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Pithoragarh News: फिर धधकने लगे पहाड़ के जंगल
Thu, 11 May 2023 11:29 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Thu, 11 May 2023 11:29 PM IST
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थल के हजेती जंगल से आग के चलते उठता धुंआ। संवाद
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अस्कोट/थल (पिथौरागढ़)। सीमांत जिले के जंगल एक बार फिर धधकने लगे हैं। सूचना देने के बाद भी वन विभाग की टीम आग बुझाने नहीं पहुंची। प्रधान ने श्रमिक लगाकर आग पर काबू पाया। आग से बहुमूल्य वन संपदा को तो नुकसान पहुंच ही इसके धुएं से पर्यावरण भी प्रदूषित हो रहा है।
अस्कोट क्षेत्र में बुधवार को देवल वन पंचायत और खोलिया गांव के जंगल में आग लग गई। यह आग खोलिया गांव के विक्रम सिंह पाल की गोशाला तक पहुंच गई। बाद में ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया गया। इसके अलावा बुधवार शाम से ही कूटा, जमतड़ी, हिनकोट, गरखा के जंगलों में आग धधकती रही।
हिनकोट के प्रधान बहादुर सिंह बिष्ट ने बताया कि वन विभाग के अस्कोट कंट्रोल कक्ष में आग लगने की सूचना दी गई। सरपंच का भी कहीं पता नहीं था। आग हुष्कर देव मंदिर तक पहुंच गई। आग को फैलता देख उन्होंने श्रमिक लगाकर मंदिर को बचाया।अस्कोट में आग लगने की घटना की जानकारी जिला मुख्यालय स्थित कंट्रोल रूप में भी नहीं है।
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उधर बुधवार शाम सात बजे वन विभाग के हजेती रेंज के कालीगाड़ और पड़ियात क्षेत्र के जंगल आग से धधकते रहे। चारों ओर धुआं फैला था। थल बाजार से रात साढ़े दस बजे आग की लपटें प्रचंड रूप से दिख रही थी। बेड़ीनाग रेंज की रेंजर चंदू महरा ने बताया कि आग की सूचना पर टीम भेजी। आग पर काबू पा लिया गया है।
बता दें कि बीते दिन मौसम साफ रहने से कई क्षेत्रों के जंगलों में आग का धुंआ उठता देखा गया। पिछले दिनों बारिश होने से वन विभाग को जरूर राहत मिली लेकिन दो दिन से मौसम साफ रहने से सीमांत के जंगल फिर से जल रहे हैं।
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अस्कोट क्षेत्र में बुधवार को देवल वन पंचायत और खोलिया गांव के जंगल में आग लग गई। यह आग खोलिया गांव के विक्रम सिंह पाल की गोशाला तक पहुंच गई। बाद में ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया गया। इसके अलावा बुधवार शाम से ही कूटा, जमतड़ी, हिनकोट, गरखा के जंगलों में आग धधकती रही।
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हिनकोट के प्रधान बहादुर सिंह बिष्ट ने बताया कि वन विभाग के अस्कोट कंट्रोल कक्ष में आग लगने की सूचना दी गई। सरपंच का भी कहीं पता नहीं था। आग हुष्कर देव मंदिर तक पहुंच गई। आग को फैलता देख उन्होंने श्रमिक लगाकर मंदिर को बचाया।अस्कोट में आग लगने की घटना की जानकारी जिला मुख्यालय स्थित कंट्रोल रूप में भी नहीं है।
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उधर बुधवार शाम सात बजे वन विभाग के हजेती रेंज के कालीगाड़ और पड़ियात क्षेत्र के जंगल आग से धधकते रहे। चारों ओर धुआं फैला था। थल बाजार से रात साढ़े दस बजे आग की लपटें प्रचंड रूप से दिख रही थी। बेड़ीनाग रेंज की रेंजर चंदू महरा ने बताया कि आग की सूचना पर टीम भेजी। आग पर काबू पा लिया गया है।
बता दें कि बीते दिन मौसम साफ रहने से कई क्षेत्रों के जंगलों में आग का धुंआ उठता देखा गया। पिछले दिनों बारिश होने से वन विभाग को जरूर राहत मिली लेकिन दो दिन से मौसम साफ रहने से सीमांत के जंगल फिर से जल रहे हैं।