{"_id":"64a073ff60038d00b0083594","slug":"youth-activities-done-bageshwar-news-c-232-1-alm1002-97-2023-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bageshwar News: यहां खेल मैदान ही नहीं फिर कैसे मिलेंगे खिलाड़ी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bageshwar News: यहां खेल मैदान ही नहीं फिर कैसे मिलेंगे खिलाड़ी
Sun, 02 Jul 2023 12:15 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
Updated Sun, 02 Jul 2023 12:15 AM IST
विज्ञापन
अल्मोड़ा। खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के दावों के बीच कई विद्यालयों में विद्यार्थियों के खेलने के लिए मैदान तक नहीं हैं। नगर के बीच स्थित जीआईसी अल्मोड़ा इसका प्रमाण है। आपदा में क्षतिग्रस्त खेल मैदान के निर्माण के लिए खेलो इंडिया के तहत भेजा गया प्रस्ताव शासन में धूल फांक रहा है, जिससे यहां की खेल प्रतिभाएं मायूस हैं।
जीआईसी को अटल उत्कृष्ट का दर्जा मिलने के बाद भी यहां विद्यार्थियों के लिए सुविधाओं का विस्तार नहीं हो सका है। यहां करीब दस साल पूर्व आई आपदा में एकमात्र खेल मैदान क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके निर्माण के प्रयास अब तक नहीं हुए हैं। गड्ढों में तब्दील से इस मैदान में खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन करना मुश्किल है। युवा कल्याण विभाग की पहल पर छह माह पूर्व खेल मैदान और बहुउद्देशीय भवन निर्माण का प्रस्ताव शासन में भेजा गया था जो अब तक सरकारी फाइलों में सिमटकर रह गया है। ऐसे में खेलो इंडिया योजना की सफलता के दावे हो रहे हैं। संवाद
मिनी स्टेडियम और बहुउद्देशीय भवन के निर्माण के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। स्वीकृति मिलने के बाद ही निर्माण कार्य शुरू होगा। - प्रशांत कुमार चौहान, युवा कल्याण अधिकारी, अल्मोड़ा।
विज्ञापन
विज्ञापन
जीआईसी को अटल उत्कृष्ट का दर्जा मिलने के बाद भी यहां विद्यार्थियों के लिए सुविधाओं का विस्तार नहीं हो सका है। यहां करीब दस साल पूर्व आई आपदा में एकमात्र खेल मैदान क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके निर्माण के प्रयास अब तक नहीं हुए हैं। गड्ढों में तब्दील से इस मैदान में खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन करना मुश्किल है। युवा कल्याण विभाग की पहल पर छह माह पूर्व खेल मैदान और बहुउद्देशीय भवन निर्माण का प्रस्ताव शासन में भेजा गया था जो अब तक सरकारी फाइलों में सिमटकर रह गया है। ऐसे में खेलो इंडिया योजना की सफलता के दावे हो रहे हैं। संवाद
विज्ञापन
मिनी स्टेडियम और बहुउद्देशीय भवन के निर्माण के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। स्वीकृति मिलने के बाद ही निर्माण कार्य शुरू होगा। - प्रशांत कुमार चौहान, युवा कल्याण अधिकारी, अल्मोड़ा।
विज्ञापन