी बातचीत हो। साथ ही हर्फ ने कहा कि कश्मीर मसले को लेकर अमेरिका की नीति में कोई बदलाव नहीं आया है।
उन्होंने कहा कि हमारा मानना है कि कश्मीर पर कोई भी बातचीत या फैसला भारत और पाकिस्तान के बीच ही होना चाहिए। इस मसले पर हमारी नीति में कोई परिवर्तन नहीं हुआ है और हम इसी पर आगे भी बरकरार रहेंगे।