फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Kotdwar News ›   Fire came to the judge in Pauri accommodation

पौड़ी में जज आवास के पास पहुंची आग

Thu, 19 May 2016 09:52 PM IST
अमर उजाला/पौड़ी।
अमर उजाला/पौड़ी। Updated Thu, 19 May 2016 09:52 PM IST
विज्ञापन
Fire came to the judge in Pauri accommodation
जंगल में लगी आग। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो

जिले में जंगलों में आग की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। बृहस्पतिवार को रांसी का जंगल धधकने से आग जिला जज के आवास के पास तक पहुंच गई। वन विभाग, फायर ब्रिगेड के जवानों और थाना पुलिस ने मिलकर आग पर काबू पाया। आग बुझाते वक्त दो वन कर्मी मामूली रूप से झुलस गए। एक कर्मचारी का हाथ और दूसरे का पैर आंशिक रूप से झुलस गया। जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद दोनों कर्मियों को छुट्टी दे दी गई।

विज्ञापन

बुधवार देर रात से शहर से 40 किलोमीटर दूर स्थित सुमाड़ी के जंगल में आग लग गई। अमकोटी, ढांढरी, गोथला, ननकोट, मांडाखाल के जंगल भी धधक उठे। उधर, खांड्यूसैंण के जंगल में कई हेक्टेयर वन क्षेत्र जल गया। दून से घर आए ग्रामीण देवेंद्र रावत ने ग्राम प्रहरी के साथ मिलकर आग पर काबू पाया।
विज्ञापन


जान पर खेलकर बचाई जंगल की आग
पौड़ी। देहरादून से छुट्टी पर गांव पहुंचे खांड्यूसैंण निवासी देवेंद्र सिंह रावत ने ग्राम प्रहरी योगंबर सिंह की मदद से ओजली वन पंचायत के जंगल को आग से नष्ट होने से बचा लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

पौड़ी-देवप्रयाग मार्ग पर वंतापानी (खांड्यूसैंण) के समीप ओजली वन पंचायत के मिश्रित वन में बृहस्पतिवार की सुबह अचानक आग भड़क गई। आग से कई हेक्टेयर जंगल राख हो गया। देहरादून में सरकारी सेवारत देवेंद्र सिंह बुधवार को ही अपने गांव खांड्यूसैंण पहुंचे। उन्होंने बताया कि बुधवार शाम से जंगल में आग धधक रही है। फायर ब्रिगेड और वन विभाग को फोन कर आग के बारे में सूचना दी गई लेकिन कोई भी मौके पर नहीं पहुंचा। तब उन्होंने ग्राम प्रहरी योगंबर सिंह की मदद से स्वयं ही जंगल को आग से बचाने का बीड़ा उठाया। देवेंद्र ने बताया कि बुधवार देर शाम वे दोनों आग बुझाने में जुट गए लेकिन हवा तेज होने से आग पर काबू नहीं पाया जा सका। बृहस्पतिवार की सुबह दोनों ने जंगल में छोटी-छोटी फायर लाइन खींचकर आग को बुझाना भी शुरू किया और वे आग पर काबू पाने में सफल हो गए।


अब आई जन जागरूकता की याद
श्रीनगर। जब जंगल जल कर खाक हो गए तो विभाग को जंगलों को आग से बचाने के लिए जन जागरूकता अभियान चलाने की याद आई। वन विभाग अब विद्यालयों व सार्वजनिक स्थलों पर नुक्कड़ नाटकों से जन जागरूकता अभियान चला रहा है। फरवरी माह से अलकनंदा घाटी के जंगल आग से सुलगने शुरू हो गए थे। मई में सैकड़ों हेक्टेयर वन भूमि की संपदा जलकर खाक हो गई।  सिविल सोयम श्रीनगर रेंज के वन क्षेत्राधिकारी राजेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि उनके क्षेत्र में करीब 27 हेक्टेयर वन भूमि आग की चपेट में आई है। कीर्तिनगर सिविल सोयम क्षेत्र में 12 हेक्टेयर वन भूमि आग से तबाह हुई है। जबकि मणिकनाथ रेंज के अधिकांश वन जलकर राख हो गए है। रेंज अधिकारी खुशाल सिंह रावत ने बताया कि 19.5 हेक्टेयर वन भूमि को आग से नुकसान हुआ है। स्थानीय निवासी बीर सिंह ने कहा कि विभाग एनजीओ के साथ मिलकर बजट को ठिकाने लगाने की साजिश कर रहे हैं।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed