US: 75 साल बाद मिशिगन झील में विमान की खोज समाप्त, 20 साल से चल रही थी; दुर्घटना में मारे गए थे 58 लोग
अमेरिका के इतिहास में सबसे भयावह विमान दुर्घटना की 75 साल बाद खोज बंद कर दी गई है। 20 साल की कोशिशों और लाखों डॉलर खर्च करने के बाद भी 1950 में मिशिगन झील में गिरे विमान का मलबा नहीं मिला। इस हादसे में 58 लोगों की मौत हो गई थी।
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अमेरिका के इतिहास में सबसे भयावह विमान दुर्घटना की 75 साल बाद खोज समाप्त हो गई है। एक समूह ने अब मिशिगन झील में 1950 में दुर्घटनाग्रस्त हुए विमान की खोज को बंद करने का फैसला किया है। इस विमान हादसे में 58 लोग मारे गए थे। यह खोज पिछले 20 साल से चल रही थी। समूह ने खोज में नई सोनार तकनीक का इस्तेमाल कर पानी के विशाल भाग की छानबीन की और एक प्रसिद्ध लेखक क्लाइव कुसलर का भी साथ मिला।
2004 में शुरू हुई थी विमान की खोज
जब नॉर्थवेस्ट ओरिएंट फ्लाइट 2501 दुर्घटनाग्रस्त हुई थी, तब यह अमेरिका का सबसे भयानक विमान हादसा था। मिशिगन शिपव्रेक एसोसिएशन की कार्यकारी निदेशक वैलेरी वैन हेस्ट ने कहा कि यह खोज 2004 में शुरू हुई थी और अब इसे रोकने का फैसला लेना उनके लिए आसान नहीं था।
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झील के 700 वर्ग मील क्षेत्र को खोजा
वैन हेस्ट ने कहा कि एक तरफ मुझे लगता है कि हम नाकाम रहे, क्योंकि हमें विमान का मलबा नहीं मिला। लेकिन दूसरी तरफ, हमने इस हादसे और मृतकों की याद को जिंदा रखने के लिए बहुत मेहनत की, इसलिए मुझे लगता है कि हमने फिर बी कुछ अच्छा किया है। उन्होंने बताया कि मिशिगन झील के करीब 700 वर्ग मील (1,813 वर्ग किलोमीटर) क्षेत्र को खोजा गया। वैज्ञानिकों का मानना है कि विमान छोटे-छोटे टुकड़ों में टूट गया और वह कीचड़ में धंस गया, इसलिए सोनार तकनीक से भी मलबा नहीं मिल सका।
23 जून, 1950 की रात न्यूयॉर्क से सिएटल के लिए भरी थी उड़ान
प्रोपेलर से चलने वाले डीसी-4 विमान ने 23 जून, 1950 की रात को न्यूयॉर्क के लागार्डियो एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी। इस विमान का गंतव्य सिएटल था और बीच में दो जगह रुकने की योजना थी। अचानक रास्ते में एक तेज तूफान आया और विमान गिर गया। मिशिगन के साउथ हेवन में विमान के कुछ टुकड़े और शरीर के अंग किनारे पर बहकर आए थे।
- वैन हेस्ट ने कहा कि हमें पता है कि विमान बहुत जोर से पानी से टकराया था और कोई नहीं बच सकता था। उन्होंने इस हादसे पर एक किताब भी लिखी है, जिसका नाम फैटल क्रॉसिंग है।
2017 तक मलबे की खोज के लिए कुसलर ने दिया था पैसा
क्लाइव कुसलर, जो साहसिक उपन्यास लिखते थे और पानी के अंदर जहाजों की खोज के लिए प्रसिद्ध थे, उन्होंने 2017 तक जहाज के मलबे की खोज के लिए पैसा दिया। 2020 में उनकी मृत्यु हो गई। कुसलर ने 2018 में लिखा था, 'मुझे उम्मीद है कि एक दिन इन लोगों के परिवारों को राहत जरूर मिलेगी।'
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