{"_id":"57af41b94f1c1b502dee4561","slug":"police-do-not-patrol","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस की गश्त नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुलिस की गश्त नहीं
योगेश जोशी/अमर उजाला, चंपावत
Updated Sat, 13 Aug 2016 09:20 PM IST
विज्ञापन
पुलिस की गश्त नहीं
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आधी रात करीब आने को थी, बमुश्किल 40 मिनट बचे थे। मुख्यालय की सड़कों पर सन्नाटा था। आजादी की सालगिरह से दो दिन पहले हिफाजत के इंतजामों को लेकर कितनी गंभीरता है? इसके लिए अमर उजाला की टीम शुक्रवार रात सुरक्षा के हालत का जायजा लेने निकली। पुलिस की गश्त का कहीं नामोनिशान नहीं था। इक्का-दुक्का वाहनों के अलावा कुछ भी नजर नहीं आया।
गोरलचौड़ से जीआईसी चौक तक नगर में लगे अधिकांश एटीएम की सुरक्षा भगवान भरोसे थी। गोरलचौड़ रोड पर एसबीआई, खड़ी बाजार के पीएनबी और शांत बाजार के आईडीबीआई, एसबीआई और सेंट्रल बैंक के एटीएम में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं थे। मोटर स्टेशन पर बनी पुलिस की गुमटी में ताला लटका था। ये हाल तब है, जबकि 15 अगस्त को लेकर हर जगह सुरक्षा व्यवस्था चौकस करने के दावे किए जा रहे हैं।
पुलिस की रात आमतौर पर ग्यारह बजे बाद शुरू होकर सुबह चार बजे तक होती है। इसके लिए पुलिस वाहन के अलावा पैदल पुलिस कर्मी भी लगाए जाते हैं। अलबत्ता कभी-कभार फोर्स की कमी से इसमें छिटपुट बदलाव किया जाता है। कोतवाली और बाजार चौकी को नियमित गश्त करने को कहा गया है। -दिलीप सिंह कुंवर, पुलिस अधीक्षक, चंपावत।
विज्ञापन
विज्ञापन
गोरलचौड़ से जीआईसी चौक तक नगर में लगे अधिकांश एटीएम की सुरक्षा भगवान भरोसे थी। गोरलचौड़ रोड पर एसबीआई, खड़ी बाजार के पीएनबी और शांत बाजार के आईडीबीआई, एसबीआई और सेंट्रल बैंक के एटीएम में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं थे। मोटर स्टेशन पर बनी पुलिस की गुमटी में ताला लटका था। ये हाल तब है, जबकि 15 अगस्त को लेकर हर जगह सुरक्षा व्यवस्था चौकस करने के दावे किए जा रहे हैं।
विज्ञापन
पुलिस की रात आमतौर पर ग्यारह बजे बाद शुरू होकर सुबह चार बजे तक होती है। इसके लिए पुलिस वाहन के अलावा पैदल पुलिस कर्मी भी लगाए जाते हैं। अलबत्ता कभी-कभार फोर्स की कमी से इसमें छिटपुट बदलाव किया जाता है। कोतवाली और बाजार चौकी को नियमित गश्त करने को कहा गया है। -दिलीप सिंह कुंवर, पुलिस अधीक्षक, चंपावत।
विज्ञापन