पुष्पा वडेरा सरस्वती विद्या मंदिर इंटल कॉलेज, ढालवाला में परियोजना प्रबंधन इकाई उत्तराखंड राज्य विज्ञान प्रौद्योगिकी परिषद, उत्तराखंड जल संस्थान और राष्ट्रीय सेवा योजना प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वावधान में कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में जल सुरक्षा और जल की गुणवत्ता के बारे में विस्तृत चर्चा की गई।
प्राकृतिक संसाधन टेरी एसएएस नई दिल्ली के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर एसपी सिन्हा ने कहा कि जल की गुणवत्ता खराब होने के क्या कारण है, उन कारणों का कैसे निस्तारण किया जा सके, इसका हमें विशेष ध्यान रखना चाहिए। हमने सरकार के प्रयास से पूरे जिले में 26 वाटर क्वालिटी लैब स्थापित किए हैं। जिनके द्वारा जल की टेस्टिंग की जाती है। इसमें 15 क्वालिटी पेरामीटरस की टेस्टिंग की जाती है, जो कि स्वास्थ्य की दृष्टि से पेयजल के लिए उत्तम है। कार्यक्रम में नगरपालिका मुनिकीरेती अध्यक्ष रोशन रतूड़ी, जिला समन्वयक राष्ट्रीय सेवा योजना प्रकोष्ठ के डीएस तनवर, प्रधानाचार्य विजय बडोनी, प्रान्तीय समन्वयक डॉ. प्रशांत सिंह, जलकल अभियंता अनिल नेगी, वीरेन्द्र किशोर गौड़, बचन सिंह राणा, अनीता, जयवीर सिंह नेगी, मनोज कुमार गुप्ता, दिनेश सकलानी, नवनीश शर्मा, प्रभाकर भट्ट, बिशन सिंह, देवीशंकर नैथानी, नरेश पुंडीर, जयेन्द्र चमोली आदि थे।