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दाखिल खारिज की सौ पत्रावलियां तैयार की
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हल्द्वानी। दाखिल खारिज मामले में लेखपालों द्वारा कार्य बहिष्कार वापस लेने के बाद तहसील स्तर पर दाखिल खारिज की प्रक्रिया शुरू हो गई है। सोमवार को राजस्व अधिकारियों ने पांच माह से लंबित दाखिल खारिज की सौ पत्रावलियां तैयार की, हालांकि देर शाम तक इन पत्रावलियों में संबधित अधिकारी के हस्ताक्षर नहीं हुए थे।
चार फरवरी से लेखपालों ने अपनी मांगों को लेकर दाखिल खारिज में आख्या लगाने का बहिष्कार शुरू किया था। जिसके चलते जिले में दाखिल खारिज का काम ठप था। रविवार को शासन से आश्वासन मिलने के बाद लेखपालों ने आख्या लगाने पर सहमति जताई। जिसके बाद सोमवार को हल्द्वानी तहसील में दाखिल खारिज की पत्रावलियों तैयार करना शुरू कर दिया है। तहसीलदार पीआर आर्या ने बताया कि लेखपालों की हड़ताल के बाद से हल्द्वानी तहसील में दाखिल खारिज के 1200 मामले लंबित थे जिनमें से सोमवार को सौ पत्रावलियों में दाखिल खारिज की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
दाखिल खारिज की सौ पत्रावलियां तैयार
लेखपालों का कार्य बहिष्कार खत्म होने से भूमि खरीदारों को राहत
दाखिल खारिज के बाद ही मिलता है मालिकाना हक
हल्द्वानी। जमीन की खरीद फरोख्त के बाद क्रेता को खरीदी गई भूमि की रजिस्ट्री और दाखिल खारिज कराना होता है। रजिस्ट्री तो हाथों हाथ हो जाती है लेकिन दाखिल खारिज संबंधी प्रक्रिया रजिस्ट्री के चालीस दिन बाद होती है। दाखिल खारिज संबंधी प्रक्रिया भी तभी शुरू होती है जब संबंधित क्षेत्र का लेखपाल पत्रावली में आख्या लगाता है। दाखिल खारिज के बाद ही संबंधित व्यक्ति को खरीदी गई भूमि का मालिकाना हक मिलता है।
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चार फरवरी से लेखपालों ने अपनी मांगों को लेकर दाखिल खारिज में आख्या लगाने का बहिष्कार शुरू किया था। जिसके चलते जिले में दाखिल खारिज का काम ठप था। रविवार को शासन से आश्वासन मिलने के बाद लेखपालों ने आख्या लगाने पर सहमति जताई। जिसके बाद सोमवार को हल्द्वानी तहसील में दाखिल खारिज की पत्रावलियों तैयार करना शुरू कर दिया है। तहसीलदार पीआर आर्या ने बताया कि लेखपालों की हड़ताल के बाद से हल्द्वानी तहसील में दाखिल खारिज के 1200 मामले लंबित थे जिनमें से सोमवार को सौ पत्रावलियों में दाखिल खारिज की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
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दाखिल खारिज की सौ पत्रावलियां तैयार
लेखपालों का कार्य बहिष्कार खत्म होने से भूमि खरीदारों को राहत
दाखिल खारिज के बाद ही मिलता है मालिकाना हक
हल्द्वानी। जमीन की खरीद फरोख्त के बाद क्रेता को खरीदी गई भूमि की रजिस्ट्री और दाखिल खारिज कराना होता है। रजिस्ट्री तो हाथों हाथ हो जाती है लेकिन दाखिल खारिज संबंधी प्रक्रिया रजिस्ट्री के चालीस दिन बाद होती है। दाखिल खारिज संबंधी प्रक्रिया भी तभी शुरू होती है जब संबंधित क्षेत्र का लेखपाल पत्रावली में आख्या लगाता है। दाखिल खारिज के बाद ही संबंधित व्यक्ति को खरीदी गई भूमि का मालिकाना हक मिलता है।
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