{"_id":"5db74dd08ebc3e93b9524bc8","slug":"wish-for-health-happiness-and-prosperity-by-worshiping-govardhan-rishikesh-news-drn324268644","type":"story","status":"publish","title_hn":"गोवर्धन पूजा कर भगवान कृष्ण से की बेहतर स्वास्थ्य और सुख समृद्घि की कामना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गोवर्धन पूजा कर भगवान कृष्ण से की बेहतर स्वास्थ्य और सुख समृद्घि की कामना
विज्ञापन
चंद्रेश्वर मार्ग पर गोवर्धन पूजा करतीं महिलाएं।
- फोटो : RISHIKESH
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ऋषिकेश। चंद्रभागा में विभिन्न जगहों पर महिलाओं ने एकत्रित होकर गोवर्धन पूजा की। इस दौरान महिलाओं ने भगवान कृष्ण से अपने परिवार के पुरुषों (पिता, पति, भाई) के बेहतर स्वास्थ्य एवं सुख समृद्धि की कामना की।
विदित हो कि दीपावली का अगला दिन गोवर्धन पूजा के रूप में मनाया जाता है। सोमवार को चंद्रभागा मेें चंद्रेश्वर मार्ग और दुर्गा मंदिर के समीप महिलाएं गोवर्धन पूजा के लिए एकत्रित हुईं। इस दौरान उन्होंने जमीन पर गाय के गोबर से घर की कलाकृति बनाई और उसमें भगवान कृष्ण की स्थापना की। इसके बाद उन्होंने भगवान कृष्ण की आराधना शुरू की। श्रद्धा भाव से भगवान को रोली, चावल, खीर, बताशे, जल, दूध, पान, केसर, फूल चढ़ाए और भगवान कृष्ण के भजन-कीर्तन गाकर उनकी महिमा गाई। इस दौरान महिलाओं ने अपने परिवार के पुरुषों के बेहतर स्वास्थ्य और सुख समृद्धि की कामना की। चंद्रेश्वर मार्ग में गोवर्धन पूजा करने वाली एक महिला शैला देवी ने बताया कि इस दिन विवाहित और अविवाहित महिलाएं इस पूजा मेें शामिल होती हैं और भगवान कृष्ण की पूजा अर्चना करती हैं।
जयराम आश्रम में गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर आश्रम अध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी ने सभी को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भगवान कृष्ण ने इंद्रदेव का अभिमान समाप्त करने के लिए गोवर्धन पर्वत को अपनी कनिष्ठिका उंगली पर उठा लिया था। इससे इंद्रदेव का अभिमान चूर हुआ। उन्होंने बताया कि अभिमान हमेशा नीचे गिराता है और अपनों से दूर करता है। इसलिए कभी भी कितना ही ताकतवर और बड़ा बन जाओ, लेकिन घमंड मत करो। इस मौके पर सतपाल ब्रह्मचारी, महामंडलेश्वर रामेश्वर दास, हर्षवर्धन शर्मा, मेयर अनिता ममगाईं, राज्यमंत्री भगतराम कोठारी, जयेंद्र रमोला, दीप शर्मा, विनोद अग्रवाल, बचन पोखरियाल, जगमोहन सकलानी, गंगाराम आडवाणी, शिव सहगल, बिशन खन्ना, चंद्रशेखर शर्मा, अशोक शर्मा, शिवमोहन मिश्रा, मनमोहन सूदन, सोनी मिश्रा, राजीव गौड़, मधुकर शर्मा, पीडी शर्मा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विदित हो कि दीपावली का अगला दिन गोवर्धन पूजा के रूप में मनाया जाता है। सोमवार को चंद्रभागा मेें चंद्रेश्वर मार्ग और दुर्गा मंदिर के समीप महिलाएं गोवर्धन पूजा के लिए एकत्रित हुईं। इस दौरान उन्होंने जमीन पर गाय के गोबर से घर की कलाकृति बनाई और उसमें भगवान कृष्ण की स्थापना की। इसके बाद उन्होंने भगवान कृष्ण की आराधना शुरू की। श्रद्धा भाव से भगवान को रोली, चावल, खीर, बताशे, जल, दूध, पान, केसर, फूल चढ़ाए और भगवान कृष्ण के भजन-कीर्तन गाकर उनकी महिमा गाई। इस दौरान महिलाओं ने अपने परिवार के पुरुषों के बेहतर स्वास्थ्य और सुख समृद्धि की कामना की। चंद्रेश्वर मार्ग में गोवर्धन पूजा करने वाली एक महिला शैला देवी ने बताया कि इस दिन विवाहित और अविवाहित महिलाएं इस पूजा मेें शामिल होती हैं और भगवान कृष्ण की पूजा अर्चना करती हैं।
विज्ञापन
जयराम आश्रम में गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर आश्रम अध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी ने सभी को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भगवान कृष्ण ने इंद्रदेव का अभिमान समाप्त करने के लिए गोवर्धन पर्वत को अपनी कनिष्ठिका उंगली पर उठा लिया था। इससे इंद्रदेव का अभिमान चूर हुआ। उन्होंने बताया कि अभिमान हमेशा नीचे गिराता है और अपनों से दूर करता है। इसलिए कभी भी कितना ही ताकतवर और बड़ा बन जाओ, लेकिन घमंड मत करो। इस मौके पर सतपाल ब्रह्मचारी, महामंडलेश्वर रामेश्वर दास, हर्षवर्धन शर्मा, मेयर अनिता ममगाईं, राज्यमंत्री भगतराम कोठारी, जयेंद्र रमोला, दीप शर्मा, विनोद अग्रवाल, बचन पोखरियाल, जगमोहन सकलानी, गंगाराम आडवाणी, शिव सहगल, बिशन खन्ना, चंद्रशेखर शर्मा, अशोक शर्मा, शिवमोहन मिश्रा, मनमोहन सूदन, सोनी मिश्रा, राजीव गौड़, मधुकर शर्मा, पीडी शर्मा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन