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Kotdwar News: रास्ते में खुली छोड़ दी पेयजल पाइप लाइन, दुर्घटना का डर
Tue, 18 Nov 2025 10:35 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Tue, 18 Nov 2025 10:35 PM IST
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रास्ते में खुली छोड़ दी पेयजल पाइप लाइन, दुर्घटना का डर
डेढ़ साल बाद भी नहीं हुआ पाइप लाइन बिछाने का काम, डीएम से की शिकायत
कोटद्वार। दुगड्डा ब्लॉक की ग्राम पंचायत जुवा में जल जीवन मिशन के तहत पेयजल लाइन बिछाने का काम डेढ़ साल बाद भी पूरा नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कार्यदायी संस्था ने गांव के रास्तों में बिछाई गई पाइप लाइन को भूमिगत करने के बजाय खुला छोड़ दिया, जिससे आवाजाही में दिक्कतें और दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
जितेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह नेगी, मातवर सिंह नेगी, मंगल सिंह नेगी, तीरथ सिंह रावत, गोपाल सिंह रावत, कुलदीप सिंह रावत सहित ग्रामीणों ने बताया कि पेयजल निगम पिछले डेढ़ साल से काम कर रहा है, लेकिन गांव में लगभग 75 फीसदी पाइप लाइन अभी भी खुली पड़ी है। कई बार अनुरोध के बाद भी संस्था ने पाइपों को ठीक से नहीं दबाया और अब मिट्टी में सीमेंट मिलाकर उन्हें दबाने की कोशिश की जा रही है, जिससे रास्तों की स्थिति और खराब हो गई है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि संस्था ने पहले से बिछी एक इंच व्यास की पुरानी पेयजल लाइन को उखाड़कर नुकसान पहुंचाया है। ग्रामीणों ने मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए डीएम पौड़ी को शिकायत भेजी है।
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डेढ़ साल बाद भी नहीं हुआ पाइप लाइन बिछाने का काम, डीएम से की शिकायत
कोटद्वार। दुगड्डा ब्लॉक की ग्राम पंचायत जुवा में जल जीवन मिशन के तहत पेयजल लाइन बिछाने का काम डेढ़ साल बाद भी पूरा नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कार्यदायी संस्था ने गांव के रास्तों में बिछाई गई पाइप लाइन को भूमिगत करने के बजाय खुला छोड़ दिया, जिससे आवाजाही में दिक्कतें और दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
जितेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह नेगी, मातवर सिंह नेगी, मंगल सिंह नेगी, तीरथ सिंह रावत, गोपाल सिंह रावत, कुलदीप सिंह रावत सहित ग्रामीणों ने बताया कि पेयजल निगम पिछले डेढ़ साल से काम कर रहा है, लेकिन गांव में लगभग 75 फीसदी पाइप लाइन अभी भी खुली पड़ी है। कई बार अनुरोध के बाद भी संस्था ने पाइपों को ठीक से नहीं दबाया और अब मिट्टी में सीमेंट मिलाकर उन्हें दबाने की कोशिश की जा रही है, जिससे रास्तों की स्थिति और खराब हो गई है।
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ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि संस्था ने पहले से बिछी एक इंच व्यास की पुरानी पेयजल लाइन को उखाड़कर नुकसान पहुंचाया है। ग्रामीणों ने मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए डीएम पौड़ी को शिकायत भेजी है।
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