{"_id":"6ada17fa42af6d37f9008f84","slug":"anand-mahindra-remembers-rishikesh-says-the-city-shouldnt-lose-its-soul-amid-development-rishikesh-news-c-38-1-sdrn1040-147985-2026-10-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rishikesh News: आनंद महिंद्रा को आई ऋषिकेश की याद, बोले - विकास के बीच अपनी आत्मा न खोए शहर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rishikesh News: आनंद महिंद्रा को आई ऋषिकेश की याद, बोले - विकास के बीच अपनी आत्मा न खोए शहर
Thu, 22 Oct 2026 07:34 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Thu, 22 Oct 2026 07:34 PM IST
विज्ञापन
- चोटीवाला रेस्तरां को बताया अपनी कैंटीन, स्वर्गाश्रम की पहाड़ियों में बनाई थी थीसिस फिल्म
- नए बदलावों को सराहा, पुरानी पहचान बचाए रखने की जताई उम्मीद
ऋषिकेश। उद्योगपति आनंद महिंद्रा को ऋषिकेश में बिताए अपने पुराने दिनों की याद आई है। महिंद्रा समूह के अध्यक्ष ने 18 अक्तूबर को सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट साझा कर चोटीवाला रेस्तरां से लेकर स्वर्गाश्रम की पहाड़ियों तक से जुड़ी यादें ताजा कीं। उन्होंने शहर में हो रहे बदलावों का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि विकास की दौड़ में ऋषिकेश अपनी मूल पहचान और आत्मा को बरकरार रखेगा।
आनंद महिंद्रा ने बताया कि अपनी थीसिस फिल्म बनाने के दौरान चोटीवाला रेस्तरां उनके लिए कैंटीन जैसा था जहां वह अक्सर भोजन करने जाते थे। वो यहां स्वर्गाश्रम के पीछे की पहाड़ियों में फिल्म बना रहे थे।
उन्होंने ऋषिकेश में नदी किनारे बने नए पैदल मार्ग और सार्वजनिक स्थलों के विकास को सराहनीय बताते हुए कहा कि शहर को संवारने में प्रकृति की अहम भूमिका रही है। बदलावों के बीच इसकी प्राकृतिक सुंदरता और मूल स्वरूप का संरक्षण भी जरूरी है। उन्होंने जल्द ऋषिकेश लौटकर शहर में आए बदलावों को खुद देखने की इच्छा जताई। महिंद्रा की पोस्ट पर सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने भी प्रतिक्रिया दी। लोगों ने गंगा किनारे बैठकर बहती धारा को निहारने के सुकून और शहर की पुरानी पहचान का जिक्र किया। पोस्ट ने विकास और सौंदर्यीकरण के साथ ऋषिकेश की प्राकृतिक व आध्यात्मिक विरासत को बचाए रखने की अहमियत को फिर चर्चा में ला दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
- नए बदलावों को सराहा, पुरानी पहचान बचाए रखने की जताई उम्मीद
ऋषिकेश। उद्योगपति आनंद महिंद्रा को ऋषिकेश में बिताए अपने पुराने दिनों की याद आई है। महिंद्रा समूह के अध्यक्ष ने 18 अक्तूबर को सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट साझा कर चोटीवाला रेस्तरां से लेकर स्वर्गाश्रम की पहाड़ियों तक से जुड़ी यादें ताजा कीं। उन्होंने शहर में हो रहे बदलावों का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि विकास की दौड़ में ऋषिकेश अपनी मूल पहचान और आत्मा को बरकरार रखेगा।
आनंद महिंद्रा ने बताया कि अपनी थीसिस फिल्म बनाने के दौरान चोटीवाला रेस्तरां उनके लिए कैंटीन जैसा था जहां वह अक्सर भोजन करने जाते थे। वो यहां स्वर्गाश्रम के पीछे की पहाड़ियों में फिल्म बना रहे थे।
विज्ञापन
उन्होंने ऋषिकेश में नदी किनारे बने नए पैदल मार्ग और सार्वजनिक स्थलों के विकास को सराहनीय बताते हुए कहा कि शहर को संवारने में प्रकृति की अहम भूमिका रही है। बदलावों के बीच इसकी प्राकृतिक सुंदरता और मूल स्वरूप का संरक्षण भी जरूरी है। उन्होंने जल्द ऋषिकेश लौटकर शहर में आए बदलावों को खुद देखने की इच्छा जताई। महिंद्रा की पोस्ट पर सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने भी प्रतिक्रिया दी। लोगों ने गंगा किनारे बैठकर बहती धारा को निहारने के सुकून और शहर की पुरानी पहचान का जिक्र किया। पोस्ट ने विकास और सौंदर्यीकरण के साथ ऋषिकेश की प्राकृतिक व आध्यात्मिक विरासत को बचाए रखने की अहमियत को फिर चर्चा में ला दिया।
विज्ञापन