{"_id":"57447efc4f1c1b642c690a1c","slug":"commerce-department-rage-against-traders","type":"story","status":"publish","title_hn":"वाणिज्य कर विभाग के खिलाफ व्यापारियों में रोष","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वाणिज्य कर विभाग के खिलाफ व्यापारियों में रोष
ब्यूरो/अमर उजाला, कोटद्वार।
Updated Tue, 24 May 2016 09:49 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नगर उद्योग व्यापार मंडल की बैठक में वाणिज्य कर विभाग द्वारा कर निर्धारण के लिए जटिलताएं अपनाए जाने का विरोध किया गया। व्यापारियों ने ध्वनिमत से विभाग की कार्यप्रणाली का विरोध करने का निर्णय लिया। इसके तहत 25 मई को वाणिज्यकर विभाग कार्यालय के समक्ष कोटद्वार के सभी व्यापारी धरना प्रदर्शन करेंगे।
विज्ञापन
मंगलवार को व्यापार मंडल सभागार में आयोजित बैठक में व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष सेवक राम मानूजा ने व्यापार कर के नए नियमों को काला कानून बताया। कहा कि वाणिज्य कर विभाग द्वारा कर निर्धारण के लिए बार-बार संशोधनों, कर जटिलीकरण से व्यापारियों का शोषण हो रहा है। कर अधिकारियों को असीमित अधिकार दिए जाने के कारण व्यापारियों पर हावी होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि इस कानून के विरोध में प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के नेतृत्व में व्यापार कर कार्यालय में धरना प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने सरकार से इस व्यापारियों के विरोधी इस कानून को अविलंब वापस किए जाने और कर निर्धारण के लिए बने व्यापारी फोरम में आपसी सहमति से नियमों में बदलाव कर लागू किए जाने की मांग की।
विज्ञापन
इस अवसर पर व्यापार मंडल के संरक्षक लक्ष्मी नारायण चावला, अध्यक्ष राकेश गर्ग, महासचिव लाजपत राय भाटिया, राजेश त्रिपाठी, अजय अग्रवाल, संजय मित्तल, श्रीकृष्ण सिंघानिया, रमेश सिंघल, प्रीतम भाटिया, आनंद गुप्ता और मनोज अग्रवाल आदि थे।
विज्ञापन