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मकान गिरने/क्षतिग्रस्त होने पर मिलेगी दो लाख रुपये की सहायता राशि
अमर उजाला/पौड़ी।
Updated Sat, 16 Jul 2016 10:24 PM IST
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राज्य सरकार ने मानसून सत्र के दौरान दैवी आपदा के प्रभावितों को दी जाने वाली सहायता राशि में 20 से 100 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी कर दी है। मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश पर इसका शासनादेश जारी कर दिया गया है। अब आपदा काल में मकान गिरने और क्षतिग्रस्त होने पर मैदानी और पर्वतीय क्षेत्रों में दो लाख रुपये तक की सहायता राशि दी जाएगी। पहले मैदानी क्षेत्रों में मकान गिरने पर 95 हजार सौ रुपये जबकि पर्वतीय इलाकों में एक लाख उन्नीस सौ रुपये दिए जाते थे।
राज्य आपदा मोचन निधि (एसडीआरएफ) की ओर से मानसून अवधि 15 जून से 30 सितंबर 2016 तक प्राकृतिक आपदा प्रभावित परिवारों/व्यक्तियों की राहत राशि के विभिन्न मदों में संशोधन का शासनादेश आयुक्तों और प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को भेज दिए गए हैं। शासनादेश के तहत आपदा काल में मकान पूर्ण/तीष्ण रूप से गिरने पर सहायता राशि में करीब सौ फीसदी तक की बढ़ोत्तरी की गई है। प्रति व्यक्ति कपड़ों के लिए दी जाने वाली सहायता राशि 1800 रुपये से बढ़ाकर 2200 रुपये कर दी गई है। घरेलू सामान के लिए आर्थिक मदद प्रति व्यक्ति दो हजार रुपये से बढ़ाकर 2800 रुपये कर दी गई है।
प्रभावितों को मिलेगा मकान का किराया
दैवी आपदा काल में मकान गिरने या क्षतिग्रस्त होने पर पीड़ित परिवार/व्यक्ति को टैंटों या कहीं शरण देने के बजाय उन्हें तीन हजार रुपये आवास का किराया दिया जाएगा। मासिक किराया मकान गिरने/क्षतिग्रस्त होने की तिथि से छह माह तक दिया जाएगा। यदि किसी कि पास रहने की वैकल्पिक व्यवस्था होगी तो उसे किराया नहीं मिलेगा। ब्यूरो
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दैवी आपदा काल में पीड़ित परिवारों को दी जाने वाली सहायता राशि का आंकलन किया गया था। मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश पर सहायता राशि बढ़ाई गई है। उन्हें यह महसूस हुआ कि सहायता राशि कम है। इसलिए इस पर तत्काल शासनादेश जारी कर दिया गया है।
- शैलैष बगोली, सचिव आपदा प्रबंधन
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राज्य आपदा मोचन निधि (एसडीआरएफ) की ओर से मानसून अवधि 15 जून से 30 सितंबर 2016 तक प्राकृतिक आपदा प्रभावित परिवारों/व्यक्तियों की राहत राशि के विभिन्न मदों में संशोधन का शासनादेश आयुक्तों और प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को भेज दिए गए हैं। शासनादेश के तहत आपदा काल में मकान पूर्ण/तीष्ण रूप से गिरने पर सहायता राशि में करीब सौ फीसदी तक की बढ़ोत्तरी की गई है। प्रति व्यक्ति कपड़ों के लिए दी जाने वाली सहायता राशि 1800 रुपये से बढ़ाकर 2200 रुपये कर दी गई है। घरेलू सामान के लिए आर्थिक मदद प्रति व्यक्ति दो हजार रुपये से बढ़ाकर 2800 रुपये कर दी गई है।
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प्रभावितों को मिलेगा मकान का किराया
दैवी आपदा काल में मकान गिरने या क्षतिग्रस्त होने पर पीड़ित परिवार/व्यक्ति को टैंटों या कहीं शरण देने के बजाय उन्हें तीन हजार रुपये आवास का किराया दिया जाएगा। मासिक किराया मकान गिरने/क्षतिग्रस्त होने की तिथि से छह माह तक दिया जाएगा। यदि किसी कि पास रहने की वैकल्पिक व्यवस्था होगी तो उसे किराया नहीं मिलेगा। ब्यूरो
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दैवी आपदा काल में पीड़ित परिवारों को दी जाने वाली सहायता राशि का आंकलन किया गया था। मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश पर सहायता राशि बढ़ाई गई है। उन्हें यह महसूस हुआ कि सहायता राशि कम है। इसलिए इस पर तत्काल शासनादेश जारी कर दिया गया है।
- शैलैष बगोली, सचिव आपदा प्रबंधन