फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   America back Boeing Starliner Spacecraft after 30 minutes for technical glitch

बोइंग स्टारलाइनर यान को छोड़ने के आधे घंटे में आई तकनीकी गड़बड़ी, नासा ने वापस बुलाया

Sun, 22 Dec 2019 03:56 AM IST
आसिम खान वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: आसिम खान Updated Sun, 22 Dec 2019 03:56 AM IST
विज्ञापन
America back Boeing Starliner Spacecraft after 30 minutes for technical glitch
नासा (फाइल फोटो)

अमेरिका में एटलस-5 रॉकेट के साथ छोड़ा गया द स्टारलाइनर नाम का एक मानवरहित कैप्सूल फ्लोरिडा स्थित स्टेशन से छोड़ा गया लेकिन कुछ तकनीकी गड़बड़ियों की वजह से यह आधे घंटे के भीतर ही अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के निर्धारित रास्ते से भटकने लगा। इसी कारण वैज्ञानिकों ने इसे तुरंत पृथ्वी पर वापस लाने का फैसला किया।

विज्ञापन


बता दें कि कैप्सूल किसी भी अंतरिक्ष यान में रॉकेट से इतर वह हिस्सा होता है जहां पर अंतरिक्ष यात्री बैठ सकते हैं। यह कैप्सूल नासा की उस योजना का हिस्सा था जिसमें अंतरिक्ष यात्रियों को कक्षा में ले जाना था। पृथ्वी से छोड़े जाने के मात्र 48 घंटे के भीतर इसे न्यू मेक्सिको में पैराशूट और एयरबैगों के माध्यम से सॉफ्ट लैंडिंग करनी होगी। 
विज्ञापन


बोइंग द्वारा निर्मित यह कैप्सूल अंतरिक्ष यात्रियों का परिवहन संभालने के लिए निजी कंपनी को सौंपने की नासा की रणनीति का हिस्सा था। माना जा रहा है कि द स्टारलाइनर कैप्सूल के इंजन से बहुत अधिक ईंधन खर्च हो रहा था। इस कारण मिशन अधूरा ही रह सकता था।
विज्ञापन
विज्ञापन


समय को लेकर हुई गड़बड़ी
नासा के प्रशासक जिम ब्राइडेंस्टाइन ने बताया कि कैप्सूल के साथ समय को लेकर गड़बड़ी हुई। इस कारण वह मिशन से भटक गया और गलत इंजन को चलाने की कोशिश करने लगा। मिशन को पूरा करने के लिए ईंधन की कमी भी आ सकती थी, जिससे बचाव बहुत मुश्किल हो जाता।


कैप्सूल में कोई होता तो यह नौबत न आती
भविष्य में स्टारलाइनर कैप्सूल में सवार होकर अंतरिक्ष में जाने के लिए चुने जा चुके नासा के अंतरिक्ष यात्री माइक फिंक ने कहा कि यदि हम उस कैप्सूल में होते तो शायद उड़ान नियंत्रण दल को हालातों से निपटने के लिए कुछ विकल्प सुझा पाते। लेकिन इसके लिए कुछ विशेषज्ञों का कैप्सूल में होना जरूरी था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed