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थ्रेशर की चिंगारी से गेहूं के ढेर में लगी आग
अमर उजाला/किशनपुर (कोटद्वार)।
Updated Fri, 08 Apr 2016 08:25 PM IST
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आग बुझाते फायर ब्रिगेड कर्मी।
- फोटो : अमर उजाला
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भाबर के जयदेवपुर सिगड्डी में उस वक्त हड़कंप मच गया जब गेहूं की मंडाई के दौरान थ्रेशर मशीन से निकली चिंगारी से गेहूं के ढेर पर आग लग गई और देखते ही देखते कई बीघा फसल राख हो गई। ग्रामीणों ने फायर ब्रिगेड सर्विस को सूचना दी और बड़ी मशक्कत से किसी तरह आग पर काबू पाया। उन्होंने प्रशासन से भाबर क्षेत्र के लिए अतिरिक्त अग्निशमन वाहन उपलब्ध करवानेे की मांग की है।
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शुक्रवार को सिगड्डी के जयदेवपुर गांव में स्थानीय निवासी दिनेश चंद्र भारद्वाज अपने गेहूं की मंडाई करवा रहे थे। मंडाई शुरू करने के कुछ ही देर बाद करीब दो बजे थ्रेशर मशीन से निकली चिंगारी से गेहूं के ढेर ने आग पकड़ ली। तेज गर्मी और ढेर के सूखे होने के कारण आग इतनी तेजी से फैली की आग को देखकर मौजूद ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। उन्होंने किसी तरह थ्रेशर मशीन वहां से हटाई और आग बुझाने का प्रयास करने लगे। इसी बीच ग्रामीणों ने कलालघाटी पुलिस चौकी और फायर सर्विस को घटना की सूचना दी। देखते ही देखते ग्रामीणों की भीड़ लग गई और उन्होंने काफी मशक्कत से आग पर काबू तो पाया पर फसल को राख होने से नहीं बचा पाए। अग्निशमन वाहन घटना के करीब एक घंटे बाद पहुंची तब तक कई बीघा खेत की फसल राख हो चुकी थी। ग्रामीणों ने प्रशासन से मुआवजे की मांग की है।
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हर वर्ष आगजनी से होता है काश्तकारों को नुकसान
स्थानीय ग्रामीण पुष्कर जोशी, इंद्रमणी जोशी, पूरण चंद्र पंत, विष्णु दत्त सती, विनोद मेहरा, धर्मानंद, काशीराम ने कहा कि इन दिनों भाबर क्षेत्र में चारों तरफ खेतों में गेहूं की फसल खड़ी रहती है। हर वर्ष भाबर क्षेत्र में आगजनी से काश्तकारों को गेहूं की फसल का नुकसान होता रहता है। फायर सर्विस को सूचना देने पर भी दूरी ज्यादा होने के कारण वाहन समय से नहीं पहुंच पाता है जिसका खामियाजा काश्तकार और ग्रामीणों को भुगतना पड़ता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से भाबर क्षेत्र के लिए अतिरिक्त अग्निशमन वाहन उपलब्ध कराने की मांग की है।
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