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बर्फवारी और ओलावृष्टि के बाद पड़ रही हाड़कंपाती ठंड
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रानीखेत केमू स्टेशन पर ठंड भगाते गश्ती पुलिस के कर्मी। संवाद
- फोटो : RANIKHET
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अल्मोड़ा/रानीखेत। बर्फबारी के बाद अल्मोड़ा और रानीखेत के तापमान में अचानक गिरावट आई है। हालांकि बृहस्पतिवार को धूप खिलने से लोगों को राहत मिली। धूप खिलने पर लोगों ने घरों के आंगन और अन्य स्थानों पर गुुनगुनी धूप का आनंद लिया।
जिले के ऊंचाई वाले इलाकों में मंगलवार रात इस मौसम का पहला हिमपात हुआ। जिले के बिनसर, शीतलाखेत, धौलछीना, स्याहीदेवी, वृद्ध जागेश्वर सहित कई इलाकों में हिमपात हुआ और निचले इलाकों में अच्छी बारिश होेने से कड़ाके ठंड पड़ रही है। मौसम खराब होने के बाद लोग धूप खिलने का इंतजार कर रहे थे। बृहस्पतिवार को जैसे ही सुबह सूर्यदेव के दर्शन हुए तो लोगों ने राहत की सांस दी। बुजुर्ग लोगों समेत अन्य लोगों ने गुनगुनी धूप का आनंद लिया। इधर सुबह के समय कोहरा और पाला गिरने से तापमान में लगातार गिरावट आ रही है। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 17 और न्यूनतम 04 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इधर, रानीखेत में ऊंचाई वाले पांडवखोली और भटकोट की पहाड़ियों पर बर्फबारी तथा चौबटिया में हुई ओलावृष्टि के बाद पूरे क्षेत्र में शीतलहर ने चिंताएं बढ़ा दी हैं। बृहस्पतिवार को रानीखेत का न्यूनतम तापमान शून्य से तीन डिग्री नीचे चला गया।
हालांकि सुबह आसमान में बादल छाए रहे। दोपहर के वक्त मौसम खुला इसके बाद शीतलहर चलनी शुरू हो गई। कड़ाके की ठंड से लोगों का जीना मुहाल हो चुका है। प्रशासन ने अत्यधिक ठंड को देखते हुए नगर में अलाव जलाने के लिए कुछ अन्य स्थल चयनित कर लिए हैं। नगर में अधिकतम तापमान छह डिग्री तथा न्यूनतम माइनस तीन डिग्री सेंटीग्रेड रिकार्ड किया गया।
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जिले के ऊंचाई वाले इलाकों में मंगलवार रात इस मौसम का पहला हिमपात हुआ। जिले के बिनसर, शीतलाखेत, धौलछीना, स्याहीदेवी, वृद्ध जागेश्वर सहित कई इलाकों में हिमपात हुआ और निचले इलाकों में अच्छी बारिश होेने से कड़ाके ठंड पड़ रही है। मौसम खराब होने के बाद लोग धूप खिलने का इंतजार कर रहे थे। बृहस्पतिवार को जैसे ही सुबह सूर्यदेव के दर्शन हुए तो लोगों ने राहत की सांस दी। बुजुर्ग लोगों समेत अन्य लोगों ने गुनगुनी धूप का आनंद लिया। इधर सुबह के समय कोहरा और पाला गिरने से तापमान में लगातार गिरावट आ रही है। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 17 और न्यूनतम 04 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इधर, रानीखेत में ऊंचाई वाले पांडवखोली और भटकोट की पहाड़ियों पर बर्फबारी तथा चौबटिया में हुई ओलावृष्टि के बाद पूरे क्षेत्र में शीतलहर ने चिंताएं बढ़ा दी हैं। बृहस्पतिवार को रानीखेत का न्यूनतम तापमान शून्य से तीन डिग्री नीचे चला गया।
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हालांकि सुबह आसमान में बादल छाए रहे। दोपहर के वक्त मौसम खुला इसके बाद शीतलहर चलनी शुरू हो गई। कड़ाके की ठंड से लोगों का जीना मुहाल हो चुका है। प्रशासन ने अत्यधिक ठंड को देखते हुए नगर में अलाव जलाने के लिए कुछ अन्य स्थल चयनित कर लिए हैं। नगर में अधिकतम तापमान छह डिग्री तथा न्यूनतम माइनस तीन डिग्री सेंटीग्रेड रिकार्ड किया गया।
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