रूस पर क्यों आग बबूला हुआ अमेरिका
अमेरिका ने ईरान को मिसाइल-रोधी प्रणाली देने पर लगा प्रतिबंध हटाने के रूस के फैसले पर आपत्ति जताई है।अमेरिकी विदेश मंत्री जॉन केरी ने रूसी विदेश मंत्री सरगेई लावरोफ को फोन कर आपत्ति जताई है।
लेकिन रूसी विदेश मंत्री ने कहा कि रूस की तरफ से ईरान पर 2010 में लगाई गई एकतरफा रोक की अब कोई जरूरत नहीं बची है। इस सिलसिले में उन्होंने ईरान के विवादास्पद परमाणु कार्यक्रम पर समझौते की रूपरेखा पर पिछले महीने हुई सहमति का जिक्र किया।
इस बात का है डर
अमेरिका का कहना है कि ये रोक संयुक्त राष्ट्र के प्रतिबंधों के तहत लगाई गई थी और जून में ईरानी परमाणु मुद्दे पर अंतिम समझौता होने तक इस रोक को नहीं हटाया जाना चाहिए।
उधर ईरानी रक्षा मंत्री हुसैन देहगान ने कहना है कि रूस के फैसले से क्षेत्र में स्थिरता और सुरक्षा कायम करने में मदद मिलेगी। लेकिन इसराइल ने इस कदम की कड़ी आलोचना की है।
संवाददाताओं का कहना है कि इसराइल को डर है कि इस मिसाइल रोधी प्रणाली के कारण भविष्य में ईरानी परमाणु प्रतिष्ठान पर हवाई कार्रवाई करना मुश्किल होगा। वैसे प्रतिबंध जारी रहने के दौरान भी रूस और ईरान नजदीकी सहयोगी रहे थे।