West Bengal: IIT खड़कपुर में छात्र की हत्या मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने दी नार्को टेस्ट की अनुमति
न्यायाधीश राजशेखर मंथा की अदालत ने बुधवार को यह निर्देश दिए कि एसआईटी टीम में नए सदस्यों को शामिल कर सकती है। अपने आदेश में न्यायाधीश ने यह भी कहा कि फैजान के अवशेष जो 21 दिनों तक कोलकाता में रखे हुए हैं, उन्हें तीन दिनों के भीतर वापस डिब्रूगढ़ भेजा जाए...
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आईआईटी खड़गपुर के छात्र फैजान अहमद की हत्या मामले में, कलकत्ता हाईकोर्ट ने बुधवार को वर्तमान जांच अधिकारी को हटाते हुए तीन सदस्यीय एसआईटी गठन किया। इसका नेतृत्व आईपीएस के जयरामन करेंगे। कोर्ट ने साथ ही कहा, एसआईटी संदिग्ध लोगों का नार्को टेस्ट कर सकती है। न्यायाधीश राजशेखर मंथा की अदालत ने बुधवार को यह निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि एसआईटी टीम में नए सदस्यों को शामिल कर सकती है।
अपने आदेश में न्यायाधीश मंथा ने यह भी कहा कि फैजान के अवशेष जो 21 दिनों तक कोलकाता में रखे हुए हैं, उन्हें तीन दिनों के भीतर वापस डिब्रूगढ़ भेजा जाए। इसके साथ ही मां के आने-जाने का खर्चा भी राज्य सरकार वहन करेगी। उल्लेखनीय है कि 14 अक्तूबर, 2022 को आईआईटी खड़गपुर के तृतीय वर्ष के छात्र फैजान अहमद अपने छात्रावास में मृत मिले थे। तिनसुकिया निवासी 23 वर्षीय फैजान सलीम और रेहाना अहमद की इकलौती संतान थे।
शायद अब बेटे की लाश कब्र से निकालना न पड़े: रेहाना
आज जो कोर्ट ने निर्देश दिए हैं, शायद अब बेटे की लाश को फिर से कब्र से निकालने नहीं पड़े। आखिर कितनी बार कब्र से निकालेंगे बेटे की लाश को। कहते हुए फफक-फफक कर रो पड़ती हैं, फैजान अहमद की मां रेहाना। उन्होंने कहा, कोर्ट के माध्यम से हम बेटे के सिर से आत्महत्या का कलंक धोने में सफल रहे। आज कोर्ट ने जो निर्देश दिए, उससे फैजान को न्याय मिलने की उम्मीद और बढ़ गई है। इससे पहले दूसरे पोस्टमार्टम के बाद कोर्ट ने कहा था, फैजान ने आत्महत्या नहीं की थी, बल्कि उसकी हत्या हुई थी। साथ ही कोर्ट ने धारा 302 जोड़ने का निर्देश दिया था।
रेहाना ने कहा, अब शायद बेटे के शव को लेकर फिर दर-दर भटकना नहीं पड़ेगा। कितनी बार कब्र से बेटे की लाश को निकाल कर ढोएंगे हम। शायद अब बेटे की लाश को फिर कब्र से निकालना न पड़े। अब बेटे को शांति मिलेगी। पिछले 21 दिनों से बेटे के अवशेष पुलिस के कब्जे में हैं। आज कोर्ट ने पुलिस को तीन दिन के अंदर अवशेषों को डिब्रूगढ़ पहुंचाने का निर्देश दिए हैं।