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26/11 मुंबई हमलाः आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा का भारत प्रत्यर्पण अटका, बचाव के लिए दायर हुई याचिका
Thu, 30 Mar 2023 10:48 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: नितिन गौतम
Updated Thu, 30 Mar 2023 10:48 AM IST
सार
जज जैक्लीन चूलजियान ने तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण मामले पर आखिरी सुनवाई जून 2021 में की थी और इस मामले से संबंधित दस्तावेज जुलाई 2021 में भरे गए थे। उसके बाद से तहव्वुर राना का भारत प्रत्यर्पण अटका हुआ है।
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तहव्वुर राणा मुंबई हमले का साजिशकर्ता
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
मुंबई हमले के आरोपी कनाडाई बिजनेसमेन तहव्वुर राणा का भारत प्रत्यर्पण अटक गया है। ऐसे में आरोपी ने इस मामले में अमेरिका की अदालत में वर्तमान स्थिति पर चर्चा (Status Conference) के लिए याचिका दायर की है। बता दें कि तहव्वुर राणा 26 नवंबर 2008 को मुंबई में हुए आतंकी हमले में आरोपी है और अमेरिका की जेल में बंद है। तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण का मामला बीते 20 महीनों से अमेरिकी की अदालत में अटका हुआ है लेकिन अदालत उस पर सुनवाई नहीं कर रही है।
बीते दो साल से नहीं हो रही सुनवाई
भारत सरकार ने तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित करने की अपील की थी और अमेरिकी सरकार को उसके मुंबई हमले में शामिल होने के सबूत भी सौंपे थे। इसके बाद अमेरिका की सरकार ने लॉस एंजेलेस की डिस्ट्रिक्ट कोर्ट से अपील की थी कि तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित कर दिया जाए। हालांकि डिस्ट्रिक्ट कोर्ट की जज जैक्लीन चूलजियान ने तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण मामले पर आखिरी सुनवाई जून 2021 में की थी और इस मामले से संबंधित दस्तावेज जुलाई 2021 में भरे गए थे।
उसके बाद से तहव्वुर राणा का भारत प्रत्यर्पण अटका हुआ है। अब जेल में बंद तहव्वुर राणा के वकील ने इस मामले में वर्तमान स्थिति पर चर्चा के लिए याचिका दायर की है। इस मामले में वर्तमान स्थिति पर चर्चा आगामी 25 अप्रैल को हो सकती है।
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ये भी पढ़ें- Mumbai Attack: अमेरिका ने कहा- मुंबई आतंकी हमले की यादें अब भी भारत-यूएस में ताजा, भयावह था वो दिन
मुंबई हमले की साजिश में शामिल था राणा
तहव्वुर राणा मुंबई आतंकी हमले के आरोपी डेविड कोलमैन हेडली का बचपन का दोस्त है और उसे बीते साल जून में लॉस एंजेलेस में गिरफ्तार किया गया था। आरोप है कि तहव्वुर राणा भी मुंबई हमले की साजिश में शामिल था और वह डेविड कोलमैन हेडली के इरादों के बारे में भी जानता था। तहव्वुर राणा ने हेडली की मदद भी की थी और दोनों के बीच कई मुलाकात भी हुईं थी। राणा जानता था कि हेडली आतंकी हमले की योजना बना रहा है। बता दें कि साल 2008 में हुए मुंबई हमले में कुल 166 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें छह अमेरिकी नागरिक भी शामिल थे।
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बीते दो साल से नहीं हो रही सुनवाई
भारत सरकार ने तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित करने की अपील की थी और अमेरिकी सरकार को उसके मुंबई हमले में शामिल होने के सबूत भी सौंपे थे। इसके बाद अमेरिका की सरकार ने लॉस एंजेलेस की डिस्ट्रिक्ट कोर्ट से अपील की थी कि तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित कर दिया जाए। हालांकि डिस्ट्रिक्ट कोर्ट की जज जैक्लीन चूलजियान ने तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण मामले पर आखिरी सुनवाई जून 2021 में की थी और इस मामले से संबंधित दस्तावेज जुलाई 2021 में भरे गए थे।
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उसके बाद से तहव्वुर राणा का भारत प्रत्यर्पण अटका हुआ है। अब जेल में बंद तहव्वुर राणा के वकील ने इस मामले में वर्तमान स्थिति पर चर्चा के लिए याचिका दायर की है। इस मामले में वर्तमान स्थिति पर चर्चा आगामी 25 अप्रैल को हो सकती है।
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मुंबई हमले की साजिश में शामिल था राणा
तहव्वुर राणा मुंबई आतंकी हमले के आरोपी डेविड कोलमैन हेडली का बचपन का दोस्त है और उसे बीते साल जून में लॉस एंजेलेस में गिरफ्तार किया गया था। आरोप है कि तहव्वुर राणा भी मुंबई हमले की साजिश में शामिल था और वह डेविड कोलमैन हेडली के इरादों के बारे में भी जानता था। तहव्वुर राणा ने हेडली की मदद भी की थी और दोनों के बीच कई मुलाकात भी हुईं थी। राणा जानता था कि हेडली आतंकी हमले की योजना बना रहा है। बता दें कि साल 2008 में हुए मुंबई हमले में कुल 166 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें छह अमेरिकी नागरिक भी शामिल थे।