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Pithoragarh News: नवरात्र पर देवी के रूप में जन्मी हैं 27 कन्याएं
Mon, 23 Oct 2023 10:52 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Mon, 23 Oct 2023 10:52 PM IST
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पिथौरागढ़ में 108 में जन्मी कन्या। स्रोत: 108 जिला प्रभारी
पिथौरागढ़। नवरात्र पर लोगों के घरों में देवी स्वरूप कन्या जन्मी तो परिवार के चेहरे खुशी से खिल गए। परिजनों ने नवरात्र में कन्या जन्म को शुभ संकेत माना। उन्होंने बेटे के समान बेटी की देखभाल और उसका भविष्य को संवारने का संकल्प लिया।
पिथौरागढ़ जिला महिला अस्पताल में पड़ताल की गई। यहां 15 अक्तूबर से 23 अक्तूबर तक 26 कन्याओं ने जन्म लिया। यहां नौ दिन 35 बालकों ने भी जन्म लिया। पिथौरागढ़ निवासी मोनिका देवी का कहना है कि बेटा-बेटी में कोई अंतर नहीं है। नवरात्र में स्वयं देवी घर में पधारी हैं और हमें इनकी सेवा करने का अवसर मिला है। नवरात्र में बेटी के रूप में सुख समृद्धि और खुशियां परिवार में आई हैं।
बसंतकोट की दीपा देवी और उनके पति सुरेंद्र दशौनी का कहना है कि पहली बार बच्चे के रूप में बिटिया पैदा हुई है। वह और उनका पूरा परिवार बेटी के जन्म पर बहुत खुश है। उन्होंने कहा कि बिटिया को अच्छी शिक्षा दिलाकर बेटे से भी बढ़कर परवरिश करेंगी। जिला अस्पताल के पीएमएस और वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. जेएस नबियाल का कहना है कि वह अस्पताल में आने वाले लोगों को हमेशा जागरूक करते हैं। 108 के जिला प्रभारी भाष्कर शर्मा ने बताया कि 108 में नौ दिन में सिर्फ एक कन्या ने जन्म लिया।
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बेटियों को बचाने के लिए चलाया जा रहा है अभियान
पिथौरागढ़। विभिन्न संगठनों के साथ मिलकर बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग बेटियों को बचाने के लिए अभियान चला रहा है। तीलू रौतेली पुरस्कार प्राप्तकर्ता हेमा थलाल, डॉ. पीतांबर अवस्थी, शिक्षक मोहन पाठक सहित कई लोग जागरूकता अभियान चला रहे हैं। संवाद
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पिथौरागढ़ में अप्रैल से सितंबर तक जन्मे बच्चे
माह - बालक - बालिका
अप्रैल- 66 - 41
मई - 90 - 84
जून- 92 - 80
जुलाई - 100 - 75
अगस्त - 124 - 89
सितंबर - 128 - 99
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पिथौरागढ़ जिला महिला अस्पताल में पड़ताल की गई। यहां 15 अक्तूबर से 23 अक्तूबर तक 26 कन्याओं ने जन्म लिया। यहां नौ दिन 35 बालकों ने भी जन्म लिया। पिथौरागढ़ निवासी मोनिका देवी का कहना है कि बेटा-बेटी में कोई अंतर नहीं है। नवरात्र में स्वयं देवी घर में पधारी हैं और हमें इनकी सेवा करने का अवसर मिला है। नवरात्र में बेटी के रूप में सुख समृद्धि और खुशियां परिवार में आई हैं।
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बसंतकोट की दीपा देवी और उनके पति सुरेंद्र दशौनी का कहना है कि पहली बार बच्चे के रूप में बिटिया पैदा हुई है। वह और उनका पूरा परिवार बेटी के जन्म पर बहुत खुश है। उन्होंने कहा कि बिटिया को अच्छी शिक्षा दिलाकर बेटे से भी बढ़कर परवरिश करेंगी। जिला अस्पताल के पीएमएस और वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. जेएस नबियाल का कहना है कि वह अस्पताल में आने वाले लोगों को हमेशा जागरूक करते हैं। 108 के जिला प्रभारी भाष्कर शर्मा ने बताया कि 108 में नौ दिन में सिर्फ एक कन्या ने जन्म लिया।
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बेटियों को बचाने के लिए चलाया जा रहा है अभियान
पिथौरागढ़। विभिन्न संगठनों के साथ मिलकर बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग बेटियों को बचाने के लिए अभियान चला रहा है। तीलू रौतेली पुरस्कार प्राप्तकर्ता हेमा थलाल, डॉ. पीतांबर अवस्थी, शिक्षक मोहन पाठक सहित कई लोग जागरूकता अभियान चला रहे हैं। संवाद
पिथौरागढ़ में अप्रैल से सितंबर तक जन्मे बच्चे
माह - बालक - बालिका
अप्रैल- 66 - 41
मई - 90 - 84
जून- 92 - 80
जुलाई - 100 - 75
अगस्त - 124 - 89
सितंबर - 128 - 99