{"_id":"62586d3d98862953cc2c946b","slug":"a-road-needs-hotmix-bageshwar-news-hld4594988103","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूणी-सुकुंडा सड़क कब पक्की होगी सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूणी-सुकुंडा सड़क कब पक्की होगी सरकार
विज्ञापन
मिट्टी से सनी कपकोट की दूणी-सुकुंडा सड़क। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : BAGESHWAR
कपकोट (बागेश्वर)। सरकारी मशीनरी के काम की गति देखनी हो तो कपकोट की दूणी-सुकुंडा रोड इसका शानदार उदाहरण है। सात साल में भी इसके ढाई किमी हिस्से में भी डामर हो पाया है। मिट्टी, गड्ढों से पटी सड़क हादसों को दावत दे रही है।
दूणी-सुकुंडा मोटर मार्ग का निर्माण सात साल पहले हो गया था। लोगों को उम्मीद थी कि जल्दी ही कच्ची सड़क पक्की होगी। क्षेत्र के लोगों को सुगम यातायात की सुविधा मिलेगी, लेकिन विभागीय उदासीनता ही कही जाएगी कि सड़क आज तक कच्ची है। सड़क पर जगह-जगह मिट्टी के ढेर जमा हैं। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे पड़ गए हैं। थोड़ी सी बारिश में सड़क कीचड़ से सन जाती है। सामाजिक कार्यकर्ता महिमन सिंह कपकोटी ने बताया कि बरसात में कई महीने तक सड़क बंद रहती है। सड़क पर डामरीकरण करने की मांग लंबे समय से की जा रही है लेकिन इस ओर विभाग ध्यान नहीं दे रहा है। इलाके की जनता डामरीकरण की मांग को लेकर आंदोलन की तैयारी कर रही है।
सात साल बाद भी सड़क पर डामर न होना सरकार, जनप्रतिनिधियों और विभाग की लापरवाही को दर्शाता है। लोग परेशान हैं। सड़क पर डामरीकरण होना चाहिए।
विनोद सिंह कपकोटी स्थानीय निवासी
सड़क बनने के बाद भी लोगों को सड़क का पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। सड़क पर वाहन चलाने में जोखिम है। हादसे का खतरा बना रहता है।
गोकुल कपकोटी स्थानीय निवासी
सरकार ने सड़क बनवाई है, सड़क को सुविधाजनक भी बनाया जाना चाहिेेए। सड़क खड़ंजे जैसी हो गई है। बरसात में सड़क बंद रहती है।
प्रवीन कपकोटी
दूणी-सुकुंडा सड़क ढाई किमी हिस्से में कच्ची है। बजट की कमी से सड़क पर डामरीकरण नहीं हो सका है। डामरीकरण का प्रस्ताव बनाया जा रहा है।
एसके पांडेय ईई लोनिवि कपकोट डिवीजन
विज्ञापन
दूणी-सुकुंडा मोटर मार्ग का निर्माण सात साल पहले हो गया था। लोगों को उम्मीद थी कि जल्दी ही कच्ची सड़क पक्की होगी। क्षेत्र के लोगों को सुगम यातायात की सुविधा मिलेगी, लेकिन विभागीय उदासीनता ही कही जाएगी कि सड़क आज तक कच्ची है। सड़क पर जगह-जगह मिट्टी के ढेर जमा हैं। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे पड़ गए हैं। थोड़ी सी बारिश में सड़क कीचड़ से सन जाती है। सामाजिक कार्यकर्ता महिमन सिंह कपकोटी ने बताया कि बरसात में कई महीने तक सड़क बंद रहती है। सड़क पर डामरीकरण करने की मांग लंबे समय से की जा रही है लेकिन इस ओर विभाग ध्यान नहीं दे रहा है। इलाके की जनता डामरीकरण की मांग को लेकर आंदोलन की तैयारी कर रही है।
विज्ञापन
सात साल बाद भी सड़क पर डामर न होना सरकार, जनप्रतिनिधियों और विभाग की लापरवाही को दर्शाता है। लोग परेशान हैं। सड़क पर डामरीकरण होना चाहिए।
विनोद सिंह कपकोटी स्थानीय निवासी
सड़क बनने के बाद भी लोगों को सड़क का पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। सड़क पर वाहन चलाने में जोखिम है। हादसे का खतरा बना रहता है।
गोकुल कपकोटी स्थानीय निवासी
सरकार ने सड़क बनवाई है, सड़क को सुविधाजनक भी बनाया जाना चाहिेेए। सड़क खड़ंजे जैसी हो गई है। बरसात में सड़क बंद रहती है।
प्रवीन कपकोटी
दूणी-सुकुंडा सड़क ढाई किमी हिस्से में कच्ची है। बजट की कमी से सड़क पर डामरीकरण नहीं हो सका है। डामरीकरण का प्रस्ताव बनाया जा रहा है।
एसके पांडेय ईई लोनिवि कपकोट डिवीजन