फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   निर्विरोध विजयी प्रत्याशियों को भी देना होगा खर्च का ब्यौरा

निर्विरोध विजयी प्रत्याशियों को भी देना होगा खर्च का ब्यौरा

Thu, 25 Oct 2018 10:37 PM IST
Updated Thu, 25 Oct 2018 10:37 PM IST
विज्ञापन
निर्विरोध विजयी प्रत्याशियों को भी देना होगा खर्च का ब्यौरा
चंपावत। नगर निकाय चुनाव में पहली बार निर्विरोध चुने जाने वाले उम्मीदवारों को भी चुनावी खर्च का हिसाब-किताब जमा कराना होगा। इस बार चंपावत जिले की चार नगर निकायों में सदस्य पद के पांच उम्मीदवारों का निर्विरोध चुना जाना तय है। पिछले चुनाव तक निर्विरोध चुने जाने वाले प्रत्याशियों को खर्च का ब्योरा जमा नहीं कराना होता था।
विज्ञापन


सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी सुरेश बेनी का कहना है कि राज्य निर्वाचन आयोग ने 13 अप्रैल 2017 में एक आदेश जारी कर प्रत्येक प्रत्याशी के लिए खर्च का ब्योरा देना जरूरी किया है। खर्च का ब्योरा जमा नहीं कराने वाले निर्विरोध प्रत्याशियों को छह वर्ष तक चुनाव लड़ने के लिए प्रतिबंधित किया जा सकता है। नगर निकाय चुनावों के नतीजे घोषित होने के 30 दिन के भीतर खर्च का ब्योरा देना अनिवार्य है।
विज्ञापन


मौजूदा नगर निकाय चुनाव में चंपावत नगर पालिका के छतार वार्ड से लोकेश पुनेठा, जूप से कलावती देवी और भैरवां वार्ड नंदन तड़ागी और लोहाघाट नगर पंचायत के लोहावती वार्ड से बीना कनौजिया और ठाड़ाढुंगा वार्ड मीना ढेक का निर्विरोध निर्वाचन तय है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पूर्व में प्रतिबंधित किए जा चुके हैं 32 प्रत्याशी
चंपावत जिले में 2013 मेें हुए नगर निकाय चुनाव लड़ चुके 32 उम्मीदवारों को अनर्ह (अयोग्य) घोषित किया गया था। नतीजा घोषित होने के 30 दिनों के भीतर चुनावी खर्च जमा नहीं कराने पर जिला निर्वाचन अधिकारी की संस्तुति पर राज्य निर्वाचन आयोग ने 2014 में ये आदेश जारी किया था। टनकपुर नगर पालिका की अध्यक्ष पद की प्रत्याशी प्रतिभा अग्रवाल के अलावा 20 सदस्य, चंपावत नगर पालिका के सदस्य पद के आठ प्रत्याशी और लोहाघाट नगर पंचायत के सदस्य पद के तीन प्रत्याशी छह साल तक चुनाव लड़ने को अयोग्य घोषित किए जा चुके हैं।


ये है खर्च की अधिकतम सीमा:
नगर पालिका अध्यक्ष : चंपावत में 4 लाख रुपये (10 वार्ड तक), टनकपुर में 6 लाख रुपये (10 वार्ड से अधिक)।
पालिका सदस्य: 60 हजार रुपये तक।
नगर पंचायत अध्यक्ष : दो लाख रुपये तक।
पंचायत सदस्य :30 हजार रुपये तक।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed