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रामपुर-भनोटिया पेयजल योजना को लेकर प्रधानों का ब्लाक मुख्यालय में धरना, प्रदर्शन
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चौखुटिया में रामपुर-भनोटिया पेयजल योजना को लेकर ब्लाक कार्यालय परिसर में धरना देते ग्राम प्रधान
- फोटो : ALMORA
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चौखुटिया (अल्मोड़ा)। रामपुर-भनोटिया पेयजल योजना में हो रही पेयजल किल्लत से परेशान क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने नागाड़ के प्रधान दिनेश सिंह मनराल की अगुवाई में ब्लॉक कार्यालय में सांकेतिक धरना दिया। प्रधानों ने ऐलान किया कि यदि योजना की मरम्मत कर पेयजल आपूर्ति सुचारु नहीं की गई तो आंदोलन करेंगे।
2008 में करीब नौ करोड़ रुपये की लागत से बनाई गई रामपुर-भनोटिया पेयजल योजना ठीक से काम नहीं कर रही है। प्रधानों का आरोप है कि योजना को धरातल पर आते-आते इसकी लागत 27 करोड़ तक पहुंच गई। इस योजना से 13 ग्राम पंचायतों के करीब 33 गांव जुड़े हैं। सही रखरखाव व मरम्मत न होने से आए दिन पेयजल की किल्लत बनी रहती है। आरोप है कि पेयजल निगम के अधिकारी इसके रखरखाव में बजट की कमी का रोना रोते हैं। प्रदर्शन में प्रधान संगठन अध्यक्ष पवन पांडे, हीरासिंह नेगी, किशोर शर्मा, कमला बिष्ट, बीरेंद्र रावत, जानकी देवी, गिरधर पांडे, गोपाल गिरी आदि थे।
जल जीवन मिशन से और बड़ी परेशानी
चौखुटिया(अल्मोड़ा)। ग्राम प्रधानों का कहना है कि पेयजल योजना में पहले ही पेयजल की आपूर्ति नहीं हो पा रही थी अब योजना के जल जीवन मिशन से जुड़ने से और भी स्थिति खराब हो गई है। योजना में पहले के अनुपात में आठ गुना संयोजन बढ़ा दिए गए हैं लेकिन पर्याप्त पेयजल नहीं है। इससे ग्राम स्तर पर आए दिन विवाद हो रहे हैं। प्रधानों का कहना है कि जब योजना का पहले ही चरण में यह हाल है तो आगे और गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
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रामपुर- भनोटिया पेयजल योजना को लेकर चौखुटिया ब्लाक मुख्यालय में धरने के दौरान नारेबाजी करते प्रधान आदि।(फोटो 02 एएलएमसीएचके01पी)(फोटो02 एएलएमसीएचके02पी)
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2008 में करीब नौ करोड़ रुपये की लागत से बनाई गई रामपुर-भनोटिया पेयजल योजना ठीक से काम नहीं कर रही है। प्रधानों का आरोप है कि योजना को धरातल पर आते-आते इसकी लागत 27 करोड़ तक पहुंच गई। इस योजना से 13 ग्राम पंचायतों के करीब 33 गांव जुड़े हैं। सही रखरखाव व मरम्मत न होने से आए दिन पेयजल की किल्लत बनी रहती है। आरोप है कि पेयजल निगम के अधिकारी इसके रखरखाव में बजट की कमी का रोना रोते हैं। प्रदर्शन में प्रधान संगठन अध्यक्ष पवन पांडे, हीरासिंह नेगी, किशोर शर्मा, कमला बिष्ट, बीरेंद्र रावत, जानकी देवी, गिरधर पांडे, गोपाल गिरी आदि थे।
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जल जीवन मिशन से और बड़ी परेशानी
चौखुटिया(अल्मोड़ा)। ग्राम प्रधानों का कहना है कि पेयजल योजना में पहले ही पेयजल की आपूर्ति नहीं हो पा रही थी अब योजना के जल जीवन मिशन से जुड़ने से और भी स्थिति खराब हो गई है। योजना में पहले के अनुपात में आठ गुना संयोजन बढ़ा दिए गए हैं लेकिन पर्याप्त पेयजल नहीं है। इससे ग्राम स्तर पर आए दिन विवाद हो रहे हैं। प्रधानों का कहना है कि जब योजना का पहले ही चरण में यह हाल है तो आगे और गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
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रामपुर- भनोटिया पेयजल योजना को लेकर चौखुटिया ब्लाक मुख्यालय में धरने के दौरान नारेबाजी करते प्रधान आदि।(फोटो 02 एएलएमसीएचके01पी)(फोटो02 एएलएमसीएचके02पी)