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घटना के दिन ही मर गई थी संवेदना
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पौड़ी। जनपद की कफोलस्यूं पट्टी के पल्ली गांव की छात्रा नेहा जिंदा जलाए जाने के बाद आधे घंटे से भी ज्यादा समय तक तड़पती रही। घटना के 22 मिनट बाद 108 सेवा पहुंची, लेकिन इस दौरान उसकी मदद के लिए कोई आगे नहीं आया। हालांकि जब 108 सेवा पहुंची, उस समय घटनास्थल पर एक कार व कुछ लोग खड़े भी थे। इससे लगता है कि हमारी संवेदना उसी दिन मर गई थी।
छात्रा नेहा को 16 दिसंबर की शाम गहड़ गांव निवासी मनोज सिंह उर्फ बंटी ने पेट्रोल डालकर जिंदा आग के हवाले कर दिया था। 108 सेवा के अनुसार किसी ग्रामीण ने 5.16 बजे छात्रा के जले होने की सूचना दी। 108 सेवा 5.38 पर घटना स्थल पर पहुंची। वहां करीब 10 मिनट छात्रा का उपचार कर उसे एंबुलेंस में रखा गया। 108 कर्मियों ने एंबुलेंस में लगातार उसके प्राथमिक उपचार को जारी रखा। 6.10 बजे पीड़ित छात्रा को जिला चिकित्सालय पौड़ी में भर्ती कराया गया। इस दौरान घटना व 108 सेवा के घटनास्थल पर पहुंचने के बीच आधे घंटे से भी ज्यादा समय में किसी ने भी तड़पती छात्रा अस्पताल पहुंचाने की जहमत नहीं उठाई। 108 सेवा के जिला समन्वयक आशीष नेगी ने बताया कि किसी ग्रामीण की सूचना पर 108 सेवा तत्काल पौड़ी से रवाना हो गई थी। उन्होंने कहा कि एंबुलेंस में स्वास्थ्य कर्मियों ने पीड़ित छात्रा के उपचार में हरसंभव मदद की।
दुख की इस घड़ी में हम सब पीड़ित परिवार के साथ हैं। आरोपी को कड़ी कानूनी सजा जल्द से जल्द दिलाए जाने के लिए मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाया जाना चाहिए।
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-कामेश्वर राणा, जिलाध्यक्ष, कांग्रेस कमेटी पौड़ी।
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छात्रा नेहा को 16 दिसंबर की शाम गहड़ गांव निवासी मनोज सिंह उर्फ बंटी ने पेट्रोल डालकर जिंदा आग के हवाले कर दिया था। 108 सेवा के अनुसार किसी ग्रामीण ने 5.16 बजे छात्रा के जले होने की सूचना दी। 108 सेवा 5.38 पर घटना स्थल पर पहुंची। वहां करीब 10 मिनट छात्रा का उपचार कर उसे एंबुलेंस में रखा गया। 108 कर्मियों ने एंबुलेंस में लगातार उसके प्राथमिक उपचार को जारी रखा। 6.10 बजे पीड़ित छात्रा को जिला चिकित्सालय पौड़ी में भर्ती कराया गया। इस दौरान घटना व 108 सेवा के घटनास्थल पर पहुंचने के बीच आधे घंटे से भी ज्यादा समय में किसी ने भी तड़पती छात्रा अस्पताल पहुंचाने की जहमत नहीं उठाई। 108 सेवा के जिला समन्वयक आशीष नेगी ने बताया कि किसी ग्रामीण की सूचना पर 108 सेवा तत्काल पौड़ी से रवाना हो गई थी। उन्होंने कहा कि एंबुलेंस में स्वास्थ्य कर्मियों ने पीड़ित छात्रा के उपचार में हरसंभव मदद की।
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दुख की इस घड़ी में हम सब पीड़ित परिवार के साथ हैं। आरोपी को कड़ी कानूनी सजा जल्द से जल्द दिलाए जाने के लिए मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाया जाना चाहिए।
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-कामेश्वर राणा, जिलाध्यक्ष, कांग्रेस कमेटी पौड़ी।