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अमेरिका में पाकिस्तानी जासूस गिरफ्तार, 33 महीने की सजा
टीम डिजिटल/ अमर उजाला. दिल्ली
Updated Fri, 02 Sep 2016 11:27 AM IST
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- फोटो : getty
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अमेरिका में एक पाकिस्तानी जासूस को 33 महीनों की जेल की सजा हुई है। यह पाकिस्तानी जासूस अमेरिका सेना से जुड़ी संवेदनशील जानकारियों को पाकिस्तानी सेना को मुहैया करा रहा था। यह मामला अमेरिका के एरिजोना राज्य का है।
एरिजाना की एक न्यायालय ने 71-वर्षीय पाकिस्तानी नागरिक, सैयद वकर अशरफ को बिना लाइंसेस के सैन्य तकनीकों का आयात करना और अमेरिकी सेना के खिलाफ षडयंत्र रचने का दोषी पाया है। न्यायालाय ने अशरफ को 33 महीनों की सजा सुनाई है।
सुनवाई के दौरान सरकारी वकील ने बताया कि अशरफ ने अमेरिका में पहले सेना द्वारा प्रयोग में लाए जाने वाले यंत्र जाइरोस्कोपस् को जुटाया और फिर उसे अवैध रुप से बेल्जियम के रास्ते पाकिस्तान भेज दिया ताकि वे पाकिस्तानी सेना द्वारा इस्तेमाल किया जा सके।
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इसके बाद अशरफ ने बेल्जियम पहुंचकर इन यंत्रों की आखिरी बार जांच की और उसे पाकिस्तान भेजने की जुगत में जुट गया। अमेरिकी जांच एजेंसी के आग्रह पर बेल्जियम की फेडरल पुलिस ने अशरफ को बीते 26 अगस्त को गिरफ्तार कर लिया। अमेरिकी जांच एजेंसी ने बताया कि वो पिछले काफी दिनों से अशरफ की गतिविधियों पर नजर रखे हुई थी।
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एरिजाना की एक न्यायालय ने 71-वर्षीय पाकिस्तानी नागरिक, सैयद वकर अशरफ को बिना लाइंसेस के सैन्य तकनीकों का आयात करना और अमेरिकी सेना के खिलाफ षडयंत्र रचने का दोषी पाया है। न्यायालाय ने अशरफ को 33 महीनों की सजा सुनाई है।
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सुनवाई के दौरान सरकारी वकील ने बताया कि अशरफ ने अमेरिका में पहले सेना द्वारा प्रयोग में लाए जाने वाले यंत्र जाइरोस्कोपस् को जुटाया और फिर उसे अवैध रुप से बेल्जियम के रास्ते पाकिस्तान भेज दिया ताकि वे पाकिस्तानी सेना द्वारा इस्तेमाल किया जा सके।
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इसके बाद अशरफ ने बेल्जियम पहुंचकर इन यंत्रों की आखिरी बार जांच की और उसे पाकिस्तान भेजने की जुगत में जुट गया। अमेरिकी जांच एजेंसी के आग्रह पर बेल्जियम की फेडरल पुलिस ने अशरफ को बीते 26 अगस्त को गिरफ्तार कर लिया। अमेरिकी जांच एजेंसी ने बताया कि वो पिछले काफी दिनों से अशरफ की गतिविधियों पर नजर रखे हुई थी।