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रायनगर चौड़ी में पेयजल समस्या थम नहीं रही
ब्यूरो/अमर उजाला, लोहाघाट (चंपावत)
Updated Wed, 15 Mar 2017 10:25 PM IST
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शहर से लगी ग्राम पंचायत रायनगर चौड़ी में पेयजल समस्या थम नहीं रही है। पेयजल किल्लत के चलते परेशान ग्रामीणों ने मंगलवार को जल संस्थान में अभियंता का घेराव किया था। इसके बाद जल संस्थान के अवर अभियंता पवन बिष्ट ने ग्रामीणों को साथ लेकर बुधवार को पेयजल आपूर्ति करने के लिए बनाए गए दो टैंकों का मुआयना किया।
अभियंता का कहना है कि बनगांव पेयजल योजना के पानी को एकत्र करने के लिए बने 15 हजार लीटर की क्षमता वाले टैंक में 24 घंटे में 13 हजार लीटर पानी मिल रहा है। वहीं बलाई योजना के पानी को एकत्र करने के लिए बने 25 हजार लीटर की क्षमता वाले टैंक से 24 घंटे में मात्र 15 हजार लीटर पानी मिला। अभियंता ने बताया कि बलाई पेयजल योजना में पानी की आपूर्ति कम होने से जल संस्थान कर्मियों को मूल स्रोत में भेजा गया है, जो स्रोत और पाइप लाइन की स्थिति का जायजा लेंगे। बलाई पेयजल योजना का स्रोत गांव से करीब छह किलोमीटर पैदल दूरी पर है। जल संस्थान की टीम बृहस्पतिवार को रिपोर्ट देगी। बलाई पेयजल योजना के जल स्रोत में कमी आने पर रोस्टर बनाकर गांव में पेयजल की आपूर्ति की जाएगी।
अभियंता ने बताया कि बुधवार को बनगांव पेयजल योजना में जलापूर्ति की गई, जबकि बलाई पेयजल योजना में पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं होने के कारण जलापूर्ति नहीं की गई। उनका कहना है कि गांव में पेयजल व्यवस्था सुचारु करने के लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने ग्रामीणों से व्यवस्था बनाने में सहयोग की अपील की है।
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अभियंता का कहना है कि बनगांव पेयजल योजना के पानी को एकत्र करने के लिए बने 15 हजार लीटर की क्षमता वाले टैंक में 24 घंटे में 13 हजार लीटर पानी मिल रहा है। वहीं बलाई योजना के पानी को एकत्र करने के लिए बने 25 हजार लीटर की क्षमता वाले टैंक से 24 घंटे में मात्र 15 हजार लीटर पानी मिला। अभियंता ने बताया कि बलाई पेयजल योजना में पानी की आपूर्ति कम होने से जल संस्थान कर्मियों को मूल स्रोत में भेजा गया है, जो स्रोत और पाइप लाइन की स्थिति का जायजा लेंगे। बलाई पेयजल योजना का स्रोत गांव से करीब छह किलोमीटर पैदल दूरी पर है। जल संस्थान की टीम बृहस्पतिवार को रिपोर्ट देगी। बलाई पेयजल योजना के जल स्रोत में कमी आने पर रोस्टर बनाकर गांव में पेयजल की आपूर्ति की जाएगी।
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अभियंता ने बताया कि बुधवार को बनगांव पेयजल योजना में जलापूर्ति की गई, जबकि बलाई पेयजल योजना में पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं होने के कारण जलापूर्ति नहीं की गई। उनका कहना है कि गांव में पेयजल व्यवस्था सुचारु करने के लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने ग्रामीणों से व्यवस्था बनाने में सहयोग की अपील की है।
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