{"_id":"6a5a675e1d92e47bd20a206e","slug":"student-enrollment-in-vocational-classes-dropped-by-37-percent-in-one-year-pithoragarh-news-c-230-1-alm1001-144399-2026-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pithoragarh News: वोकेशनल कक्षाओं में एक साल में 37 फीसदी घटी छात्रसंख्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pithoragarh News: वोकेशनल कक्षाओं में एक साल में 37 फीसदी घटी छात्रसंख्या
Fri, 17 Jul 2026 11:03 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Fri, 17 Jul 2026 11:03 PM IST
विज्ञापन
पिथौरागढ़। विद्यार्थियों को हुनरमंद बनाकर स्वरोजगार से जोड़ने की सरकारी योजना कौशल के अभाव में खुद दम तोड़ती दिख रही है। जिले के सरकारी स्कूलों में वोकेशनल (व्यावसायिक) पाठ्यक्रमों के प्रति छात्रों का मोहभंग इस कदर हुआ है कि महज एक साल के भीतर ही छात्र संख्या में 37 फीसदी की भारी गिरावट दर्ज की गई है। यह आंकड़ा न सिर्फ योजना की विफलता को बयां करता है बल्कि छात्रों के गिरते रुझान पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।
जिले में 29 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा कार्यक्रम संचालित है। इसमें कक्षा नौ से 12 वीं तक के विद्यार्थियों को आईटी ऑटोमोटिव, सिलाई, ब्यूटीशियन आदि का कौशल सिखाया जाता है ताकि वे भविष्य में उद्यम और व्यवसाय से जुड़कर आत्मनिर्भर बन सकें। पिछले शिक्षा सत्र 1940 विद्यार्थी वोकेशनल कक्षाओं में पंजीकृत थे। इस शिक्षा सत्र 727 छात्रसंख्या घटी है। सिर्फ 1213 विद्यार्थियों ने ही इस शिक्षा सत्र वोकेशनल कक्षाओं में नामांकन कराया। कौशल विकसित करने की योजना के प्रति छात्रों की घटती रुचि से शिक्षा विभाग भी चिंतित है।
-- -- -- -- -- --
कक्षा नौ में घटी 156 छात्रसंख्या
इस शिक्षा सत्र कक्षा नौ में 156 छात्रसंख्या घटी है। पिछले शिक्षा सत्र 658 जबकि इस बार 502 ही विद्यार्थियों ने ही वोकेशनल कक्षाओं के लिए नामांकन कराया है। वहीं पिछले शिक्षा सत्र 10 वीं कक्षा में 658 विद्यार्थी पंजीकृत थे जो इस बार 498 रह गए हैं। कक्षा 11 में इस शिक्षा सत्र 213 जबकि पिछली बार 624 विद्यार्थियों ने वोकेशनल कक्षाओं में नामांकन किया। चिंताजनक बात यह है कि इस बार कक्षा नौ और दसवीं में 10 तो कक्षा 11 वीं में 18 विद्यालयों में वोकेशनल कक्षाओं में छात्रसंख्या शून्य है।
विज्ञापन
-- --
विद्यालयों की ओर से व्यावसायिक शिक्षा में नए प्रवेश के लिए प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। उम्मीद है छात्रसंख्या बढ़ेगी। -तरुण कुमार पंत, सीईओ, पिथौरागढ़
विज्ञापन
जिले में 29 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा कार्यक्रम संचालित है। इसमें कक्षा नौ से 12 वीं तक के विद्यार्थियों को आईटी ऑटोमोटिव, सिलाई, ब्यूटीशियन आदि का कौशल सिखाया जाता है ताकि वे भविष्य में उद्यम और व्यवसाय से जुड़कर आत्मनिर्भर बन सकें। पिछले शिक्षा सत्र 1940 विद्यार्थी वोकेशनल कक्षाओं में पंजीकृत थे। इस शिक्षा सत्र 727 छात्रसंख्या घटी है। सिर्फ 1213 विद्यार्थियों ने ही इस शिक्षा सत्र वोकेशनल कक्षाओं में नामांकन कराया। कौशल विकसित करने की योजना के प्रति छात्रों की घटती रुचि से शिक्षा विभाग भी चिंतित है।
विज्ञापन
कक्षा नौ में घटी 156 छात्रसंख्या
इस शिक्षा सत्र कक्षा नौ में 156 छात्रसंख्या घटी है। पिछले शिक्षा सत्र 658 जबकि इस बार 502 ही विद्यार्थियों ने ही वोकेशनल कक्षाओं के लिए नामांकन कराया है। वहीं पिछले शिक्षा सत्र 10 वीं कक्षा में 658 विद्यार्थी पंजीकृत थे जो इस बार 498 रह गए हैं। कक्षा 11 में इस शिक्षा सत्र 213 जबकि पिछली बार 624 विद्यार्थियों ने वोकेशनल कक्षाओं में नामांकन किया। चिंताजनक बात यह है कि इस बार कक्षा नौ और दसवीं में 10 तो कक्षा 11 वीं में 18 विद्यालयों में वोकेशनल कक्षाओं में छात्रसंख्या शून्य है।
विज्ञापन
विद्यालयों की ओर से व्यावसायिक शिक्षा में नए प्रवेश के लिए प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। उम्मीद है छात्रसंख्या बढ़ेगी। -तरुण कुमार पंत, सीईओ, पिथौरागढ़