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आधार लिंक न होने पर अप्रैल से नहीं मिलेगा राशन
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत
Updated Wed, 22 Mar 2017 10:05 PM IST
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आधार लिंक न होने पर अप्रैल से नहीं मिलेगा राशन
- फोटो : अमर उजाला
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खाद्य एवं आपूर्ति सचिव आनंद बर्धन ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से राशनकार्डों के आधार लिंक कार्य की समीक्षा की। उन्होंने राज्य के सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि आधार लिंक न होने पर अप्रैल से संबंधित राशनकार्ड धारकों को राशन न दिया जाए।
उन्होंने खाद्य आपूर्ति श्रृंखला का बेस गोदाम से लेकर जिले के आंतरिक गोदामों तक परिवहन, संचरण तथा वितरण में और अधिक पारदर्शिता लाने के लिए आधुनिक उपकरणों का उपयोग करते हुए स्वचालन (ऑटोमेटिक) मोड में कार्य करने की व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने बताया कि राशन का परिवहन (ढुलान) ट्रैकिंग सिस्टम के माध्यम से किया जाएगा। उन्होंने राशन कार्डों के साथ आधार कार्ड लिंक करने में हुई त्रुटियों और डुप्लीकेट राशनकार्डों को शीघ्र ही डिलीट करने तथा डिजिटलाइजेशन से लेकर अब तक विभिन्न कार्डों से डिलीट किए गए यूनिटों की संख्या उपलब्ध कराने के निर्देश सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को दिए।
डीएम डॉ.अहमद इकबाल ने बताया कि जिले में 58341 राशनकार्डों का डिजिटलाइजेशन किया गया था जिसके सापेक्ष अब तक 56548 परिवार के मुखिया के आधार को राशनकार्डों के साथ लिंक किया जा चुका है जो कि 96.93 प्रतिशत है। उन्होंने बताया कि डिजिटलाइजेशन में डुप्लीकेट पाए गए राशनकार्डों और यूनिटों को डिलीट किए जाने की कार्रवाई की गई है।
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दिसंबर 2016 से वर्तमान तक जाच में संज्ञान में आए 471 राशन कार्डों और 2332 यूनिटों को निरस्त किया गया है। उन्होंने बताया कि सभी सस्ता गल्ला विक्रेताओं को गोदामों से समय से राशन का उठान कर उपभोक्ताओं में वितरित करने, समय से चालान लगाने तथा सभी उपभोक्ताओं के आधार और मोबाइल नंबर लिस्टेट कर खाद्यान्न गोदामों, ग्राम विकास अधिकारियों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस मौके में मुख्य विकास अधिकारी एचजी भट्ट, जिला पूर्ति अधिकारी श्याम आर्या आदि मौजूद रहे।
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उन्होंने खाद्य आपूर्ति श्रृंखला का बेस गोदाम से लेकर जिले के आंतरिक गोदामों तक परिवहन, संचरण तथा वितरण में और अधिक पारदर्शिता लाने के लिए आधुनिक उपकरणों का उपयोग करते हुए स्वचालन (ऑटोमेटिक) मोड में कार्य करने की व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने बताया कि राशन का परिवहन (ढुलान) ट्रैकिंग सिस्टम के माध्यम से किया जाएगा। उन्होंने राशन कार्डों के साथ आधार कार्ड लिंक करने में हुई त्रुटियों और डुप्लीकेट राशनकार्डों को शीघ्र ही डिलीट करने तथा डिजिटलाइजेशन से लेकर अब तक विभिन्न कार्डों से डिलीट किए गए यूनिटों की संख्या उपलब्ध कराने के निर्देश सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को दिए।
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डीएम डॉ.अहमद इकबाल ने बताया कि जिले में 58341 राशनकार्डों का डिजिटलाइजेशन किया गया था जिसके सापेक्ष अब तक 56548 परिवार के मुखिया के आधार को राशनकार्डों के साथ लिंक किया जा चुका है जो कि 96.93 प्रतिशत है। उन्होंने बताया कि डिजिटलाइजेशन में डुप्लीकेट पाए गए राशनकार्डों और यूनिटों को डिलीट किए जाने की कार्रवाई की गई है।
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दिसंबर 2016 से वर्तमान तक जाच में संज्ञान में आए 471 राशन कार्डों और 2332 यूनिटों को निरस्त किया गया है। उन्होंने बताया कि सभी सस्ता गल्ला विक्रेताओं को गोदामों से समय से राशन का उठान कर उपभोक्ताओं में वितरित करने, समय से चालान लगाने तथा सभी उपभोक्ताओं के आधार और मोबाइल नंबर लिस्टेट कर खाद्यान्न गोदामों, ग्राम विकास अधिकारियों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस मौके में मुख्य विकास अधिकारी एचजी भट्ट, जिला पूर्ति अधिकारी श्याम आर्या आदि मौजूद रहे।